सिर्फ 11 रुपये में मिलेगी फिल्म 'मातृभूमि' की टिकट, जानिए किन दर्शकों को मिलेगा यह बंपर डिस्काउंट
बॉलीवुड के 'दबंग' अभिनेता सलमान खान ने अपनी बहुप्रतीक्षित देशभक्ति फिल्म 'मातृभूमि' के ट्रेलर लॉन्च के खास मौके पर दर्शकों के लिए एक अभूतपूर्व घोषणा की है। लंबे समय से इस फिल्म का इंतजार कर रहे सिनेप्रेमियों को जहां एक ओर 4 दिसंबर की रिलीज डेट का तोहफा मिला है, वहीं दूसरी ओर अभिनेता ने टिकट दरों को लेकर एक ऐसा क्रांतिकारी कदम उठाया है जिसने पूरे फिल्म जगत का ध्यान अपनी ओर खींच लिया है। शुक्रवार शाम मुंबई में आयोजित एक भव्य कार्यक्रम के दौरान फिल्म के एक्शन और भावनाओं से लबरेज ट्रेलर का अनावरण किया गया, जहां खुद सलमान खान ने मंच से इस खास पहल की जानकारी दी।
फिल्म उद्योग में आमतौर पर बड़े बजट की फिल्मों के टिकट आसमान छूते हैं, लेकिन सलमान खान ने अपनी इस देशभक्ति से भरपूर फिल्म को समाज के एक खास वर्ग तक पहुंचाने के लिए बेहद प्रतीकात्मक कीमत तय की है। सलमान खान ने साफ किया कि 'मातृभूमि' सिर्फ एक सामान्य कमर्शियल सिनेमा नहीं है, बल्कि यह देश के वीर जवानों के सर्वोच्च बलिदान और मातृभूमि के प्रति उनके अटूट समर्पण की गाथा है, जिसे देश के हर उस व्यक्ति तक पहुंचना चाहिए जिसने देश के बदलते दौर को अपनी आंखों से देखा है।
जानिए किन्हें मिलेगी सिर्फ 11 रुपये में टिकट: बुजुर्ग नागरिकों के लिए भाईजान का खास तोहफा
ट्रेलर लॉन्च के दौरान सलमान खान ने जब यह घोषणा की कि दर्शक 'मातृभूमि' को मात्र 11 रुपये की टिकट पर देख सकेंगे, तो सभागार में मौजूद हर व्यक्ति हैरान रह गया। हालांकि अभिनेता ने इसके साथ ही एक महत्वपूर्ण शर्त को भी स्पष्ट किया। सलमान खान ने बताया कि 11 रुपये की यह विशेष रियायती टिकट दर आम जनता या युवाओं के लिए नहीं, बल्कि देश के वरिष्ठतम नागरिकों के लिए समर्पित है। अभिनेता के आधिकारिक ऐलान के अनुसार, जिन नागरिकों की उम्र 75 वर्ष या उससे अधिक है, वे देश के किसी भी सिनेमाघर में जाकर महज 11 रुपये का भुगतान कर इस फिल्म का आनंद ले सकेंगे।
सलमान खान ने इस फैसले के पीछे की भावना को साझा करते हुए कहा कि हमारे बुजुर्गों ने देश को बनते, संवरते और सीमाओं पर कई ऐतिहासिक चुनौतियों का सामना करते देखा है। 75 वर्ष से अधिक उम्र के नागरिक हमारे समाज की अमूल्य धरोहर हैं, जिन्होंने आजादी के बाद के भारत को अपनी मेहनत से सींचा है। ऐसे वरिष्ठ लोगों को सिनेमाघरों में सम्मानपूर्वक लाना और उन्हें गलवान के वीर सपूतों की अमर कहानी दिखाना ही इस पहल का मुख्य मकसद है। फिल्म निर्माताओं ने इसके लिए देश भर की प्रमुख मल्टीप्लेक्स चेन्स और सिंगल स्क्रीन थिएटर्स के साथ विशेष तकनीकी समन्वय किया है ताकि वैध आयु प्रमाण पत्र दिखाकर वरिष्ठ नागरिक आसानी से यह लाभ ले सकें।
बड़े पर्दे पर पहली बार दिखेगी सलमान खान और चित्रांगदा सिंह की जोड़ी, फैंस में उत्साह
