BREAKING:
April 23 2026 02:52 am

बिहार में भ्रष्टाचार पर कड़ा प्रहार भ्रष्ट, DSP के बाद अब किशनगंज SHO के घर EOU की रेड

Post

News India Live, Digital Desk : बिहार में भ्रष्टाचार के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाते हुए आर्थिक अपराध इकाई (EOU) ने एक और बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। आय से अधिक संपत्ति मामले में फंसे भ्रष्ट डीएसपी गौतम कुमार के बाद अब किशनगंज के टाउन थानाध्यक्ष (SHO) अभिषेक रंजन जांच एजेंसी के रडार पर आ गए हैं। ईओयू की टीम ने उनके ठिकानों पर एक साथ छापेमारी कर खलबली मचा दी है।

भ्रष्ट अधिकारियों की अब खैर नहीं

बिहार पुलिस के महकमे में उस वक्त हड़कंप मच गया जब ईओयू की कई टीमों ने किशनगंज के एसएचओ अभिषेक रंजन के सरकारी और पैतृक आवासों पर दस्तक दी। सूत्रों के अनुसार, लंबे समय से अभिषेक रंजन के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने की शिकायतें मिल रही थीं। शुरुआती जांच में पुख्ता सबूत मिलने के बाद ईओयू ने सर्च वारंट लेकर यह कार्रवाई शुरू की है।

छापेमारी में मिल सकते हैं कई अहम दस्तावेज

किशनगंज और उनके पैतृक निवास पर चल रही इस छापेमारी में टीम बैंक खातों, जमीन के कागजात और निवेश से जुड़े दस्तावेजों को खंगाल रही है। ईओयू को शक है कि पद का दुरुपयोग करते हुए बड़े पैमाने पर अवैध संपत्ति बनाई गई है। जांच टीम के साथ भारी संख्या में पुलिस बल की तैनाती की गई है ताकि तलाशी अभियान में कोई बाधा न आए।

गौतम कुमार केस से जुड़े हैं तार?

हाल ही में डीएसपी गौतम कुमार के ठिकानों पर हुई छापेमारी के बाद पुलिस विभाग के कई अन्य अधिकारियों के नाम भी सामने आए थे। चर्चा है कि अभिषेक रंजन के खिलाफ मिली लीड उसी कड़ी का हिस्सा हो सकती है। सरकार ने साफ संकेत दे दिए हैं कि वर्दी की आड़ में भ्रष्टाचार करने वाले किसी भी अधिकारी को बख्शा नहीं जाएगा, चाहे वह किसी भी पद पर क्यों न हो।

महकमे में मची अफरा-तफरी

इस छापेमारी के बाद किशनगंज समेत पूरे बिहार के पुलिस महकमे में अफरा-तफरी का माहौल है। ईओयू की सक्रियता ने उन अधिकारियों की नींद उड़ा दी है जो अवैध उगाही या भ्रष्टाचार में लिप्त हैं। बताया जा रहा है कि अभी जांच जारी है और शाम तक संपत्ति के वास्तविक आंकड़ों का खुलासा किया जा सकता है।