हिसार: अग्रोहा धाम में अग्रवाल समाज का सबसे बड़ा महाकुंभ

हिसार: अग्रोहा धाम में अग्रवाल समाज का सबसे बड़ा महाकुंभ

हरियाणा के हिसार जिले में स्थित ऐतिहासिक और पवित्र स्थल अग्रोहा धाम में रविवार को शरद पूर्णिमा के पावन अवसर पर अग्रवाल समाज के 43वें वार्षिक मेले का भव्य आयोजन किया गया। महाराजा अग्रसेन और कुलदेवी महालक्ष्मी की तपोभूमि अग्रोहा में आयोजित इस महाकुंभ में देशभर के कोने-कोने से लाखों श्रद्धालुओं का हुजूम उमड़ा। इस वर्ष के भव्य कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में हिमाचल प्रदेश के राज्यपाल कवींद्र गुप्ता ने शिरकत की, जबकि ध्वजारोहण की रस्म एस्सेल ग्रुप के चेयरमैन डॉ. सुभाष चंद्रा और अग्रोहा धाम के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष बजरंग गर्ग द्वारा संयुक्त रूप से संपन्न की गई। मेले में हरियाणा, पंजाब, राजस्थान, दिल्ली, उत्तर प्रदेश, बिहार और मध्य प्रदेश सहित कई राज्यों से पहुंचे वैश्य समाज के लोगों ने धार्मिक निष्ठा, सामाजिक एकजुटता और अपनी सांस्कृतिक विरासत का भव्य प्रदर्शन किया।

शक्ति सरोवर स्नान, भव्य कलश यात्रा और अलौकिक भजनों की गूंज से भक्तिमय हुआ अग्रोहा धाम

वार्षिक मेले का शुभारंभ तड़के 5:00 बजे पवित्र शक्ति सरोवर में महास्नान और मुख्य मंदिर परिसर में कुलदेवी महालक्ष्मी की मंगल आरती के साथ हुआ। सुबह 8:00 बजे ढोल-नगाड़ों और गाजे-बाजे की मधुर धुनों के बीच सैकड़ों महिलाओं द्वारा निकाली गई भव्य कलश यात्रा ने पूरे अग्रोहा धाम को अलौकिक रंग में रंग दिया। मुख्य मंच पर हरियाणा, पंजाब और राजस्थान के प्रसिद्ध लोक कलाकारों के साथ-साथ भजन सम्राट मासूम शर्मा और प्रसिद्ध गायिका अंजली द्विवेदी ने अपनी प्रस्तुतियों से ऐसा समां बांधा कि पंडाल में मौजूद श्रद्धालु घंटों झूमते रहे। विशाल महाप्रसाद भंडारे के लिए चार बड़े भव्य पंडाल बनाए गए थे, जहाँ सुबह 9 बजे से ही अनवरत लंगर सेवा चलती रही। इसके अलावा, मेले में लगाया गया विशाल 'ट्रेड फेयर' और सांस्कृतिक प्रदर्शनी भी आकर्षण का केंद्र बनी रही।

विकसित और आत्मनिर्भर भारत के निर्माण में युवाओं की भागीदारी पर राज्यपाल कवींद्र गुप्ता का बड़ा संबोधन

मेले को संबोधित करते हुए हिमाचल प्रदेश के राज्यपाल कवींद्र गुप्ता ने महाराजा अग्रसेन के एक रुपये और एक ईंट के महान समाजवाद और आपसी बंधुत्व के सिद्धांत को याद किया। उन्होंने कहा कि महाराजा अग्रसेन की दूरदर्शी सोच आज भी आधुनिक भारत के विकास और समरसता का मुख्य स्तंभ है। राज्यपाल ने वैश्य समाज के युवाओं का आह्वान किया कि वे आधुनिक तकनीक और इनोवेशन को अपनाते हुए अपनी सांस्कृतिक जड़ों से हमेशा जुड़े रहें। उन्होंने कहा कि भारत को एक विकसित, आत्मनिर्भर और समावेशी राष्ट्र बनाने में अग्रवाल समाज का योगदान हमेशा से ऐतिहासिक रहा है और व्यापार के साथ-साथ सामाजिक कल्याण, धर्मार्थ कार्यों तथा शिक्षा के क्षेत्र में इस समाज की भूमिका अनुकरणीय है।

दिग्गज हस्तियों की मौजूदगी और हरियाणा सरकार के कैबिनेट मंत्रियों का जमावड़ा

इस राष्ट्रीय मेले में न केवल धार्मिक बल्कि राजनीतिक और सामाजिक दिग्गजों का बड़ा समागम देखने को मिला। मंच पर हरियाणा सरकार के निकाय मंत्री विपुल गोयल और पंजाब सरकार के मंत्री वीरेंद्र गोयल विशेष रूप से मौजूद रहे। महाब्रह्मर्षि कुमार स्वामी जी के पावन सानिध्य में आयोजित इस महासम्मेलन में अग्रोहा विकास ट्रस्ट के राष्ट्रीय महासचिव गजानन गोयल सहित देश भर के प्रमुख वैश्य संगठनों के पदाधिकारी शामिल हुए। राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष बजरंग गर्ग ने सभी अतिथियों का स्वागत करते हुए कहा कि अग्रोहा धाम केवल अग्रवाल समाज का नहीं, बल्कि संपूर्ण मानव जाति की आस्था, भ्रातृत्व और करुणा का प्रतीक है।

सामाजिक समरसता, राष्ट्र निर्माण और भावी पीढ़ी के लिए प्रेरणा बना अग्रोहा का वार्षिक मेला

देर शाम तक चले इस विशाल मेले ने यह साबित कर दिया कि अग्रोहा धाम वैश्य समाज की एकता और सांस्कृतिक चेतना का सबसे बड़ा केंद्र है। मेले के दौरान समाज के मेधावी छात्रों, समाजसेवियों और उद्योगपतियों को भी सम्मानित किया गया। आयोजकों ने सभी सुरक्षा और प्रशासनिक व्यवस्थाओं को मुस्तैदी से संभाला, जिससे लाखों श्रद्धालुओं ने सुगमता से दर्शन और सरोवर स्नान का लाभ उठाया। अग्रोहा धाम से निकला यह संदेश न केवल अग्रवाल समाज की जड़ों को मजबूत करता है, बल्कि पूरे देश में भाईचारे, परोपकार और राष्ट्र निर्माण की नई लहर पैदा करता है।