Health Benefits : क्या आपकी रोटी में ये मैजिक इंग्रेडिएंट है? शुगर से वजन तक, आटे में चुटकी भर बेसन करेगा कमाल

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News India Live, Digital Desk: आमतौर पर हम बेसन का नाम सुनते ही पकोड़ों या कढ़ी के बारे में सोचने लगते हैं। लेकिन क्या आपको पता है कि बेसन सिर्फ स्वाद के लिए नहीं, बल्कि सेहत का खजाना है? अगर आप अपने गेहूं के आटे और बेसन का रेश्यो 4:1 का रखें (यानी 4 कटोरी आटा और 1 कटोरी बेसन), तो यह आपकी पूरी फैमिली की सेहत को एक नया मोड़ दे सकता है।

1. प्रोटीन का तड़का (वो भी बिना सप्लीमेंट के)
हम भारतीयों की डाइट में अक्सर प्रोटीन की कमी रह जाती है, खासकर अगर आप शाकाहारी हैं। गेहूं में कार्बोहाइड्रेट्स ज्यादा होते हैं, जबकि बेसन चने की दाल से बनता है जिसमें प्रोटीन भरपूर मात्रा में होता है। दोनों को मिलाकर बनी रोटियां शरीर को ज़्यादा मज़बूत बनाती हैं और आपको दिन भर एनर्जेटिक रखती हैं।

2. शुगर पेशेंट्स के लिए रामबाण
आजकल घर-घर में डायबिटीज़ के मरीज़ हैं। गेहूं के आटे का 'ग्लाइसेमिक इंडेक्स' थोड़ा ज़्यादा होता है, जिससे ब्लड शुगर जल्दी बढ़ सकता है। लेकिन जैसे ही आप इसमें बेसन मिलाते हैं, यह शुगर सोखने की रफ़्तार को कम कर देता है। ये रोटी धीरे-धीरे पचती है और अचानक शुगर स्पाइक नहीं होने देती।

3. पेट की दिक्कतों से छुट्टी
अगर आपको कब्ज़ या गैस की समस्या रहती है, तो 'मिक्स्ड ग्रेन' रोटी आपकी बेस्ट फ्रेंड साबित हो सकती है। बेसन में डायट्री फाइबर होता है जो पाचन तंत्र को साफ रखता है। इसे खाने के बाद आपको काफी देर तक भूख नहीं लगती, जिससे आप फालतू की स्नैकिंग और बाहर का खाना खाने से बच जाते हैं।

4. चमकदार त्वचा और मज़बूत बाल
बेसन में 'विटामिन B-कॉम्प्लेक्स' और मैग्नीशियम जैसे तत्व होते हैं। जब आप नियमित रूप से इस मिक्स आटे की रोटियां खाते हैं, तो इसका असर आपके चेहरे पर नज़र आने लगता है। ये टॉक्सिन्स को बाहर निकालने में मदद करता है और बाल अंदर से मज़बूत होते हैं।

चलते-चलते एक टिप:
कोशिश करें कि आटे में सिर्फ बेसन ही नहीं, बल्कि चुटकी भर सेंधा नमक या थोड़ी सी अजवाइन भी डालें। इससे न केवल स्वाद दोगुना होगा, बल्कि पचने में भी आसानी रहेगी। सादगी में ही असली सेहत छुपी है, बस इसे थोड़ा स्मार्टली अपनाना होगा!