Cucumber Hacks : बिना चखे कैसे पता करें कि खीरा कड़वा है? अपनाएं ये 5 जादुई ट्रिक्स मिनटों में दूर होगी कड़वाहट
News India Live, Digital Desk: खीरे में कड़वाहट एक खास तत्व 'कुकरबिटासिन' (Cucurbitacin) के कारण होती है। यह तत्व मुख्य रूप से खीरे के छिलके और उसके सिरों (Ends) पर पाया जाता है।
बिना काटे ऐसे पहचानें कड़वा खीरा
रंग और चमक: अगर खीरे का रंग बहुत गहरा हरा है और उसकी त्वचा बहुत ज्यादा चमकदार या मोमी (Waxy) दिख रही है, तो उसके कड़वे होने की संभावना अधिक होती है। हल्का हरा और मध्यम आकार का खीरा आमतौर पर मीठा होता है।
खीरे का आकार: बहुत ज्यादा बड़े और मोटे खीरे अक्सर कड़वे निकलते हैं क्योंकि वे ज्यादा पक चुके होते हैं। हमेशा मध्यम और पतले खीरे चुनें।
मुलायम सिरा: खीरे के दोनों सिरों को हल्का दबाकर देखें। अगर सिरा बहुत ज्यादा मुलायम या पिचका हुआ है, तो समझ लीजिए कि वह अंदर से कड़वा या खराब हो सकता है।
कड़वाहट दूर करने के 3 अचूक तरीके
अगर आपने खीरा खरीद लिया है और वह कड़वा निकल जाए, तो इन देसी तरीकों से उसे ठीक करें:
घिसने वाला तरीका (Old School Method): खीरे के ऊपरी हिस्से (डंठल वाली तरफ) को थोड़ा सा काटें। अब कटे हुए टुकड़े को खीरे के मुख्य भाग पर गोल-गोल रगड़ें। कुछ ही देर में सफेद झाग निकलने लगेगा। यह झाग ही 'कुकरबिटासिन' है। इसे धो लें, कड़वाहट निकल जाएगी।
नमक का इस्तेमाल: खीरे को दो हिस्सों में काटें और बीच में से हल्का कट लगा दें। अब दोनों तरफ नमक लगाकर आपस में रगड़ें। नमक कड़वे रसायनों को बाहर खींच लेता है।
छीलने का सही तरीका: खीरे की कड़वाहट छिलके के ठीक नीचे होती है। अगर खीरा कड़वा लग रहा है, तो उसे थोड़ा मोटा छीलें। इससे कड़वाहट वाले तत्व निकल जाते हैं।
खीरा खाते समय न करें ये गलती
आयुर्वेद और विशेषज्ञों के अनुसार, खीरा खाने के तुरंत बाद पानी नहीं पीना चाहिए। खीरे में पहले से ही 95% पानी होता है, और ऊपर से पानी पीने से शरीर का pH लेवल बिगड़ सकता है और पाचन संबंधी समस्याएं हो सकती हैं।