Bihar Elections 2025 : महागठबंधन में सीटों पर फंसा पेंच, RJD उम्मीदवार गिरफ्तार, जानें JDU-BJP का मेगा प्लान
News India Live, Digital Desk: बिहार में विधानसभा चुनाव 2025 को लेकर राजनीतिक सरगर्मियां तेज हो गई हैं. एक तरफ जहां एनडीए (NDA) गठबंधन एकजुट होकर चुनावी तैयारियों में जुट गया है, वहीं विपक्षी 'महागठबंधन' में सीटों के बंटवारे को लेकर खींचतान शुरू हो गई है. इसी बीच, राष्ट्रीय जनता दल (RJD) को एक बड़ा झटका लगा है, जहां पार्टी के एक उम्मीदवार को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है.
महागठबंधन में सीटों पर महाभारत
सूत्रों के मुताबिक, विपक्षी महागठबंधन में सीटों के बंटवारे को लेकर मामला फंसता नजर आ रहा है. कांग्रेस और वामपंथी दल जहां सम्मानजनक सीटों की मांग कर रहे हैं, वहीं आरजेडी बड़े भाई की भूमिका में रहते हुए ज़्यादा से ज़्यादा सीटों पर चुनाव लड़ना चाहती है. चर्चा है कि कांग्रेस 80 से ज़्यादा सीटों पर दावा कर रही है, लेकिन आरजेडी उसे 60-65 सीटों से ज़्यादा देने के मूड में नहीं है. इस खींचतान के चलते अभी तक सीट बंटवारे का फॉर्मूला तय नहीं हो पाया है, जिससे निचले स्तर के कार्यकर्ताओं में भ्रम की स्थिति बनी हुई है.
RJD को झटका, उम्मीदवार गिरफ्तार
एक तरफ सीटों का विवाद चल रहा है तो दूसरी तरफ आरजेडी की मुश्किलें और बढ़ गई हैं. पार्टी के एक संभावित उम्मीदवार को एक पुराने आपराधिक मामले में पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है. बताया जा रहा है कि यह मामला चुनाव के समय सामने आने से पार्टी की छवि पर असर पड़ सकता है. आरजेडी ने इसे 'राजनीतिक साजिश' करार दिया है. पार्टी के प्रवक्ता ने कहा कि सरकार जान-बूझकर चुनाव से पहले उनके नेताओं को झूठे केस में फंसा रही है क्योंकि वह तेजस्वी यादव की बढ़ती लोकप्रियता से डर गई है.
NDA का चुनावी 'मेगा प्लान'
वहीं दूसरी ओर, मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व में एनडीए पूरी तरह से चुनावी मोड में आ चुका है. बीजेपी (BJP) ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह की 15 से ज़्यादा रैलियां आयोजित करने का मेगा प्लान बनाया है. जेडीयू (JDU) अपने 'सात निश्चय' पार्ट-2 के कामों को लेकर जनता के बीच जा रही है. चिराग पासवान की एलजेपी (रामविलास) और मुकेश सहनी की वीआईपी पार्टी भी अपने-अपने वोट बैंक को साधने में जुटी है. एनडीए का दावा है कि उनके बीच सीटों का बंटवारा लगभग तय हो चुका है और जल्द ही इसकी घोषणा कर दी जाएगी.
बिहार का सियासी पारा हर दिन चढ़ता जा रहा है. एक तरफ जहां एनडीए एकजुट दिख रहा है, वहीं महागठबंधन की राह सीटों के बंटवारे पर मुश्किल नजर आ रही है. अब देखना दिलचस्प होगा कि आने वाले दिनों में बिहार की राजनीति किस करवट बैठती है.