Digital Security : आपकी एक छोटी सी गलती और बैंक खाता खाली, फेसबुक पर कैसे होता है ये बड़ा फ्रॉड
News India Live, Digital Desk: ऑनलाइन दुनिया में सावधान रहने की बहुत जरूरत है, खासकर जब आप सोशल मीडिया पर हों. आजकल साइबर अपराधी नए-नए तरीके निकाल रहे हैं और हमारी एक छोटी सी गलती उन्हें हमारा बैंक खाता खाली करने का मौका दे देती है. फेसबुक जैसे प्लेटफॉर्म पर रोज़ धोखाधड़ी के मामले सामने आ रहे हैं, और इनमें फँसना बेहद आसान हो गया है.
एक अनजान दोस्ती, और फिर... पूरा खाता साफ!
अक्सर इसकी शुरुआत होती है एक अनजान फ्रेंड रिक्वेस्ट से. आपने बिना ज्यादा सोचे उसे स्वीकार कर लिया. चैट हुई, नंबर शेयर हुए, और फिर आती है एक अश्लील वीडियो कॉल. शायद आप सोचते हैं कि गलती से कॉल आ गई या आप इसे नज़रअंदाज़ कर देते हैं, लेकिन धोखेबाज़ उस कॉल को रिकॉर्ड कर लेता है. फिर वो इसी रिकॉर्डिंग का इस्तेमाल करके आपको ब्लैकमेल करना शुरू कर देता है. पैसे नहीं देने पर वीडियो आपके दोस्तों और परिवारवालों को भेजने की धमकी दी जाती है, और डर के मारे कई लोग उनकी मांगें मानने लगते हैं.
मामला यहीं नहीं रुकता. जब एक बार आप उनके जाल में फंस जाते हैं, तो अपराधी और पैसे ऐंठने की कोशिश करते हैं. कई बार तो वे खुद को साइबर क्राइम पुलिस वाला बताकर सामने आते हैं और मामले को सुलझाने के बहाने आपसे और पैसे मांगते हैं.[1][2] यह जालसाजी इतनी चालाकी से होती है कि पीड़ितों को समझते-समझते देर हो जाती है कि उनके साथ क्या हो गया है, और तब तक वे अपनी मेहनत की कमाई गंवा चुके होते हैं.
ऐसे बचाएं खुद को और अपनी कमाई को:
ऑनलाइन दुनिया में सुरक्षित रहने के लिए कुछ बातें हमेशा याद रखनी चाहिए:
- अनजान फ्रेंड रिक्वेस्ट स्वीकार न करें: चाहे कितनी भी आकर्षक प्रोफाइल हो, अगर आप उस व्यक्ति को नहीं जानते तो उसकी फ्रेंड रिक्वेस्ट स्वीकार न करें.
- निजी जानकारी साझा न करें: अपना फ़ोन नंबर, पता, बैंक अकाउंट डिटेल या कोई भी व्यक्तिगत जानकारी किसी अनजान व्यक्ति के साथ साझा न करें.
- फर्जी कॉल और मैसेज का जवाब न दें: अगर कोई आपको धमकी दे रहा है या अश्लील वीडियो कॉल कर रहा है, तो उसका जवाब देने से बचें. ऐसे कॉल और मैसेज के स्क्रीनशॉट लें ताकि आपके पास सबूत रहें
- OTP किसी को न बताएं: याद रखें, आपका OTP आपके बैंक खाते की चाबी है. इसे कभी किसी के साथ शेयर न करें, चाहे कोई खुद को बैंक अधिकारी ही क्यों न बताए.
- ऑनलाइन भुगतान में सतर्कता: ऑनलाइन कोई भी पेमेंट करने से पहले अच्छी तरह जांच कर लें कि वेबसाइट या ऐप विश्वसनीय है या नहीं.
- साइबर क्राइम को रिपोर्ट करें: अगर आप किसी साइबर फ्रॉड का शिकार हो जाते हैं, तो बिना देर किए स्थानीय पुलिस या साइबर क्राइम हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत करें.
- पासवर्ड बदलते रहें और मजबूत रखें: अपने सोशल मीडिया और बैंकिंग खातों के पासवर्ड समय-समय पर बदलते रहें और हमेशा एक मजबूत पासवर्ड चुनें
इन छोटी-छोटी सावधानियों को अपनाकर आप खुद को ऑनलाइन धोखेबाज़ों के जाल से बचा सकते हैं और अपनी मेहनत की कमाई को सुरक्षित रख सकते हैं.