Cricket and Politics : जब तक सरहद पर तनाव, तब तक मैदान पर क्रिकेट नहीं ,हरभजन सिंह की बड़ी बात

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News India Live, Digital Desk:  Cricket and Politics : भारत और पाकिस्तान के बीच जब भी क्रिकेट मैच की बात होती है, तो माहौल सिर्फ खेल का नहीं रहता; इसमें भावनाएं, राजनीति और देशप्रेम सब कुछ जुड़ जाता है। इस बार एशिया कप में दोनों टीमों के बीच होने वाले महामुकाबले से पहले, भारत के पूर्व दिग्गज स्पिनर हरभजन सिंह ने एक बड़ा और सीधा बयान दिया है, जिसने एक नई बहस को जन्म दे दिया है।

हरभजन सिंह ने साफ़ शब्दों में कहा है कि जब तक दोनों देशों के बीच रिश्ते सामान्य नहीं हो जाते, तब तक क्रिकेट नहीं होना चाहिए। उन्होंने कहा कि क्रिकेट से पहले शांति ज़रूरी है

दुबई में एक कार्यक्रम के दौरान 'भज्जी' ने कहा, “भारत-पाकिस्तान मैच हमेशा सुर्खियों में रहता है, लेकिन 'ऑपरेशन सिंदूर' के बाद देश में हर किसी ने कहा था कि कोई क्रिकेट और कोई व्यापार नहीं होना चाहिए।”आपको बता दें कि इस साल पहलगाम में हुए आतंकी हमले में 26 भारतीय पर्यटकों की जान चली गई थी, जिसके बाद भारत ने 'ऑपरेशन सिंदूर' चलाया था।

हरभजन ने अपनी बात को पुख्ता करते हुए बताया कि हाल ही में हुई 'वर्ल्ड चैंपियनशिप ऑफ़ लीजेंड्स' में भी उन्होंने पाकिस्तान के ख़िलाफ़ मैच का बहिष्कार किया था।उन्होंने कहा, "हर किसी की अपनी सोच होती है, लेकिन मुझे लगता है कि जब तक दोनों देशों के रिश्ते नहीं सुधरते, तब तक क्रिकेट और व्यापार नहीं होना चाहिए। यह मेरी निजी राय है।

हालांकि, हरभजन यह भी मानते हैं कि अगर सरकार मैच कराने का फैसला करती है, तो उसका सम्मान किया जाना चाहिए। लेकिन वो इस बात पर जोर देते हैं कि रिश्ते बेहतर करना पहली प्राथमिकता होनी चाहिए। उन्होंने देश के जवानों का ज़िक्र करते हुए कहा कि जब हमारे जवान सरहद पर अपनी जान दे रहे हैं, तो हम उनके बलिदान को नज़रअंदाज़ करके क्रिकेट मैच नहीं खेल सकते।

सरकार की नीति के अनुसार, भारत पाकिस्तान के साथ कोई द्विपक्षीय सीरीज नहीं खेलता है, लेकिन आईसीसी (ICC) और एसीसी (ACC) जैसे बड़े टूर्नामेंटों में खेलने से मना भी नहीं कर सकता, क्योंकि ऐसा करने पर BCCI पर प्रतिबंध लग सकता है। यही वजह है कि दोनों टीमें एशिया कप और वर्ल्ड कप जैसे टूर्नामेंट्स में एक-दूसरे के ख़िलाफ़ खेलती नज़र आती हैं।