दिल्ली धमाके की गूंज अब यूपी तक, मदरसों पर गहराया जांच एजेंसियों का शक
News India Live, Digital Desk: दिल्ली में हुए उस धमाके को शायद आप भूले नहीं होंगे। मामला सिर्फ दिल्ली तक ही सीमित नहीं रहा, बल्कि इसकी आंच अब उत्तर प्रदेश तक पहुंच गई है। जब कोई बड़ी घटना होती है, तो उसके तार अक्सर कई जगहों से जुड़े होते हैं, और इस बार जांच की सुई यूपी के कुछ मदरसों की तरफ घूमी है। आइए जानते हैं कि आखिर मामला क्या है और क्यों एटीएस (ATS) और एनआईए (NIA) की टीमें यूपी का रुख कर रही हैं।
जांच यूपी क्यों पहुंची? (Why Investigation Moved to UP)
शुरुआत में लगा था कि यह मामला स्थानीय हो सकता है, लेकिन जैसे-जैसे जांच आगे बढ़ी, सुरक्षा एजेंसियों को कुछ ऐसे सुराग मिले जो यूपी की तरफ इशारा कर रहे थे। एटीएस (एंटी टेररिज्म स्क्वाड) और एनआईए (नेशनल इन्वेस्टिगेशन एजेंसी) अब संयुक्त रूप से इस एंगल पर काम कर रही हैं। खबर है कि दिल्ली धमाके के पीछे जो लॉजिस्टिक्स या सपोर्ट सिस्टम था, उसके कनेक्शन यूपी के कुछ जिलों, खास तौर पर संभल और अलीगढ़ जैसे इलाकों से मिल सकते हैं।
मदरसों पर नजर और फंडिंग का सवाल (Eye on Madrasas & Funding)
सबसे हैरान करने वाली बात यह है कि जांच अब 'टेरर फंडिंग' की ओर मुड़ गई है। एजेंसियों को शक है कि कुछ मदरसों में आने वाला पैसा, या वहां की कुछ संदिग्ध गतिविधियां, इस साज़िश का हिस्सा हो सकती हैं। यह जांच सिर्फ़ किताबों तक सीमित नहीं है; बल्कि इस बात की गहराई से पड़ताल की जा रही है कि मदरसों को फंड कौन दे रहा है? पैसा कहां से आ रहा है और उसका इस्तेमाल असल में किस काम के लिए हो रहा है?
सख्ती और बड़े एक्शन की तैयारी
सूत्रों की मानें तो एजेंसियों ने पुराने रिकॉर्ड खंगालने शुरू कर दिए हैं। यह देखा जा रहा है कि पिछले कुछ समय में कौन से नए चेहरे वहां आए या कौन गायब हुआ। यूपी पुलिस भी इस मामले में केंद्रीय एजेंसियों का पूरा साथ दे रही है। मतलब साफ़ है, सरकार और प्रशासन इस मामले की तह तक जाना चाहते हैं ताकि देश की सुरक्षा में कोई सेंध न लगा सके।
अगर यह लिंक सच साबित होता है, तो आने वाले दिनों में यूपी में और भी बड़े खुलासे और कार्रवाई देखने को मिल सकती है। यह हम सबके लिए सतर्क रहने का समय है, क्योंकि सुरक्षा एजेंसियां अपना काम कर रही हैं, लेकिन एक जागरूक नागरिक के तौर पर हमें भी अपने आस-पास नज़र रखनी चाहिए।