'मातृभूमि' फिल्म का एक और बड़ा और रोचक आकर्षण है इसकी मुख्य स्टारकास्ट और नई ऑन-स्क्रीन जोड़ी। इस फिल्म में सलमान खान के साथ पहली बार बॉलीवुड की बेहद प्रतिभाशाली और खूबसूरत अभिनेत्री चित्रांगदा सिंह मुख्य महिला किरदार में नजर आने वाली हैं। 60 वर्ष के सलमान खान और 50 वर्ष की चित्रांगदा सिंह को पहली बार एक साथ स्क्रीन शेयर करते देखना दर्शकों के लिए एक बिल्कुल नया और परिपक्व सिनेमाई अनुभव साबित होने जा रहा है। ट्रेलर में दोनों के बीच की संजीदा केमिस्ट्री और पारिवारिक जुड़ाव की झलक देखने को मिली है, जिसकी सोशल मीडिया पर जमकर तारीफ हो रही है।
फिल्म जानकारों का मानना है कि पारंपरिक मसाला फिल्मों में अक्सर उम्र के बड़े अंतर वाली जोड़ियों को लेकर होने वाली बहसों के बीच यह कास्टिंग बेहद संतुलित और किरदार की मांग के अनुकूल दिखाई दे रही है। चित्रांगदा सिंह ने फिल्म में कर्नल की धर्मपत्नी का बेहद मजबूत और भावनात्मक किरदार निभाया है, जो सीमा पर तैनात सैनिक के पीछे खड़े परिवार के मूक संघर्ष और साहस को दर्शाती है। दोनों मंझे हुए कलाकारों की यह नई साझेदारी निश्चित रूप से फिल्म की कहानी को एक सशक्त भावनात्मक आधार देती है।
डेढ़ साल बाद रूपहले पर्दे पर वापसी, गलवान के अमर बलिदानी कर्नल संतोष बाबू की भूमिका में सलमान
सलमान खान के फैंस के लिए यह फिल्म इसलिए भी बेहद अहम है क्योंकि वे इसके जरिए करीब डेढ़ साल के लंबे अंतराल के बाद बड़े पर्दे पर मुख्य भूमिका में वापसी कर रहे हैं। इससे पहले वे मार्च 2025 में आई बड़े बजट की फिल्म 'सिकंदर' में नजर आए थे, जिसमें उनके साथ अभिनेत्री रश्मिका मंदाना मुख्य भूमिका में थीं। हालांकि 'सिकंदर' बॉक्स ऑफिस पर उम्मीदों के मुताबिक प्रदर्शन नहीं कर पाई थी और दर्शकों को खास प्रभावित करने में नाकाम रही थी। उस असफलता के बाद सलमान खान ने बेहद संजीदगी से एक ऐसी स्क्रिप्ट का चयन किया जो न केवल उनके स्टारडम के अनुकूल हो, बल्कि कंटेंट के स्तर पर भी राष्ट्रीय भावना को मजबूती से छूती हो।
फिल्म 'मातृभूमि' की कहानी जून 2020 में पूर्वी लद्दाख की बर्फीली गलवान घाटी में भारत और चीन के सैनिकों के बीच हुई ऐतिहासिक और खूनी झड़प पर आधारित है। फिल्म में सलमान खान ने 16 बिहार रेजिमेंट के वीर कमांडिंग ऑफिसर कर्नल बी. संतोष बाबू (महावीर चक्र मरणोपरांत) का अमर किरदार जीवंत किया है। एक्शन फिल्मों के जाने-माने निर्देशक अपूर्व लखिया के निर्देशन में बनी यह फिल्म न केवल शून्य से नीचे के तापमान में भारतीय सेना के अदम्य साहस को दिखाती है, बल्कि कूटनीतिक और सामरिक स्तर पर देश की संप्रभुता की रक्षा के लिए लड़े गए उस अप्रतिम युद्ध की हकीकत को भी परत-दर-परत खोलती है। सलमान खान फिल्म्स के बैनर तले खुद सलमान ने इस फिल्म का निर्माण भी किया है। कई बार रिलीज टलने के बाद अब यह फिल्म 4 दिसंबर को पूरी दुनिया के सिनेमाघरों में एक साथ रिलीज होने के लिए पूरी तरह तैयार है।