अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस 2026: कोलकाता में पीएम मोदी ने 35,000 लोगों के साथ किया योग, बोले— दुनिया के बेहतर भविष्य के लिए योग अब एक जरूरत
अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के खास मौके पर आज पूरा विश्व योग की अनूठी ऊर्जा से सराबोर नजर आ रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार (21 जून) को पश्चिम बंगाल की राजधानी कोलकाता में देश के सबसे बड़े योग कार्यक्रम का नेतृत्व किया। इस साल अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस 2026 'स्वस्थ आयु के लिए योग' (Yoga for Healthy Aging) की बेहद खास थीम के साथ मनाया जा रहा है। कोलकाता के मुख्य आयोजन में पीएम मोदी के साथ करीब 35,000 लोगों ने एक साथ योगाभ्यास किया, जबकि पूरे कोलकाता में अलग-अलग जगहों पर आयोजित सत्रों में रिकॉर्ड 10 लाख से अधिक लोग इस सामूहिक उत्सव का हिस्सा बने।
संतों की पवित्र भूमि बंगाल से पीएम मोदी का संदेश, स्वामी विवेकानंद को किया याद
कोलकाता में ऐतिहासिक जनसमूह को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि योग दिवस के अवसर पर आज बंगाल की पावन धरती पर होना बेहद विशेष और सौभाग्य की बात है। उन्होंने कहा, "यह बंगाल की वह पवित्र भूमि है जहां भगवान रामकृष्ण परमहंस जैसे सिद्ध संतों ने अवतार लिया, जहां से निकलकर स्वामी विवेकानंद ने पूरे विश्व को भारतीय योग परंपरा और संस्कृति से रूबरू करवाया। इसी धरती पर महर्षि अरविंद जैसे महान योगी ने जन्म लिया। आज ऐसी महान भूमि पर सामूहिक योग का अनुभव एक अलग ही आध्यात्मिक अनुभूति दे रहा है।"
प्रधानमंत्री ने जोर देकर कहा कि योग आज केवल हमारी व्यक्तिगत जीवन शैली का हिस्सा मात्र नहीं रह गया है, बल्कि यह पूरी दुनिया के बेहतर भविष्य के लिए एक अनिवार्य आवश्यकता बन चुका है।
कोलकाता वासियों की 'स्वच्छता से स्वागत' पहल को पीएम मोदी ने सराहा
अपने संबोधन के दौरान पीएम मोदी ने योग के साथ-साथ कोलकाता में चलाई जा रही एक अनोखी मुहिम की भी खुलकर तारीफ की। उन्होंने कहा, "आज योग दिवस पर मैं कोलकाता वासियों द्वारा की गई 'स्वच्छता के योग' की अद्भुत पहल की सराहना करता हूँ। यहाँ 'स्वच्छता से स्वागत' के लिए नागरिकों ने जिस तरह लगातार श्रमदान किया है और अपना कर्तव्य निभाया है, वह आज पूरे देश के नागरिकों के लिए एक बहुत बड़ी प्रेरणा बन गया है।"
21 जून बना विश्व का सबसे बड़ा सामूहिक उत्सव, हिमालय से सौराष्ट्र तक बिखरी योग की ऊर्जा
वर्ष के सबसे लंबे दिन का जिक्र करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि 21 जून का यह दिन पृथ्वी के कुछ हिस्सों में साल का सबसे बड़ा दिन होता है, लेकिन अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस की वजह से अब यह पूरी दुनिया के लिए सबसे बड़े सामूहिक उत्सव का दिन बन गया है। आज विश्व के कोने-कोने से योग की एक से बढ़कर एक अद्भुत और विहंगम तस्वीरें सामने आ रही हैं।
उन्होंने आगे कहा, "भारत में उत्तर में हिमालय से लेकर दक्षिण में हिंद महासागर तक, और पूर्वोत्तर व बंगाल से लेकर पश्चिम में सौराष्ट्र तक, आज पूरा देश योग की दिव्य ऊर्जा से ओतप्रोत नजर आ रहा है। पूरा विश्व आज योग के माध्यम से एक-दूसरे से जुड़ा हुआ महसूस कर रहा है, और यही तो योग की असली ताकत है।" इस अवसर पर पीएम मोदी ने संपूर्ण मानव समुदाय को अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस की हार्दिक शुभकामनाएं दीं।
संयुक्त राष्ट्र के प्रस्ताव से वैश्विक आंदोलन बना योग, 210 से ज्यादा देशों में आयोजन
साल 2014 में संयुक्त राष्ट्र महासभा (UNGA) द्वारा भारत के प्रस्ताव को सर्वसम्मति से स्वीकार किए जाने के बाद से 21 जून को अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के रूप में मनाया जाता है। आज यह दुनिया की सबसे बड़ी जन स्वास्थ्य पहलों में से एक का रूप ले चुका है। इस साल भी दुनिया भर में लगभग 2,500 से अधिक स्थानों पर 210 से ज्यादा भारतीय मिशनों और दूतावासों द्वारा अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस का भव्य आयोजन किया गया है, जो वैश्विक मंच पर भारत की इस प्राचीन विधा की बढ़ती ताकत को दर्शाता है।