IMD Alert : झारखंड पर मौसम का रेड अलर्ट , अगले दो दिनों तक होगी भयंकर बारिश, IMD ने चेताया - जान माल का खतरा
News India Live, Digital Desk: IMD Alert : झारखंड के लोगों के लिए मौसम विभाग (IMD) ने एक बड़ी और गंभीर चेतावनी जारी की है! अगर आप इस राज्य में रहते हैं, तो अब आपको अलर्ट रहने की ज़रूरत है। आज से लेकर 4 अक्टूबर तक, पूरे राज्य में भारी से भारी बारिश (Heavy to Very Heavy Rain) का अनुमान है। इस दौरान, झारखंड के लगभग सभी ज़िलों में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है, वहीं कुछ जगहों पर मूसलाधार बारिश होने की भी आशंका है। IMD का अलर्ट कह रहा है कि लोगों को सतर्क रहना होगा, क्योंकि तेज़ हवाओं के साथ वज्रपात (Lightning) भी हो सकता है।
आखिर क्यों होगी इतनी बारिश? जानिए वजह
मौसम विभाग ने बताया है कि बंगाल की खाड़ी (Bay of Bengal) के पश्चिम-मध्य हिस्से में एक निम्न दबाव क्षेत्र (Low Pressure Area) बन गया है, जिसकी वजह से यह बारिश का सिस्टम सक्रिय हो गया है। समुद्र तल से 9.6 किलोमीटर की ऊंचाई तक फैले इस चक्रवाती परिसंचरण (Cyclonic Circulation) के अगले 12 घंटों में एक गहरे अवदाब (Depression) में बदलने की पूरी संभावना है। यह सिस्टम 3 अक्टूबर की सुबह तक दक्षिण ओडिशा और उत्तरी आंध्र प्रदेश के तटों को पार कर सकता है, जिसके सीधे असर से झारखंड में भी भारी वर्षा की संभावना काफी बढ़ गई है।
किस-किस ज़िले में बरसेगा ज़्यादा पानी?
IMD ने साफ कर दिया है कि किन-किन ज़िलों में ज़्यादा सतर्क रहने की ज़रूरत है:
- 2 अक्टूबर को: पश्चिमी सिंहभूम और सिमडेगा ज़िलों में भारी वर्षा की संभावना है।
- 3 अक्टूबर को: धनबाद, बोकारो, रामगढ़, रांची, लोहरदगा, गुमला, खूंटी, पूर्वी सिंहभूम और सरायकेला-खरसावां ज़िलों में भारी वर्षा देखने को मिल सकती है। वहीं, चतरा, गढ़वा और पलामू जैसे ज़िलों में तो भारी से बहुत भारी वर्षा की आशंका है!
- 4 अक्टूबर को: दुमका, गोड्डा, पाकुड़, साहिबगंज, चतरा, गढ़वा और पलामू ज़िलों में कुछ जगहों पर भारी वर्षा हो सकती है।
IMD का 'ऑरेंज' और 'येलो' अलर्ट: समझें खतरा
मौसम विभाग ने ऑरेंज अलर्ट (Orange Alert) और येलो अलर्ट (Yellow Alert) जारी किए हैं:
- नारंगी चेतावनी (Orange Alert): जिन क्षेत्रों में यह अलर्ट है, वहाँ भूस्खलन (Landslides) होने, बिजली, पानी और परिवहन सेवाओं के बाधित होने, फसलों और पेड़ों को नुकसान पहुँचने, साथ ही जान-माल के नुकसान का भी जोखिम रहता है।
- पीली चेतावनी (Yellow Alert): ऐसे क्षेत्रों में फसलों को मामूली नुकसान और जलजमाव (Waterlogging) होने की आशंका रहती है।
बचाव के लिए क्या करें? मौसम विभाग की खास सलाह
IMD ने लोगों को कुछ खास सावधानियां बरतने की सलाह दी है:
- नदियों में मछली पकड़ने या कैंपिंग करने से बचें।
- कच्चे या छप्पर वाले मकानों को मज़बूत कर लें।
- भूस्खलन या नीची घाटियों वाले इलाकों से तुरंत दूर हट जाएं।
- खड़ी ढलानों के पास घर न बनाएं।
- अपने आसपास की नालियों को साफ रखें ताकि पानी जमा न हो।
- बहते पानी में सावधानी से चलें और ज़मीन की मज़बूती ज़रूर जांच लें।
तो सावधान रहें और इन महत्वपूर्ण मौसम अपडेट पर नज़र बनाए रखें ताकि आप और आपका परिवार सुरक्षित रह सकें।