पेट का दिमाग से है सीधा कनेक्शन फाइबर खाने से बदल जाती है आपकी मेंटल हेल्थ ,एक्सपर्ट्स ने किया खुलासा
News India Live, Digital Desk: क्या आप जानते हैं कि आपकी आंत (Gut) को शरीर का 'दूसरा दिमाग' कहा जाता है? हालिया शोध और स्वास्थ्य विशेषज्ञों के मुताबिक, आप अपनी थाली में कितना फाइबर ले रहे हैं, इसका सीधा असर आपके मूड, याददाश्त और दिमागी सुकून पर पड़ता है। 'News18' की एक रिपोर्ट में विशेषज्ञों ने 'गट-ब्रेन एक्सिस' (Gut-Brain Axis) के उस छिपे हुए विज्ञान को उजागर किया है, जो आपकी मानसिक सेहत को सुधार सकता है।
आइए समझते हैं कि आपके पेट में पलने वाले बैक्टीरिया और फाइबर का दिमाग से क्या रिश्ता है।
कैसे काम करता है 'गट-ब्रेन एक्सिस'?
हमारे पेट में खरबों सूक्ष्मजीव (Microbes) रहते हैं, जिन्हें 'गट माइक्रोबायोम' कहा जाता है। ये बैक्टीरिया दिमाग के साथ 'वेगस नर्व' (Vagus Nerve) के जरिए 24 घंटे बातचीत करते हैं। जब आप फाइबर युक्त भोजन करते हैं, तो ये बैक्टीरिया उसे तोड़कर शॉर्ट-चेन फैटी एसिड (SCFA) पैदा करते हैं, जो दिमाग को शांत रखने और सूजन (Inflammation) को कम करने का काम करते हैं।
फाइबर और दिमाग के बीच 3 मुख्य कनेक्शन:
1. हैप्पी हार्मोन्स का उत्पादन
हैरानी की बात यह है कि शरीर का लगभग 90-95% सेरोटोनिन (Serotonin) जिसे 'फील-गुड हार्मोन' कहा जाता है दिमाग में नहीं बल्कि पेट में बनता है। फाइबर इन बैक्टीरिया को पोषण देता है, जो सेरोटोनिन बनाने में मदद करते हैं, जिससे तनाव और चिंता (Anxiety) कम होती है।
2. दिमागी सूजन (Brain Fog) में कमी
गलत खान-पान से पेट में खराब बैक्टीरिया बढ़ जाते हैं, जो शरीर में टॉक्सिन्स रिलीज करते हैं। यह 'सिस्टमिक इन्फ्लेमेशन' दिमाग तक पहुँचकर सुस्ती और ध्यान केंद्रित न कर पाने (Brain Fog) की समस्या पैदा करता है। फाइबर एक फिल्टर की तरह काम करता है और दिमाग को सुरक्षित रखता है।
3. बेहतर याददाश्त और संज्ञानात्मक क्षमता
हाई-फाइबर डाइट लेने वाले लोगों में बुढ़ापे के साथ याददाश्त कम होने का खतरा कम देखा गया है। यह 'न्यूरोप्रोटेक्टिव' प्रभाव पैदा करता है, जो अल्जाइमर और डिमेंशिया जैसी बीमारियों से लड़ने में सहायक हो सकता है।
डाइट में शामिल करें ये 'ब्रेन-बूस्टिंग' फाइबर:
साबुत अनाज: ओट्स, ब्राउन राइस और जौ।
फलियां: दालें, छोले और बीन्स।
सब्जियां: ब्रोकली, पालक और गाजर।
नट्स और बीज: चिया सीड्स, फ्लैक्स सीड्स और बादाम।
विशेषज्ञ की सलाह
विशेषज्ञों का कहना है कि अचानक बहुत अधिक फाइबर खाने के बजाय, इसे धीरे-धीरे अपनी डाइट में शामिल करें और खूब पानी पिएं। एक स्वस्थ आंत न केवल आपके पाचन को दुरुस्त रखती है, बल्कि आपके मानसिक स्वास्थ्य को भी नई ऊर्जा प्रदान करती है।