EMI घटने का इंतजार कर रहे करोड़ों लोगों को RBI का झटका! लोन सस्ता नहीं होगा, जानें क्यों लिया गया यह बड़ा फैसला
त्योहारी सीजन शुरू होने से ठीक पहले, आज पूरे देश की निगाहें एक ही जगह पर टिकी थीं - भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) की मॉनिटरी पॉलिसी कमेटी (MPC) की बैठक पर। होम लोन से लेकर कार लोन तक, अपनी EMI के बोझ तले दबे करोड़ों लोग बड़ी उम्मीद लगाए बैठे थे कि शायद इस बार RBI कोई ‘दिवाली का तोहफा’ देगा और ब्याज दरों में कटौती करेगा।
लेकिन, RBI ने इन उम्मीदों पर पानी फेर दिया है।
RBI गवर्नर शक्तिकांत दास ने आज ऐलान किया कि ब्याज दरों, यानी रेपो रेट, में कोई बदलाव नहीं किया जाएगा। इसे 6.5% पर ही स्थिर रखा गया है। यह लगातार चौथी बार है जब RBI ने ब्याज दरों को छुआ तक नहीं है।
तो आखिर RBI ने आपको ‘खुशखबरी’ क्यों नहीं दी?
इस फैसले के पीछे RBI की एक बड़ी चिंता और एक मजबूत रणनीति छिपी है। RBI के सामने दो रास्ते थे:
- ब्याज दरें घटाकर आपको सस्ते लोन की खुशी देना, जिससे देश की आर्थिक ग्रोथ बढ़े।
- ब्याज दरें स्थिर रखकर उस महंगाई से लड़ना जो अभी भी पूरी तरह से काबू में नहीं आई है।
RBI ने दूसरा, यानी महंगाई से लड़ने का मुश्किल रास्ता चुना है।
- RBI का सबसे बड़ा डर - महंगाई: गवर्नर शक्तिकांत दास ने साफ कहा कि भले ही महंगाई दर थोड़ी कम हुई है, लेकिन अभी भी यह खतरे के निशान से ऊपर है। कच्चा तेल महंगा हो रहा है और खाने-पीने की चीजों के दाम कभी भी बढ़ सकते हैं। RBI इस वक्त कोई भी ऐसा कदम नहीं उठाना चाहता जिससे महंगाई फिर से सिर उठा सके।
- ग्रोथ है मजबूत: RBI का मानना है कि देश की आर्थिक विकास की गाड़ी सही रफ्तार से चल रही है। फिलहाल, इसे सस्ते लोन के ‘बूस्टर डोज’ की जरूरत नहीं है।
आपके ऊपर क्या होगा इसका असर?
इस फैसले का सीधा मतलब यह है कि:
- आपकी होम लोन, कार लोन और पर्सनल लोन की EMI कम नहीं होगी।
- जिन लोगों ने फ्लोटिंग रेट पर लोन लिया हुआ है, उन्हें अभी कुछ और महीने अपनी जेब पर बोझ सहना पड़ेगा।
- बैंकों से नया लोन लेना भी सस्ता नहीं होगा।
साफ शब्दों में कहें तो, RBI ने आपकी जेब को फौरी राहत देने की बजाय, देश की अर्थव्यवस्था को लंबी अवधि में स्थिर और मजबूत बनाए रखने को प्राथमिकता दी है। आपको अपनी EMI कम होने के लिए अभी कुछ और महीनों का इंतजार करना होगा।