जनता दर्शन में केशव मौर्य ने गंभीर बीमार, पानी, सड़क, अतिक्रमण और अवैध निर्माण जैसी शिकायतों पर अधिकारियों को दिए त्वरित और नियमसंगत कार्रवाई के निर्देश दिये
आज अपने सरकारी आवास पर 'जनता दर्शन' कार्यक्रम का आयोजन किया। इस दौरान पूरे प्रदेश से आए सैकड़ों शिकायतकर्ताओं और फरियादियों की भारी भीड़ उमड़ी। केशव प्रसाद मौर्य उपमुख्यमंत्री ने संवेदनशीलता का परिचय देते हुए एक-एक कर सभी फरियादियों से मुलाकात की और उनकी समस्याओं को बेहद गंभीरता से सुना।
'जनता दर्शन' में मुख्य रूप से पानी, नाली, सड़क, चकमार्ग, पुलिस से संबंधित विवाद, अतिक्रमण और अवैध निर्माण जैसी गंभीर शिकायतें सामने आईं। इन मामलों पर तत्काल संज्ञान लेते हुए श्री मौर्य ने संबंधित विभागों के उच्चाधिकारियों से फोन पर वार्ता की और मौके पर ही त्वरित एवं कड़ी कार्रवाई करने के निर्देश जारी किए।
गरीबों और बीमारों को मिला त्वरित न्याय का भरोसा
जनता दर्शन के दौरान कई जरूरतमंदों ने अपनी व्यक्तिगत और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं को उपमुख्यमंत्री के समक्ष रखा, जिस पर उन्होंने तुरंत संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया:
• आवास योजना की गुहार: मुरादाबाद की निवासिनी श्रीमती लज्जा देवी (पत्नी अमर सिंह) और सीतापुर के निवासी श्री हीरा लाल (पुत्र श्रीपाल) ने प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत आवास दिलाए जाने का अनुरोध किया। इस पर उपमुख्यमंत्री ने पात्रता की जांच कर नियमानुसार जल्द से जल्द आवास आवंटित करने के निर्देश दिए।
• इलाज के लिए आर्थिक सहायता: अम्बेडकर नगर की श्रीमती प्रियंका (पत्नी श्री अनिल कुमार) ने अपने पति की बीमारी के इलाज के लिए और बालामऊ के श्री अवधेश कुमार ने गंभीर बीमारी के उपचार हेतु आर्थिक मदद की गुहार लगाई। श्री मौर्य ने दोनों मामलों को गंभीरता से लेते हुए स्वास्थ्य विभाग और संबंधित अधिकारियों को शीघ्र आर्थिक सहायता प्रदान करने के कड़े निर्देश दिए।
अधिकारी जनसेवक की भूमिका में काम करें: उपमुख्यमंत्री
जनता दर्शन में आए लोगों को संबोधित करते हुए उपमुख्यमंत्री श्री केशव प्रसाद मौर्य ने कहा कि अधिकारियों को स्पष्ट रूप से निर्देशित किया गया है कि वे जनता की समस्याओं को पूरी संवेदनशीलता और ध्यानपूर्वक सुनें। उन्होंने कहा की अधिकारी खुद को जनसेवक समझकर कार्य संपादित करें और हर समस्या का समाधान नियमसंगत व समयबद्ध तरीके से करें। इसमें किसी भी प्रकार की शिथिलता या लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।