Bihar Politics : बिहार में सियासी भूचाल , एक के बाद एक विधायक छोड़ रहे साथ, क्या आरजेडी खतरे में है
News India Live, Digital Desk: Bihar Politics : बिहार में आजकल सियासी पारा बहुत चढ़ा हुआ है, खासकर राष्ट्रीय जनता दल (RJD) में हो रही उठापटक को लेकर. आरजेडी से कुछ विधायकों के दूसरे पाले में जाने की खबरें सामने आने के बाद, पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष मंगनी लाल मंडल ने एक बेबाक बयान दिया है. उन्होंने कहा है कि अगर चार विधायक पहले चले गए थे, और अब दो और चले भी जाएंगे तो पार्टी को कोई खास फर्क नहीं पड़ने वाला है.
दरअसल, हाल ही में नवादा से विधायक विभा देवी और रजौली से विधायक प्रकाश वीर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की गया में आयोजित एक जनसभा में बीजेपी के मंच पर देखे गए इसे बिहार की राजनीति में आरजेडी के लिए एक बड़े झटके के तौर पर देखा जा रहा है, और अटकलें तेज़ हो गई हैं कि ये दोनों विधायक अब एनडीए में शामिल हो सकते हैं. इससे पहले भी साल 2024 की शुरुआत में आरजेडी के चार विधायक - नीलम देवी, संगीता कुमारी, प्रह्लाद यादव और चेतन आनंद - पाला बदलकर एनडीए के साथ चले गए थे.
मंगनी लाल मंडल ने विधायकों के इस 'पलायन' पर तीखी प्रतिक्रिया दी है. उन्होंने साफ तौर पर कहा कि कुछ विधायकों के पार्टी छोड़ने से आरजेडी कमजोर नहीं होगी. मंडल ने नवादा की विधायक विभा देवी पर आरोप लगाया कि उनके पति, राजबल्लभ यादव, जो हाल ही में एक बलात्कार के मामले से बरी हुए हैं, इसमें सरकार की मिलीभगत थी. उनका कहना है कि सरकार ने पर्याप्त सबूत जुटाने में नाकामी दिखाई, जिसके कारण हाई कोर्ट ने राजबल्लभ यादव को बरी कर दिया, और अब विभा देवी इसी "एहसान" के तहत पार्टी छोड़कर जा रही हैं.
रजौली के विधायक प्रकाश वीर को लेकर मंडल ने कहा कि उनके जाने से तो पार्टी का काम और आसान हो गया है. उनका दावा है कि प्रकाश वीर के खिलाफ उनके क्षेत्र में काफी असंतोष था, और पार्टी भी इस बार उन्हें टिकट नहीं देने वाली थी, इसलिए उन्होंने खुद ही दूसरा ठिकाना ढूंढ लिया है मंगनी लाल मंडल ने ऐसे सभी 'बागियों' को साफ चेतावनी भी दी है कि भविष्य में जो भी विधायक पार्टी छोड़ेगा, उसे दोबारा आरजेडी का टिकट कभी नहीं मिलेगा. उनका कहना है कि आरजेडी का संगठन और जनता का भरोसा कायम है, और ये छोटे-मोटे पलायन पार्टी की सियासी ज़मीन को कमज़ोर नहीं कर पाएंगे.