Punjab News : केंद्र ने दी राजपुरा-मोहाली रेल लाइन को हरी झंडी, अब अंबाला जाने का झंझट होगा खत्म
News India Live, Digital Desk: पंजाब के लोगों के लिए, खासकर मालवा क्षेत्र के निवासियों के लिए एक बहुत बड़ी खुशखबरी है. केंद्र सरकार ने पिछले चार दशकों से अटकी हुई राजपुरा-मोहाली रेल लाइन परियोजना को आखिरकार मंजूरी दे दी है. यह फैसला पंजाब के लिए किसी बड़े तोहफे से कम नहीं है, क्योंकि इससे लाखों यात्रियों का सफ़र न सिर्फ आसान होगा, बल्कि उनके समय और पैसे की भी भारी बचत होगी.
क्यों है यह प्रोजेक्ट इतना खास?
अब तक, पंजाब के बड़े शहरों जैसे बठिंडा, फिरोजपुर, लुधियाना और अमृतसर से राजधानी चंडीगढ़ ट्रेन से आने के लिए हरियाणा के अंबाला कैंट स्टेशन से होकर गुज़रना पड़ता था. यह एक लंबा और थकाऊ रास्ता था. अंबाला स्टेशन पर ट्रेनों का भारी बोझ होने के कारण ट्रेनें अक्सर लेट भी होती थीं.
लेकिन इस नई राजपुरा-मोहाली रेल लाइन के बनने से यह सारी समस्या खत्म हो जाएगी. पंजाब अब सीधे मोहाली (चंडीगढ़) से जुड़ जाएगा, और ट्रेनों को अंबाला जाने की ज़रूरत ही नहीं पड़ेगी.
इस एक फैसले से क्या-क्या बदलेगा?
- समय की बचत: अब चंडीगढ़ पहुंचने में काफी कम समय लगेगा.
- पैसे की बचत: लंबा रास्ता तय न करने की वजह से किराए में भी कमी आएगी.
- सीधी कनेक्टिविटी: पंजाब के सभी प्रमुख शहर सीधे राजधानी से जुड़ जाएंगे.
- आर्थिक विकास: माना जा रहा है कि यह रेल लाइन मालवा क्षेत्र के व्यापार और उद्योग को एक नई रफ्तार देगी.
- अंबाला पर दबाव कम: अंबाला कैंट स्टेशन पर ट्रैफिक कम होगा, जिससे वहां से चलने वाली बाकी ट्रेनों का संचालन भी बेहतर होगा.
40 साल का लंबा संघर्ष
पंजाब के लोग और कई सामाजिक संगठन पिछले 40 सालों से इस रेल लाइन की मांग कर रहे थे. इसके लिए कई बार धरने-प्रदर्शन भी हुए. अब जब केंद्र सरकार ने इस परियोजना पर अपनी मुहर लगा दी है, तो पूरे प्रदेश में खुशी का माहौल है. यह सिर्फ एक रेलवे लाइन नहीं, बल्कि लाखों पंजाबियों के दशकों पुराने सपने का साकार होना है.