क्या शादी में आ रही है रुकावट? तुलसी विवाह के दिन करें यह एक काम, बन जाएगी बात

Post

हिंदू धर्म में तुलसी विवाह का दिन बहुत खास माना जाता है। यह सिर्फ एक पूजा नहीं, बल्कि घर में खुशियां और सौभाग्य लाने वाला पर्व है। इस दिन तुलसी जी का विवाह भगवान विष्णु के स्वरूप शालिग्राम के साथ कराया जाता है। माना जाता है कि इसी दिन से देवताओं का शुभ समय शुरू होता है और शादी-ब्याह जैसे मांगलिक कामों पर लगी रोक हट जाती है।

क्यों है यह दिन इतना पवित्र?

इसकी कहानी जुड़ी है देवउठनी एकादशी से। ऐसा मानते हैं कि भगवान विष्णु चार महीने की लंबी नींद के बाद इसी दिन जागते हैं और सृष्टि का कामकाज फिर से संभालते हैं। उनके जागने के ठीक अगले दिन, यानी द्वादशी तिथि को, मां तुलसी से उनका विवाह कराया जाता है। तुलसी जी को देवी लक्ष्मी का ही रूप माना गया है, इसलिए यह विवाह भगवान विष्णु और मां लक्ष्मी के मिलन का प्रतीक है, जो घर में सुख-समृद्धि लाता है।

तुलसी विवाह 2025 की सही तारीख और समय

हर साल यह पर्व कार्तिक महीने के शुक्ल पक्ष की द्वादशी तिथि को मनाया जाता है। इस साल यह शुभ तिथि 2 नवंबर, 2025 को पड़ रही है।

  • द्वादशी तिथि की शुरुआत: 2 नवंबर, सुबह 7:31 बजे से
  • द्वादशी तिथि का समापन: 3 नवंबर, सुबह 5:07 बजे तक

इसलिए, पूजा और विवाह का पूरा कार्यक्रम 2 नवंबर को ही किया जाएगा।

 

जिनकी शादी में हो रही है देरी, वे ज़रूर करें यह उपाय

यह दिन उन युवक-युवतियों के लिए बहुत खास माना गया है, जिनके विवाह में किसी न किसी वजह से अड़चनें आ रही हैं। ज्योतिष के अनुसार, अगर कुंडली में गुरु या सूर्य कमजोर हो, तो शादी की बात बनते-बनते बिगड़ जाती है। ऐसे में तुलसी विवाह के दिन किए गए कुछ आसान उपाय बहुत फलदायी होते हैं।

आपको क्या करना है?

  1. व्रत रखें: अगर संभव हो, तो इस दिन पूरी श्रद्धा से व्रत रखें।
  2. हल्दी वाला दूध चढ़ाएं: एक लोटे में थोड़ा कच्चा दूध लें, उसमें एक चुटकी हल्दी मिलाएं और इसे पूजा करते समय तुलसी माता के पौधे को अर्पित करें। यह उपाय शीघ्र विवाह के लिए सबसे अचूक माना जाता है।
  3. श्रृंगार का सामान अर्पित करें: पूजा के दौरान तुलसी माता को सुहाग का सामान (जैसे- लाल चुनरी, सिंदूर, बिंदी, चूड़ियां) जरूर चढ़ाएं और मन में अच्छे जीवनसाथी की कामना करें।
  4. घी का दीपक जलाएं: शाम के समय तुलसी जी के सामने घी का एक दीपक जलाएं और उनकी आरती करें।

मान्यता है कि जो भी कुंवारे लड़के-लड़कियां इस दिन पूरी श्रद्धा से ये उपाय करते हैं, उन पर मां तुलसी और भगवान विष्णु की कृपा होती है और उनके विवाह का योग जल्दी ही बन जाता है।