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May 01 2026 04:52 am

Haryana HTET 2025: 30 और 31 जुलाई को स्कूल रहेंगे बंद, 4 लाख से ज़्यादा अभ्यर्थी देंगे परीक्षा

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News India Live, Digital Desk: Haryana HTET 2025:  हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड (BSEH) ने घोषणा की है कि हरियाणा अध्यापक पात्रता परीक्षा (HTET) 2025 के लिए केंद्र बनाए गए सभी स्कूल 30 और 31 जुलाई को बंद रहेंगे. 30 जुलाई को विशेष रूप से परीक्षा के कारण छुट्टी घोषित की गई है, जबकि 31 जुलाई को राज्य में 'शहीद ऊधम सिंह बलिदान दिवस' के उपलक्ष्य में पहले से ही राजपत्रित अवकाश (Gazetted Holiday) है
बोर्ड ने सभी ज़िला और ब्लॉक शिक्षा अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि वे इस आदेश का पालन सुनिश्चित करें. यह अवकाश केवल उन स्कूलों पर लागू होगा जो HTET परीक्षा केंद्र के रूप में कार्य कर रहे हैं.

HTET 2025: उम्मीदवारों और परीक्षा केंद्रों का ब्यौरा

बोर्ड सचिव डॉ. मुनीश नागपाल ने पुष्टि की कि HTET के लिए सभी तैयारियां अंतिम चरण में हैं.[4] इस वर्ष, 4.05 लाख से अधिक उम्मीदवार इस परीक्षा में शामिल होंगे, जिसके लिए पूरे राज्य में 1,352 केंद्र बनाए गए हैं.[4]
परीक्षा का विस्तृत कार्यक्रम:

लेवल-3 (PGT): यह परीक्षा 30 जुलाई को दोपहर 3:00 बजे से शाम 5:30 बजे तक होगी. इसमें 82,917 उम्मीदवार 280 केंद्रों पर परीक्षा देंगे.

लेवल-2 (TGT): यह परीक्षा 31 जुलाई को सुबह 10:00 बजे से दोपहर 12:30 बजे तक निर्धारित है. इसमें 2,01,518 से अधिक उम्मीदवार 673 केंद्रों पर परीक्षा देंगे.
लेवल-1 (PRT): यह परीक्षा भी 31 जुलाई को दोपहर 3:00 बजे से शाम 5:30 बजे तक होगी. इसमें लगभग 1,20,245 उम्मीदवार 399 परीक्षा केंद्रों पर शामिल होंगे.

निष्पक्षता और सुरक्षा के कड़े इंतज़ाम:

परीक्षा के सुचारू और निष्पक्ष संचालन को सुनिश्चित करने के लिए, विद्यालय शिक्षा निदेशालय ने सभी ज़िला शिक्षा अधिकारियों (DEOs) और ज़िला प्रारंभिक शिक्षा अधिकारियों (DEEOs) को बोर्ड द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का कड़ाई से पालन करने के निर्देश दिए हैं.[3] डॉ. मुनीश नागपाल ने बताया कि सुरक्षा और निगरानी के पुख्ता इंतज़ाम किए गए हैं.[3][4] सभी उम्मीदवारों की एंट्री पॉइंट पर मेटल डिटेक्टर से जांच और बायोमेट्रिक सत्यापन किया जाएगा.[3][4] बोर्ड मुख्यालय स्थित केंद्रीय कमांड और नियंत्रण कक्ष से सभी केंद्रों की CCTV कैमरों के माध्यम से वास्तविक समय में निगरानी की जाएगी.[3][4] अनुचित गतिविधियों का पता लगाने के लिए पहली बार आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) उपकरणों का भी इस्तेमाल किया जाएगा.[4]