बिहार में नई सरकार के गठन की उलटी गिनती शुरू जानें स्टेप-बाय-स्टेप पूरी प्रक्रिया, कौन होगा CM ?
News India Live, Digital Desk: बिहार की सियासत ने एक बार फिर करवट ले ली है। भारतीय जनता पार्टी (BJP) के नेतृत्व में बनने जा रही नई सरकार को लेकर सरगर्मियां तेज हैं। इस बार सरकार का स्वरूप कुछ अलग होगा, जिसमें जनता दल यूनाइटेड (JDU), लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास), हिंदुस्तानी आवाम मोर्चा (HAM) और राष्ट्रीय लोक मोर्चा (RLM) जैसे सहयोगी दल शामिल होंगे। संवैधानिक रूप से सरकार बनाने का दावा पेश करने से लेकर मंत्रियों के शपथ ग्रहण तक की प्रक्रिया काफी महत्वपूर्ण होती है। आइए जानते हैं क्या है सरकार गठन की स्टेप-बाय-स्टेप पूरी प्रक्रिया और क्या है नया फॉर्मूला।
स्टेप 1: विधायक दल की बैठक और नेता का चयन
सरकार गठन की पहली सीढ़ी है गठबंधन के सभी दलों की संयुक्त बैठक। इसमें औपचारिक रूप से 'गठबंधन के नेता' (संभावित मुख्यमंत्री) का चयन किया जाता है। सभी विधायक अपने नेता के समर्थन में एक प्रस्ताव पारित करते हैं, जिस पर सभी घटक दलों के अध्यक्षों के हस्ताक्षर होते हैं।
स्टेप 2: राज्यपाल के पास दावा पेश करना
नेता का चयन होने के बाद, गठबंधन का प्रतिनिधिमंडल राजभवन जाकर राज्यपाल से मुलाकात करता है। यहां उन्हें बहुमत का आंकड़ा (122 या उससे अधिक विधायकों का समर्थन पत्र) सौंपा जाता है। राज्यपाल इस दावे की जांच करते हैं और संतुष्ट होने पर सबसे बड़े गठबंधन के नेता को सरकार बनाने का न्योता देते हैं।
स्टेप 3: शपथ ग्रहण समारोह (The Swearing-In)
राज्यपाल द्वारा निमंत्रण मिलने के बाद, मुख्यमंत्री और उनके कैबिनेट सहयोगियों के लिए शपथ ग्रहण की तारीख तय की जाती है। राजभवन के राजेंद्र मंडप या गांधी मैदान जैसे सार्वजनिक स्थल पर राज्यपाल मुख्यमंत्री को पद और गोपनीयता की शपथ दिलाते हैं। मुख्यमंत्री के बाद, अन्य मंत्रियों को भी शपथ दिलाई जाती है।
स्टेप 4: बहुमत परीक्षण (Floor Test)
शपथ लेने के बाद सरकार के पास सदन में अपना बहुमत साबित करने के लिए एक निश्चित समय (आमतौर पर 10 से 15 दिन) होता है। विधानसभा के विशेष सत्र में 'विश्वास मत' (Vote of Confidence) पेश किया जाता है। यदि सरकार को सदन में मौजूद और मतदान करने वाले विधायकों का बहुमत मिल जाता है, तो सरकार आधिकारिक रूप से स्थिर मानी जाती है।
मंत्रियों का बंटवारा: क्या है नया फॉर्मूला?
सूत्रों के अनुसार, इस बार बीजेपी मुख्यमंत्री पद के साथ-साथ गृह विभाग जैसे महत्वपूर्ण पोर्टफोलियो अपने पास रख सकती है। सहयोगियों को खुश रखने के लिए निम्नलिखित फॉर्मूले पर चर्चा हो रही है:
JDU: पूर्व की तरह महत्वपूर्ण मंत्रालय और संभवतः दो उपमुख्यमंत्री पदों में से एक।
LJP (R) & HAM: चिराग पासवान और जीतन राम मांझी की पार्टियों को उनकी संख्या के आधार पर कैबिनेट और राज्य मंत्री के पद दिए जा सकते हैं।
RLM: उपेंद्र कुशवाहा की पार्टी को भी सरकार में प्रतिनिधित्व मिलने की संभावना है।
बिहार की नई उम्मीदें
इस नए गठबंधन के साथ बिहार में विकास और सुशासन के दावों के बीच नई सरकार का रोडमैप तैयार किया जा रहा है। रोजगार, विशेष राज्य का दर्जा और बुनियादी ढांचे के विकास जैसे मुद्दे इस सरकार की प्राथमिकता सूची में सबसे ऊपर रहने की उम्मीद है।