UPSSSC Update : लेखपाल के एक पद पर 46 दावेदार कटऑफ ने बढ़ाई धड़कनें जूनियर असिस्टेंट टाइपिंग टेस्ट को लेकर भी बड़ा बदलाव

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News India Live, Digital Desk: उत्तर प्रदेश में 8,000 से अधिक लेखपाल पदों पर भर्ती की प्रक्रिया अब अपने निर्णायक मोड़ पर है। आयोग की ओर से जारी ताजा आंकड़ों ने अभ्यर्थियों की चिंता बढ़ा दी है। प्रतिस्पर्धा इतनी कड़ी है कि एक सीट के लिए औसतन 46 अभ्यर्थी कतार में हैं। इसके अलावा, आयोग ने जूनियर असिस्टेंट (JA) और क्लर्क पदों के लिए होने वाले टाइपिंग टेस्ट और सिलेबस में भी कुछ महत्वपूर्ण बदलाव किए हैं।

1. लेखपाल भर्ती: कटऑफ और कॉम्पिटिशन का गणित

लेखपाल के 8,085 पदों के लिए मुख्य परीक्षा के बाद अब चयन की प्रक्रिया अंतिम दौर में है।

भीषण प्रतिस्पर्धा: कुल पदों के मुकाबले शॉर्टलिस्ट किए गए अभ्यर्थियों की संख्या को देखें तो प्रत्येक 1 वैकेंसी के लिए 46 उम्मीदवार दौड़ में हैं।

अपेक्षित कटऑफ (Expected Cutoff): भारी कॉम्पिटिशन के कारण जनरल और ओबीसी कैटेगरी के लिए कटऑफ काफी हाई रहने का अनुमान है। विशेषज्ञों के अनुसार, फाइनल मेरिट में जगह बनाने के लिए स्कोर 78-82 के बीच होना सुरक्षित माना जा रहा है।

2. जूनियर असिस्टेंट (JA) टाइपिंग टेस्ट: नियमों में बदलाव

UPSSSC ने कनिष्ठ सहायक (Junior Assistant) और क्लर्क भर्ती के लिए टाइपिंग टेस्ट के मानदंडों को स्पष्ट कर दिया है।

हिंदी टाइपिंग: मंगल फॉन्ट (Inscript/Remington GAIL) पर न्यूनतम 25 शब्द प्रति मिनट की गति अनिवार्य है।

अंग्रेजी टाइपिंग: न्यूनतम 30 शब्द प्रति मिनट की गति होनी चाहिए।

बदलाव: अब टाइपिंग टेस्ट केवल 'क्वालीफाइंग' होगा, लेकिन इसे पास किए बिना आप मेरिट लिस्ट से बाहर हो जाएंगे।

3. सिलेबस में क्या हुआ बदलाव?

आयोग ने आगामी परीक्षाओं के लिए सिलेबस को और अधिक 'यूपी केंद्रित' (UP Centric) बना दिया है। अब अभ्यर्थियों को निम्नलिखित विषयों पर अधिक ध्यान देना होगा:

उत्तर प्रदेश विशेष (UP Special): यूपी का इतिहास, संस्कृति, भूगोल और अर्थव्यवस्था से जुड़े प्रश्नों का वेटेज बढ़ाया गया है।

कंप्यूटर और आईटी: डिजिटल साक्षरता और कंप्यूटर के आधारभूत ज्ञान से जुड़े 15-20 प्रश्न अब हर मुख्य परीक्षा का हिस्सा होंगे।

ग्रामीण विकास: लेखपाल जैसे पदों के लिए 'ग्राम्य समाज एवं विकास' खंड को और अधिक विस्तृत किया गया है।

4. PET स्कोर की अहमियत

याद रखें कि ये सभी मुख्य परीक्षाएं PET (Preliminary Eligibility Test) के स्कोर के आधार पर होती हैं। लेखपाल भर्ती के लिए उन्हीं छात्रों को मौका मिला है जिनका पर्सेंटाइल काफी ऊंचा था। आने वाली नई 4,000 लेखपाल भर्तियों के लिए भी PET 2025/26 का स्कोर ही मुख्य आधार बनेगा।