चंडीगढ़ में पंजाब बीजेपी मुख्यालय पर बम धमाका, अश्विनी शर्मा ने साधा भगवंत मान सरकार पर निशाना
News India Live, Digital Desk: पंजाब भाजपा मुख्यालय (सेक्टर-37, चंडीगढ़) के बाहर बुधवार शाम हुए बम धमाके के बाद पंजाब की सियासत में भूचाल आ गया है। इस घटना के अगले दिन यानी गुरुवार, 2 अप्रैल 2026 को पंजाब भाजपा के कार्यकारी अध्यक्ष अश्विनी शर्मा ने घटनास्थल का दौरा किया और मुख्यमंत्री भगवंत मान के नेतृत्व वाली आम आदमी पार्टी (AAP) सरकार पर तीखा हमला बोला। शर्मा ने आरोप लगाया कि पंजाब में कानून-व्यवस्था की जो 'जंगलराज' जैसी स्थिति है, उसकी तपिश अब केंद्र शासित प्रदेश चंडीगढ़ तक भी पहुंचने लगी है।
धमाके के बाद अश्विनी शर्मा का बड़ा बयान
अश्विनी शर्मा बुधवार सुबह ही एक राजनीतिक कार्यक्रम के लिए दिल्ली रवाना हुए थे, जिसके कुछ घंटों बाद ही भाजपा कार्यालय के बाहर विस्फोट हुआ।
सुरक्षा पर सवाल: अश्विनी शर्मा ने कहा, "यह हमला केवल भाजपा कार्यालय पर नहीं, बल्कि पंजाब की शांति और भाईचारे पर हमला है। पंजाब में जिस तरह से थानों पर हमले हुए और अब चंडीगढ़ में भाजपा मुख्यालय को निशाना बनाया गया, यह साफ तौर पर इंटेलिजेंस फेलियर (खुफिया विफलता) है।"
भगवंत मान पर निशाना: शर्मा ने मुख्यमंत्री भगवंत मान के उस बयान पर पलटवार किया जिसमें उन्होंने चंडीगढ़ की सुरक्षा की जिम्मेदारी केंद्र की बताई थी। शर्मा ने कहा, "जब मुख्यमंत्री चंडीगढ़ को पंजाब का हिस्सा बताते हैं, तो वे बड़े दावे करते हैं, लेकिन जब यहां आतंकी वारदात होती है, तो वे पल्ला झाड़ लेते हैं। पंजाब का अपराधीकरण अब पड़ोसी क्षेत्रों के लिए भी खतरा बन गया है।"
क्या है पूरा मामला?
घटना: बुधवार, 1 अप्रैल 2026 की शाम करीब 5:00 बजे एक हेलमेट पहने बाइक सवार ने भाजपा कार्यालय के बाहर 'क्रूड एक्सप्लोसिव डिवाइस' (कच्चा बम) फेंका और फरार हो गया।
नुकसान: इस धमाके में किसी के हताहत होने की खबर नहीं है, लेकिन वहां खड़ी एक स्कूटी क्षतिग्रस्त हो गई और कार्यालय की खिड़कियों के शीशे टूट गए।
जिम्मेदारी: प्रतिबंधित आतंकी संगठन बब्बर खालसा इंटरनेशनल (BKI) ने सोशल मीडिया पर इस हमले की जिम्मेदारी ली है।
राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप
धमाके के बाद चंडीगढ़ की सुरक्षा को लेकर 'क्रेडिट और ब्लेम वॉर' शुरू हो गई है:
भाजपा का पक्ष: पंजाब भाजपा अध्यक्ष सुनील जाखड़ और अश्विनी शर्मा का तर्क है कि पंजाब में बढ़ते अपराधों और नशा माफिया के चलते असामाजिक तत्वों के हौसले बुलंद हैं, जिससे चंडीगढ़ की सुरक्षा भी दांव पर है।
भगवंत मान का जवाब: मुख्यमंत्री भगवंत मान ने सोशल मीडिया (X) पर विपक्ष को जवाब देते हुए कहा कि चंडीगढ़ केंद्र के अधीन है, फिर भी हर छोटी-बड़ी घटना के लिए उन्हें जिम्मेदार ठहराना विपक्ष की 'चालाकी' है। उन्होंने कहा कि विपक्ष ओछी राजनीति कर रहा है।
विपक्ष की मांग: कांग्रेस और शिरोमणि अकाली दल (SAD) ने भी इस हमले की निंदा करते हुए इसे सुरक्षा और इंटेलिजेंस की बड़ी नाकामी बताया है।
जांच तेज, NIA की टीम पहुंची
मामले की गंभीरता को देखते हुए नेशनल इन्वेस्टिगेशन एजेंसी (NIA) की टीम ने चंडीगढ़ पहुंचकर जांच शुरू कर दी है। चंडीगढ़ पुलिस ने 'यूएपीए' (UAPA) और विस्फोटक अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर लिया है। अश्विनी शर्मा ने मांग की है कि इस साजिश के पीछे के असली चेहरों को जल्द से जल्द बेनकाब कर सख्त सजा दी जाए।