IIT में जाने का सुनहरा मौका इस साल रिकॉर्ड 19,000 सीटों पर होगा एडमिशन, AI और साइबर सिक्योरिटी जैसे नए कोर्स की धूम
News India Live, Digital Desk: देश के प्रतिष्ठित भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थानों (IIT) में दाखिले का सपना देख रहे छात्रों के लिए बड़ी खुशखबरी है। वर्ष 2026 के शैक्षणिक सत्र के लिए देश के सभी 23 IIT में सीटों की संख्या बढ़कर लगभग 19,000 के पार पहुँचने की उम्मीद है। तकनीकी विकास और उद्योग की मांग को देखते हुए इस बार आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), डेटा साइंस और साइबर सिक्योरिटी जैसे आधुनिक कोर्सेज में सीटों का इजाफा किया गया है। जेईई एडवांस्ड (JEE Advanced) की परीक्षा के बाद होने वाली जोसा (JoSAA) काउंसलिंग के जरिए इन सीटों पर मेधावी छात्रों का चयन होगा।
सीटों का गणित: कहाँ कितनी बढ़ीं सीटें?
भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थानों ने इस साल अपनी क्षमता विस्तार पर विशेष जोर दिया है। आईआईटी खड़गपुर, आईआईटी बॉम्बे और आईआईटी दिल्ली जैसे पुराने संस्थानों के साथ-साथ आईआईटी पलक्कड़ और आईआईटी भिलाई जैसे नए संस्थानों में भी बुनियादी ढांचे के विकास के बाद सीटों में बढ़ोतरी की गई है।
कुल संस्थान: 23 IIT
अनुमानित सीटें: 18,663 से 19,000+
महिला कोटा (Supernumerary): छात्राओं के लिए इस बार भी विशेष अतिरिक्त सीटों का प्रावधान है, ताकि तकनीकी शिक्षा में लैंगिक समानता को बढ़ावा दिया जा सके।
जोसा (JoSAA) काउंसलिंग: जून के दूसरे हफ्ते से शुरू हो सकती है प्रक्रिया
जेईई एडवांस्ड 2026 की परीक्षा संपन्न होने और परिणाम घोषित होने के बाद जॉइंट सीट एलोकेशन अथॉरिटी (JoSAA) काउंसलिंग की प्रक्रिया शुरू करेगी। जानकारों के मुताबिक, जून के दूसरे सप्ताह से पंजीकरण और चॉइस फिलिंग का काम शुरू हो सकता है। काउंसलिंग कुल छह राउंड में आयोजित की जाएगी। छात्रों को सलाह दी गई है कि वे अपनी रैंक के अनुसार कॉलेजों और ब्रांचों की प्राथमिकता सूची अभी से तैयार कर लें, ताकि काउंसलिंग के समय कोई चूक न हो।
नए कोर्सेज पर जोर: भविष्य की जरूरतों को देख बदले नियम
इस बार कई IITs ने पारंपरिक इंजीनियरिंग ब्रांचों के अलावा इंटरडिसिप्लिनरी (Interdisciplinary) कोर्सेज शुरू किए हैं। इनमें डिजिटल हेल्थ, सस्टेनेबल एनर्जी और रोबोटिक्स जैसे विषय शामिल हैं। इन कोर्सेज की सीटें बढ़ने से उन छात्रों को फायदा होगा जो लीक से हटकर करियर बनाना चाहते हैं। साथ ही, कुछ संस्थानों ने डुअल डिग्री प्रोग्राम्स में भी सीटों की संख्या में 5-10% की वृद्धि की है।
छात्रों के लिए जरूरी टिप्स: इन बातों का रखें खास ख्याल
IIT में प्रवेश की दौड़ जितनी कठिन है, काउंसलिंग की प्रक्रिया उतनी ही जटिल। विशेषज्ञों ने छात्रों को कुछ महत्वपूर्ण सुझाव दिए हैं:
सीट मैट्रिक्स का अध्ययन: जोसा की वेबसाइट पर जारी होने वाले आधिकारिक सीट मैट्रिक्स को ध्यान से देखें।
कैटेगरी सर्टिफिकेट: ओबीसी-एनसीएल, ईडब्ल्यूएस और एससी/एसटी सर्टिफिकेट 1 अप्रैल 2026 के बाद का ही होना चाहिए।
लॉक करने से पहले जांचें: चॉइस लॉक करने से पहले अपनी पसंद के क्रम को बार-बार री-चेक करें, क्योंकि एक बार लॉक होने के बाद बदलाव संभव नहीं होगा।