पाकिस्तान को बचाने के लिए अंपायर ने की चीटिंग? भारतीय खिलाड़ी के गुस्से ने खोल दी पोल
News India Live, Digital Desk : क्रिकेट का मैदान हो और भारत-पाकिस्तान का मैच हो, तो रोमांच और तनाव अपने आप बढ़ जाता है, फिर चाहे वह सीनियर टीमों के बीच हो या 'ए' टीमों के बीच। ऐसा ही एक गरमागरम माहौल श्रीलंका में चल रहे एमर्जिंग एशिया कप के दौरान देखने को मिला, जब भारतीय 'ए' टीम के विकेटकीपर-बल्लेबाज जितेश शर्मा एक कैच को लेकर अंपायर से ही भिड़ गए।
यह घटना तब हुई जब पाकिस्तान शाहींस की टीम बल्लेबाजी कर रही थी और भारतीय गेंदबाज युवराज सिंह डोडिया गेंदबाजी कर रहे थे।
क्या था पूरा मामला?
युवराज की एक गेंद पाकिस्तान के बल्लेबाज मोहम्मद हुरैरा के बल्ले का किनारा लेकर विकेटकीपर जितेश शर्मा के दस्तानों में चली गई। भारतीय टीम ने जोरदार अपील की। गेंद बल्ले के इतने करीब से निकली थी कि भारतीय खिलाड़ियों को यकीन था कि यह आउट है। जितेश शर्मा ने भी साफ कैच पकड़ा था।
लेकिन, मैदान पर खड़े श्रीलंकाई अंपायर निपुन चतुरंगा ने अपील को नज़रअंदाज़ करते हुए बल्लेबाज़ को नॉट-आउट करार दिया।
अंपायर के फैसले से फूटा जितेश का गुस्सा
अंपायर का यह फैसला देखते ही जितेश शर्मा अपना आपा खो बैठे। वह सीधे अंपायर के पास पहुंचे और उनसे बहस करने लगे। वह बार-बार अंपायर को यह समझाने की कोशिश कर रहे थे कि बल्ले से साफ आवाज़ आई थी और यह एक क्लीन कैच था।
मैदान पर लगे कैमरों में जितेश का गुस्सा और हताशा साफ तौर पर कैद हो गई। वह अंपायर से कहते हुए दिखे कि "यह साफ आउट है, आपने यह क्या किया?" हालाँकि, अंपायर अपने फैसले पर अड़े रहे और उन्होंने जितेश की एक न सुनी। भारतीय टीम को निराशा हाथ लगी और हुरैरा को एक जीवनदान मिल गया।
यह वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है और फैंस जितेश के जुझारू रवैये की तारीफ कर रहे हैं। हालांकि, आईसीसी के नियमों के अनुसार, अंपायर के फैसले पर इस तरह से सवाल उठाना और बहस करना गलत माना जाता है। यह देखना होगा कि मैच रेफरी इस घटना पर कोई कार्रवाई करते हैं या नहीं।
भले ही यह एक छोटा सा विवाद था, लेकिन यह दिखाता है कि भारत और पाकिस्तान के बीच क्रिकेट के मैदान पर मुकाबला कितना गंभीर और भावनाओं से भरा होता है।