बिस्तर के अंदर भी गर्म नहीं होते आपके पैर? सावधान आपका शरीर आपको दे रहा है ये बड़ी चेतावनी

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News India Live, Digital Desk: आज 8 जनवरी है और उत्तर भारत समेत देश के कई हिस्सों में कड़ाके की ठंड पड़ रही है। हम में से बहुत से लोग इस वक्त पैरों में मोटे ऊनी मोजे (Woolen Socks) पहनकर बैठे होंगे। लेकिन क्या आपके साथ कभी ऐसा होता है कि दो-दो मोजे पहनने या कंबल के अंदर दुबकने के बाद भी आपके पैर किसी बर्फ की सिल्ली जैसे ठंडे रहते हैं?

अक्सर हम इसे 'हड्डी कपा देने वाली ठंड' समझकर टाल देते हैं। हमें लगता है कि शायद ठंड ज्यादा है, इसलिए पैर गर्म नहीं हो रहे। लेकिन डॉक्टरों और हेल्थ एक्सपर्ट्स की मानें तो यह सिर्फ मौसम का असर नहीं है। अगर गर्म कपड़ों के बाद भी आपके पैर ठंडे हैं, तो इसका मतलब है कि आपका शरीर आपको अंदरूनी तौर पर कुछ इशारे कर रहा है।

आइए जानते हैं वे कौन सी 3 बड़ी वजहें हो सकती हैं जो आपके पैरों को गर्म होने से रोक रही हैं।

1. खराब रक्त संचार (Poor Blood Circulation)
हमारा खून ही शरीर के अंगों तक गर्मी पहुँचाने का काम करता है। अगर किसी वजह से आपके पैरों तक खून का बहाव सही तरीके से नहीं हो पा रहा है, तो पैर ठंडे ही रहेंगे। अक्सर ज्यादा देर तक एक ही जगह बैठे रहने, एक्सरसाइज न करने या स्मोकिंग जैसी आदतों की वजह से पैरों की नसें संकुचित हो जाती हैं। यह डायबिटीज (Diabetes) या दिल से जुड़ी समस्याओं का शुरुआती संकेत भी हो सकता है।

2. एनीमिया या आयरन की कमी (Anemia)
क्या आपको पता है कि खून में मौजूद हीमोग्लोबिन आपके शरीर के हर अंग तक ऑक्सीजन ले जाता है? अगर आपके शरीर में आयरन की कमी है, तो हीमोग्लोबिन कम बनेगा, जिससे ऑक्सीजन का संचार कम हो जाएगा। जब शरीर को पर्याप्त ऑक्सीजन नहीं मिलती, तो शरीर के छोर (हाथ-पैर) ठंडे रहने लगते हैं। इसके साथ ही आपको थकान और कमजोरी भी महसूस हो सकती है।

3. थायराइड की समस्या (Hypothyroidism)
हमारा थायराइड ग्लैंड हमारे शरीर के 'थर्मोस्टेट' की तरह काम करता है, जो शरीर के तापमान को कंट्रोल करता है। अगर आपको हाइपोथायरायडिज्म (थायराइड का कम होना) है, तो आपका मेटाबॉलिज्म धीमा हो जाता है। धीमा मेटाबॉलिज्म मतलब शरीर के अंदर कम गर्मी पैदा होना। ऐसे में आप कितनी भी लेयर्स क्यों न पहन लें, आपके पैरों और हाथों में हमेशा कपकंपी महसूस होती रहेगी।

आपको क्या करना चाहिए?
सर्दियों के इस मौसम में अगर ये समस्या लगातार बनी हुई है, तो सिर्फ मोजे बदलना काफी नहीं है। अपनी डाइट में आयरन वाली चीजें बढ़ाएं जैसे कि चुकंदर, पालक और ड्राई फ्रूट्स। थोड़ा शारीरिक व्यायाम (Walk or Stretching) करें ताकि ब्लड सर्कुलेशन सुधरे।