नीतीश के इस्तीफे के बाद BJP का होगा मुख्यमंत्री? मंत्री विजय चौधरी ने दिए बड़े संकेत, 12 अप्रैल के बाद साफ होगी तस्वीर
News India Live, Digital Desk : बिहार की सियासत में इन दिनों 'मुख्यमंत्री कौन?' का सवाल सबसे बड़ा बना हुआ है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के राज्यसभा जाने और उनके संभावित इस्तीफे की खबरों के बीच उनके सबसे करीबी माने जाने वाले जल संसाधन मंत्री विजय कुमार चौधरी ने एक बड़ा बयान दिया है। विजय चौधरी ने स्पष्ट किया है कि नीतीश कुमार 10 अप्रैल 2026 को दिल्ली में राज्यसभा सदस्य के तौर पर शपथ लेंगे और उसके बाद जल्द ही मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा दे देंगे।
'बीजेपी बड़ी पार्टी है, स्वाभाविक है उसका दावा'
राजनीतिक गलियारों में चर्चा है कि नीतीश कुमार के हटने के बाद इस बार बिहार में भारतीय जनता पार्टी (BJP) का मुख्यमंत्री होगा। इस पर विजय चौधरी ने कहा कि चूंकि विधानसभा में भाजपा सबसे बड़ा दल है, इसलिए गठबंधन की नई सरकार में उनका नेतृत्व होना एक स्वाभाविक प्रक्रिया है। उन्होंने यह भी साफ किया कि नीतीश कुमार के इस्तीफे के बाद एनडीए (NDA) के सभी घटक दल साथ बैठेंगे और सर्वसम्मति से नए नेता का चुनाव करेंगे।
नीतीश का दिल्ली दौरा और इस्तीफे का 'शेड्यूल'
विजय चौधरी के मुताबिक, मुख्यमंत्री नीतीश कुमार गुरुवार (9 अप्रैल) को दिल्ली रवाना हो रहे हैं। उनका पूरा कार्यक्रम कुछ इस प्रकार रहने की उम्मीद है:
10 अप्रैल: राज्यसभा सदस्य के रूप में शपथ ग्रहण। इसी दिन दिल्ली में बीजेपी कोर कमेटी की भी बड़ी बैठक है।
12-13 अप्रैल: नीतीश कुमार की पटना वापसी और संभवतः अपनी आखिरी कैबिनेट बैठक की अध्यक्षता।
14 अप्रैल (खरमास समाप्ति): खरमास खत्म होने के साथ ही नीतीश कुमार राज्यपाल को अपना इस्तीफा सौंप सकते हैं।
कौन होगा अगला मुख्यमंत्री? रेस में ये नाम आगे
विजय चौधरी से जब उत्तराधिकारी के नामों पर सवाल पूछा गया, तो उन्होंने मजाकिया अंदाज में कहा कि "जिन-जिन के नाम मीडिया में चल रहे हैं, वे सभी रेस में हैं।" वर्तमान में सबसे ज्यादा चर्चा इन दिग्गजों की है:
सम्राट चौधरी: वर्तमान उपमुख्यमंत्री और मुख्यमंत्री की पसंद माने जा रहे हैं।
नितिन नबीन: बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और पटना से ताल्लुक रखने वाले कद्दावर नेता।
प्रेम कुमार: बिहार विधानसभा के अध्यक्ष और अनुभवी पिछड़ा वर्ग चेहरा।
विपक्ष का तंज: 'बीजेपी ने नीतीश को किनारे लगाया'
एक ओर जहां सत्ता पक्ष में सुगबुगाहट तेज है, वहीं आरजेडी नेता तेजस्वी यादव ने इसे नीतीश कुमार का 'सम्मानजनक विदाई' के नाम पर राजनीतिक निर्वासन करार दिया है। हालांकि, विजय चौधरी ने इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि नीतीश जी स्वेच्छा से राष्ट्रीय राजनीति में जा रहे हैं और बिहार में एनडीए की सरकार पूरी मजबूती से अपना कार्यकाल पूरा करेगी। नई सरकार का गठन अक्षय तृतीया (20 अप्रैल) तक होने की संभावना जताई जा रही है।