Crime in Jharkhand : नशे के लिए मांगा कफ सिरप, डॉक्टर ने मना किया तो बीच सड़क पर रेता गला
News India Live, Digital Desk: झारखंड की राजधानी रांची से इंसानियत को शर्मसार करने वाली एक ऐसी खौफनाक खबर सामने आई है, जिसने पूरे इलाके में दहशत फैला दी है। रांची के बुढ़मू इलाके में नशे में धुत कुछ युवकों ने सिर्फ़ इसलिए एक डॉक्टर की जान लेने की कोशिश की, क्योंकि उसने उन्हें बिना पर्ची के खांसी की सिरप (Cough Syrup) देने से इनकार कर दिया था। घटना इतनी भयानक थी कि हमलावरों ने डॉक्टर का गला धारदार हथियार से रेत दिया।
क्या है यह दिल दहला देने वाली घटना?
यह वारदात बुढ़मू सीएचसी में तैनात डॉ. सांतनु कुमार महतो के साथ हुई। डॉक्टर साहब अपनी ड्यूटी खत्म करके मुरुपिरी गांव स्थित अपने घर लौट रहे थे। रास्ते में बुध बाजार के पास उन्होंने अपना निजी क्लीनिक खोला हुआ था, जहाँ वे मरीजों को देखते थे।
सोमवार रात करीब 8:30 बजे, जब वे अपने क्लीनिक में थे, तभी नशे में धुत तीन-चार युवक वहाँ आ धमके। उन्होंने डॉक्टर से कोडीन वाली खांसी की सिरप की मांग की। दरअसल, इस तरह के कफ सिरप का इस्तेमाल आजकल के युवा नशे के लिए कर रहे हैं, इसलिए बिना डॉक्टर की पर्ची के इन्हें बेचना प्रतिबंधित है। डॉ. महतो ने जब उन्हें सिरप देने से साफ मना कर दिया, तो वे गाली-गलौज और जान से मारने की धमकी देते हुए चले गए।
घात लगाकर किया हमला
जब डॉक्टर साहब रात करीब 9:30 बजे अपना क्लीनिक बंद करके मोटरसाइकिल से घर के लिए निकले, तो उन्हीं युवकों ने आगे सुनसान जगह पर उन्हें घेर लिया। उन्होंने डॉक्टर को बाइक से गिरा दिया और फिर धारदार हथियार (चाकू) से उनकी गर्दन पर जानलेवा हमला कर दिया, जिससे वे गंभीर रूप से घायल हो गए। हमले के बाद अपराधी उन्हें मरा हुआ समझकर मौके से फरार हो गए।
राहगीरों ने जब डॉक्टर को खून से लथपथ हालत में सड़क पर पड़ा देखा, तो तुरंत पुलिस और उनके परिवार वालों को सूचना दी। आनन-फानन में उन्हें रांची के मेदांता अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहाँ उनकी हालत अब भी नाजुक बनी हुई है।
इस घटना के बाद से पूरे इलाके के डॉक्टरों में गुस्सा और डर का माहौल है। उन्होंने आरोपियों की जल्द से जल्द गिरफ्तारी की मांग करते हुए सुरक्षा की गुहार लगाई है। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए अज्ञात अपराधियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली है और उनकी तलाश में छापेमारी कर रही है। यह घटना इस बात का गंभीर संकेत है कि कैसे नशे का बढ़ता चलन युवाओं को हिंसक और अमानवीय बना रहा है।