Baramati Plane Crash : अजीत पवार के साथ जौनपुर की बेटी पिंकी माली का भी निधन ,पिछले साल ही हुई थी शादी
News India Live, Digital Desk: महाराष्ट्र के बारामती में बुधवार सुबह हुए एक भीषण विमान हादसे ने पूरे देश को गमगीन कर दिया है। इस दुर्घटना में महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री अजीत पवार सहित पांच लोगों की जान चली गई। इस हादसे की आंच उत्तर प्रदेश के जौनपुर जिले तक पहुँची है, जहाँ की बेटी पिंकी माली ने भी इसी विमान में अपनी जान गंवा दी। पिंकी उस विमान में बतौर फ्लाईट अटेंडेंट (क्रू मेंबर) तैनात थीं।
कैसे हुआ हादसा?
यह दर्दनाक दुर्घटना बुधवार सुबह करीब 9:00 बजे हुई। जानकारी के अनुसार:
लैंडिंग के दौरान हादसा: विमान बारामती में लैंड करने की कोशिश कर रहा था, तभी तकनीकी खराबी के कारण संतुलन बिगड़ गया।
भीषण आग: जमीन से टकराते ही विमान में जोरदार धमाका हुआ और भीषण आग लग गई।
शून्य सर्वाइवल: राहत और बचाव कार्य शुरू होने से पहले ही विमान में सवार पांचों लोगों की मृत्यु हो चुकी थी।
जौनपुर के भैंसा गांव में पसरा मातम
पिंकी माली मूल रूप से जौनपुर जिले की केराकत तहसील के भैंसा गांव की रहने वाली थीं।
संघर्ष की कहानी: पिंकी के पिता शिव कुमार माली का परिवार लंबे समय से मुंबई में रह रहा है। एक छोटे से गांव से निकलकर एविएशन सेक्टर जैसे चुनौतीपूर्ण क्षेत्र में अपनी पहचान बनाने वाली पिंकी को पूरा गांव एक 'होनहार बेटी' के रूप में याद कर रहा है।
परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल: पिंकी के चचेरे भाई शीतला प्रसाद माली ने घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि सुबह जब घर पर फोन आया, तो किसी को यकीन नहीं हुआ। गांव में जैसे ही यह खबर फैली, हर आंख नम हो गई।
खुशियों को लगी नजर: पिछले साल ही हुई थी शादी
पिंकी की मौत की खबर ने लोगों को इसलिए भी झकझोर दिया क्योंकि उनकी शादी को अभी एक साल भी पूरा नहीं हुआ था। पिछले साल ही वह परिणय सूत्र में बंधी थीं। शादी की खुशियां और नई जिंदगी के सपने अभी पूरे भी नहीं हुए थे कि कुदरत ने इस क्रूर हादसे के जरिए सब कुछ छीन लिया।
प्रशासनिक शोक
जौनपुर जिला प्रशासन और स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने पिंकी माली के असामयिक निधन पर गहरा दुख व्यक्त किया है। पिंकी की सफलता और उनकी मेहनत गांव की अन्य लड़कियों के लिए प्रेरणा थी।श्रद्धांजलि: उपमुख्यमंत्री अजीत पवार का जाना महाराष्ट्र की राजनीति के लिए एक अपूरणीय क्षति है, वहीं पिंकी माली जैसी युवा प्रोफेशनल का खोना उनके परिवार और जौनपुर के लिए कभी न भरने वाला जख्म है।