सोनीपत के कूरियर हब से बिहार के लिए बुक हुए थे एलोवेरा जेल के संदिग्ध पार्सल

सोनीपत के कूरियर हब से बिहार के लिए बुक हुए थे एलोवेरा जेल के संदिग्ध पार्सल

हरियाणा का सोनीपत जिला इन दिनों अपने औद्योगिक विकास और कृषि के अलावा एक और अजीबोगरीब तथा चौंकाने वाले मामले को लेकर सुर्खियों के केंद्र में आ गया है, जिसने हर किसी को हैरान कर दिया है। राज्य के एक बड़े कूरियर और लॉजिस्टिक्स हब से बिहार भेजने के लिए कुछ ऐसे पार्सल बुक किए गए थे जिनके ऊपर दस्तावेजों में 'एलोवेरा जेल' और आयुर्वेदिक उत्पाद लिखा हुआ था। बिहार राज्य में शराबबंदी कानून लागू होने के कारण वहां अवैध रूप से शराब की तस्करी करने के लिए माफिया और तस्कर आए दिन नए-नए और शातिर तरीके तलाशते रहते हैं, ताकि कानून की पैनी नजरों से बचा जा सके। इसी कड़ी में सोनीपत के इस कूरियर सेंटर से निकलने वाले इन डिब्बों को पूरी सुरक्षा और सावधानी के साथ पैक किया गया था ताकि किसी को भी इस बात का जरा सा भी शक न हो कि इसके भीतर कोई गैरकानूनी सामान भेजा जा रहा है। कूरियर बुकिंग के दौरान तस्करों ने पूरी चालाकी से फर्जी पतों और नामों का इस्तेमाल किया था ताकि माल सीधे अपने गंतव्य तक सुरक्षित पहुंच जाए और किसी भी स्तर पर पुलिस या आबकारी विभाग को इसकी भनक तक न लग सके।

ऑडिटिंग मैनेजर की पैनी नजर और एक मामूली शक ने पलटी तस्करों की पूरी बाजी

तस्करों की यह शातिर योजना भले ही बहुत ही करीने से तैयार की गई थी, लेकिन एक जागरूक और कर्तव्यनिष्ठ इंसान की सूझबूझ ने उनके इस काले कारोबार पर पानी फेर दिया। उस कूरियर कंपनी के एक सतर्क ऑडिटिंग मैनेजर जब अपने नियमित कार्य के तहत कंपनी के रिकॉर्ड, पार्सल के वजन और उनके गंतव्यों की डिजिटल जांच कर रहे थे, तो उन्हें कुछ कागजातों और डिब्बों के वजन में विसंगति महसूस हुई। एलोवेरा जेल के जिन डिब्बों का वजन हल्का होना चाहिए था, वे अत्यधिक भारी थे और उनके पार्सल पर दी गई जानकारी भी थोड़ी संदिग्ध प्रतीत हो रही थी। मैनेजर के मन में उठे इसी मामूली से शक ने उन्हें आगे की छानबीन करने के लिए प्रेरित किया, जिसके बाद उन्होंने कंपनी के नियमों के तहत उन सील बंद डिब्बों की भौतिक जांच करने का जोखिम उठाया। जैसे ही कूरियर के उन संदेहास्पद बॉक्स के गत्तों को काटा गया, तो अंदर का नजारा देखकर वहां मौजूद हर शख्स की आंखें फटी की फटी रह गईं, क्योंकि एलोवेरा जेल के नाम पर अंदर महंगी अंग्रेजी शराब की बोतलें करीने से सजाकर पैक की गई थीं।

भारी मात्रा में अंग्रेजी शराब बरामद, पुलिस और आबकारी विभाग ने शुरू की ताबड़तोड़ छापेमारी

मैनेजर द्वारा तुरंत इस बात की सूचना स्थानीय पुलिस और आबकारी विभाग के उच्च अधिकारियों को दी गई, जिसके बाद प्रशासनिक अमले में हड़कंप मच गया और पुलिस की टीमें तुरंत मौके पर पहुंच गईं। पुलिस ने जब उन तमाम पार्सल बॉक्स की तलाशी ली, तो उसमें से विभिन्न ब्रांडों की अवैध अंग्रेजी शराब की सैकड़ों बोतलें बरामद हुईं, जिन्हें बिहार भेजने की पूरी तैयारी कर ली गई थी। शुरुआती जांच में यह बात सामने आई है कि यह शराब तस्करों का एक बड़ा सिंडिकेट था जो हरियाणा के विभिन्न इलाकों से सस्ती दरों पर शराब खरीदकर कूरियर और ट्रांसपोर्ट के जरिए उन राज्यों में सप्लाई करता था जहां शराब की बिक्री पर पूर्ण प्रतिबंध लगा हुआ है। पुलिस ने तुरंत सभी अवैध शराब के जखीरे को अपने कब्जे में ले लिया और कूरियर कंपनी के उन दस्तावेजों को खंगालना शुरू कर दिया जिनके आधार पर यह बुकिंग की गई थी। इस बड़ी सफलता के बाद आबकारी विभाग भी पूरी तरह से सतर्क हो गया है और सोनीपत तथा आसपास के तमाम कूरियर सेंटर्स पर कड़ी नजर रखी जा रही है ताकि भविष्य में इस तरह के अवैध हथकंडों को समय रहते रोका जा सके।

तस्करों की तलाश में जुटी पुलिस, आधुनिक तकनीक और पार्सल नेटवर्क पर कसा जा रहा शिकंजा

इस सनसनीखेज खुलासे के बाद सोनीपत पुलिस ने मामला दर्ज करके उन तमाम लोगों की तलाश तेज कर दी है जिन्होंने इस फर्जी पार्सल को बुक कराया था और इसके पीछे जुड़े मास्टरमाइंड कौन हैं। पुलिस अब सीसीटीवी फुटेज, मोबाइल कॉल डिटेल्स और कूरियर बुक करने वाले व्यक्तियों के पहचान पत्रों की गहनता से जांच कर रही है ताकि इस पूरे सिंडिकेट की जड़ों तक पहुंचा जा सके। तस्करों द्वारा कानून की आंखों में धूल झोंकने के लिए अपनाए जा रहे इन नए तरीकों ने सुरक्षा एजेंसियों को भी यह सोचने पर मजबूर कर दिया है कि उन्हें अब ट्रांसपोर्ट और कूरियर सेक्टर में सुरक्षा के कड़े मानकों को लागू करना होगा। इस पूरी घटना में जिस प्रकार एक ऑडिटिंग मैनेजर की सजगता ने एक बड़े अवैध कारोबार का पर्दाफाश किया है, उसकी हर तरफ सराहना की जा रही है और यह साबित होता है कि यदि समाज का हर नागरिक अपनी जिम्मेदारी को ईमानदारी से निभाए, तो अपराधियों के मंसूबे कभी कामयाब नहीं हो सकते। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही इस मामले में संलिप्त मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा और उनके खिलाफ सख्त से सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी ताकि भविष्य में कोई भी इस तरह की हिमाकत करने की हिम्मत न जुटा सके।