Smriti Mandhana : बुखार में भी नहीं हारी हिम्मत, RCB कोच ने स्मृति की जादुई पारी के आगे झुकाया सिर
News India Live, Digital Desk: रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) की महिला टीम ने दिल्ली कैपिटल्स को हराकर WPL 2026 का खिताब अपने नाम कर लिया है। इस ऐतिहासिक जीत के बाद आरसीबी के कोच मालोलन रंगराजन ने कप्तान स्मृति मंधाना की जमकर तारीफ की है। कोच ने एक ऐसा खुलासा किया है जिसे सुनकर हर क्रिकेट प्रेमी स्मृति के जज्बे को सलाम कर रहा है।
'फ्लू और तेज बुखार' के बावजूद खेली ऐतिहासिक पारी
कोच रंगराजन ने मैच के बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि फाइनल वाले दिन स्मृति मंधाना की तबीयत बेहद खराब थी।
अस्वस्थ कप्तान: स्मृति को मैच से पहले तेज बुखार और फ्लू था। शरीर में काफी कमजोरी थी, लेकिन उन्होंने इसे अपनी टीम पर हावी नहीं होने दिया।
कोच का बयान: "स्मृति ने यह मैच गंभीर फ्लू के साथ खेला। वह बहुत बीमार थीं, लेकिन जब मैंने उनसे पूछा, तो उन्होंने सिर्फ इतना कहा— 'कोई बात नहीं, मैं खेलूँगी।' उन्होंने मैदान पर एक सेकंड के लिए भी यह जाहिर नहीं होने दिया कि वह अस्वस्थ हैं।"
41 गेंदों में 87 रन: एक 'अमानवीय' पारी
204 रनों के विशाल लक्ष्य का पीछा करते हुए स्मृति ने जो बल्लेबाजी की, उसे कोच ने 'अमानवीय' (Inhuman) करार दिया।
शानदार लय: स्मृति ने केवल 41 गेंदों में 87 रनों की तूफानी पारी खेली। उनकी टाइमिंग और शॉट्स इतने सटीक थे कि दिल्ली के गेंदबाज असहाय नजर आए।
कोच की तारीफ: "जिस तरह से वह बल्लेबाजी कर रही थीं, ऐसा लग ही नहीं रहा था कि हम 200 रनों का पीछा कर रहे हैं। वह पूरी तरह से कंट्रोल में थीं। उन्होंने अपनी सर्वश्रेष्ठ पारी फाइनल के लिए बचा कर रखी थी।"
बैटिंग की 'नर्ड' हैं स्मृति
रंगराजन ने स्मृति को बल्लेबाजी का 'नर्ड' (Nerd) बताया। उनके अनुसार, स्मृति हमेशा अपनी स्किल्स को सुधारने के लिए पागल रहती हैं। वह घंटों नेट पर पसीना बहाती हैं और अपनी गलतियों से सीखती हैं। यही कारण है कि पिछले 12 महीनों में उन्होंने खुद को दुनिया की सर्वश्रेष्ठ बल्लेबाजों की सूची में सबसे ऊपर स्थापित किया है।
RCB का बढ़ता कद
विराट कोहली और एंडी फ्लावर (पुरुष टीम के कोच) ने भी स्मृति की इस जादुई पारी की सराहना की है। आरसीबी अब एकमात्र ऐसी फ्रेंचाइजी है जिसने पिछले दो वर्षों में IPL और WPL दोनों के खिताब अपने नाम किए हैं। स्मृति की कप्तानी में यह आरसीबी महिला टीम की दूसरी खिताबी जीत है।