सिर्फ 11 खिलाड़ी नहीं, मैदान पर 'हवा' से भी लड़ना होगा, टी20 वर्ल्ड कप से पहले टीम इंडिया का आखिरी बड़ा टेस्ट

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News India Live, Digital Desk: क्रिकेट में अक्सर कहा जाता है कि हार-जीत तो चलती रहती है, लेकिन जो टीम हर स्थिति के लिए तैयार रहती है, वही अंत में ट्रॉफी उठाती है। अब भारतीय टीम के सामने भी कुछ ऐसी ही चुनौती है। टी20 वर्ल्ड कप अब ज्यादा दूर नहीं है और रायपुर के शहीद वीर नारायण सिंह स्टेडियम में होने वाला मुकाबला केवल एक द्विपक्षीय सीरीज का हिस्सा भर नहीं है; ये टीम इंडिया के लिए खुद को परखने का एक बड़ा मौका है।

रायपुर के मैदान पर जो सबसे बड़ी बाधा खिलाड़ियों के सामने आने वाली है, वो है—ओस (Dew)। क्रिकेट फैन्स जानते हैं कि जब मैदान पर ओस गिरती है, तो गेंद को ग्रिप करना गेंदबाजों के लिए कितना मुश्किल हो जाता है। साबुन की टिकिया की तरह हाथ से फिसलती गेंद न सिर्फ कप्तान की रणनीति बिगाड़ती है, बल्कि अच्छे-भले मैच का पासा पलट देती है। टीम इंडिया के लिए रायपुर में यही सबसे बड़ा टेस्ट है कि वर्ल्ड कप जैसे बड़े टूर्नामेंट से पहले वे इस 'ओस' वाली चुनौती से कैसे निपटते हैं।

वर्ल्ड कप से पहले चयनकर्ताओं और कोच की नजर उन खिलाड़ियों पर होगी जो प्रेशर में बेहतर फैसला ले सकें। बैटिंग लाइनअप में भी छोटे-मोटे बदलाव और 'फाइनल एडजस्टमेंट' की तलाश जारी है। क्या मिडिल ऑर्डर अपनी भूमिका ठीक से निभा पा रहा है? क्या डेथ ओवरों में हमारे गेंदबाज ओस के बावजूद सटीक यॉर्कर डाल पा रहे हैं? ये कुछ ऐसे सवाल हैं जिनका जवाब रायपुर का यह मैदान देगा।

छत्तीसगढ़ के क्रिकेट प्रेमियों के लिए तो यह किसी त्यौहार से कम नहीं है, लेकिन भारतीय टीम के मैनेजमेंट के लिए यह माथापच्ची वाला दिन है। मकसद सिर्फ मैच जीतना नहीं है, बल्कि अपनी उन खामियों को दूर करना है जो बड़े मंच पर भारी पड़ सकती हैं। अगर टीम इंडिया यहाँ ओस को मात दे देती है, तो समझ लीजिए वर्ल्ड कप की राह थोड़ी और आसान हो जाएगी।

आप क्या मानते हैं, क्या रायपुर में टीम इंडिया की गेंदबाजी ओस का सामना कर पाएगी या टॉस ही जीत-हार का फैसला कर देगा?