World Kidney Day 2026: भारत में हर 10 में से एक व्यक्ति किडनी की बीमारी का शिकार, एक्सपर्ट से जानें वो 5 गलतियां जो चुपचाप सड़ा रही हैं आपकी किडनी
नई दिल्ली/लखनऊ: शरीर का 'फिल्टर' यानी किडनी, हमारे खून से गंदगी (टॉक्सिन्स) को साफ कर हमें जिंदा रखती है। लेकिन आज की भागदौड़ भरी जिंदगी, खराब खानपान और आलस ने इस महत्वपूर्ण अंग को खतरे में डाल दिया है। आलम यह है कि भारत में किडनी की बीमारियां महामारी की तरह पैर पसार रही हैं। लोगों को जागरूक करने के लिए हर साल मार्च के दूसरे गुरुवार को 'वर्ल्ड किडनी डे' मनाया जाता है। साल 2026 में यह खास दिन आज यानी 12 मार्च को मनाया जा रहा है। एम्स (AIIMS) के विशेषज्ञों ने चेतावनी दी है कि किडनी की खराबी के लक्षण तब तक सामने नहीं आते, जब तक वह 60-70% तक डैमेज न हो जाए।
क्यों मनाया जाता है 'वर्ल्ड किडनी डे'?
किडनी रोगों के प्रति जागरूकता फैलाने और समय पर जांच को बढ़ावा देने के लिए दुनिया भर में आज के दिन हेल्थ कैंप, सेमिनार और वेबिनार आयोजित किए जाते हैं। इसका मुख्य उद्देश्य लोगों को यह समझाना है कि किडनी सिर्फ यूरिन नहीं बनाती, बल्कि यह ब्लड प्रेशर को कंट्रोल करने वाले हार्मोन बनाने और रेड ब्लड सेल्स (RBC) के निर्माण में भी बड़ी भूमिका निभाती है।
एम्स के डॉक्टर की चेतावनी: इन 5 आदतों से हो रही है किडनी फेल
एम्स, नई दिल्ली के नेफ्रोलॉजी विभाग के प्रोफेसर डॉ. संदीप महाजन के अनुसार, भारत में 10 में से एक व्यक्ति किडनी की समस्या से जूझ रहा है, लेकिन दुखद यह है कि उनमें से अधिकतर को अपनी बीमारी का पता ही नहीं है। उन्होंने किडनी खराब होने की मुख्य वजहें बताई हैं:
नमक और प्रोसेस्ड फूड का अधिक सेवन: ऑनलाइन डिलीवरी के बढ़ते चलन ने डाइट में नमक और प्रिजर्वेटिव्स की मात्रा बढ़ा दी है, जो किडनी के लिए 'धीमे जहर' जैसा है।
बिना डॉक्टरी सलाह के पेनकिलर लेना: सिरदर्द या बदन दर्द में बार-बार पेनकिलर खाना किडनी को सीधे तौर पर डैमेज करता है।
मोटापा और कैलोरी: ज्यादा कैलोरी वाला खाना मोटापे को दावत देता है, जिससे किडनी पर एक्स्ट्रा प्रेशर बढ़ता है।
पानी की कमी: दिन भर में कम से कम 2.5 लीटर (8 गिलास) पानी न पीना किडनी स्टोन और इन्फेक्शन का कारण बनता है।
डायबिटीज और बीपी: अगर आपको शुगर या हाई ब्लड प्रेशर है, तो आपकी किडनी सबसे ज्यादा रिस्क पर है।
किडनी को 'सुपर हेल्दी' रखने के रामबाण उपाय
डॉ. संदीप महाजन ने किडनी को लंबे समय तक जवान और स्वस्थ रखने के लिए कुछ मूलमंत्र साझा किए हैं:
30 मिनट की वॉक: यदि आप जिम नहीं जा सकते, तो रोजाना कम से कम आधे घंटे पैदल जरूर चलें। फिजिकल एक्टिविटी किडनी की कार्यक्षमता बढ़ाती है।
नशे से तौबा: तंबाकू, धूम्रपान और अल्कोहल का सेवन किडनी की धमनियों को सख्त कर देता है, जिससे ब्लड फ्लो कम हो जाता है।
सालाना जांच (KFT): अगर आपके परिवार में किडनी की बीमारी का इतिहास है या आप शुगर/बीपी के मरीज हैं, तो साल में एक बार यूरिन टेस्ट और किडनी फंक्शन टेस्ट (KFT) जरूर करवाएं।
डाइट पर कंट्रोल: ताजे फल, हरी सब्जियां शामिल करें और बाहर के तले-भुने खाने से परहेज करें।
याद रखें, किडनी एक बार खराब हो जाए तो डायलिसिस या ट्रांसप्लांट ही रास्ता बचता है, जो बेहद खर्चीला और कष्टदायक है। इसलिए 'प्रिवेंशन' ही सबसे बेहतर इलाज है।