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प्रमोटर ने खरीदे 1.5 लाख शेयर: 6600% से ज्यादा का रिटर्न देने वाले इस स्मॉलकैप स्टॉक में मचा भारी गदर

भारतीय शेयर बाजार में आज एक बेहद नामी और दिग्गज स्मॉलकैप कंपनी के स्टॉक में जबरदस्त हाई-वोल्टेज ड्रामा और भारी उतार-चढ़ाव देखने को मिला। हम बात कर रहे हैं जीआरएम ओवरसीज (GRM Overseas) की, जिसके शेयरों की शुरुआत आज के कारोबारी सत्र में बेहद शानदार और हरे निशान के साथ हुई थी, लेकिन ऊपरी स्तरों पर आई तेज मुनाफावसूली के दबाव में आकर अंततः स्टॉक लाल निशान पर बंद हुआ। इस शेयर में निवेशकों की धड़कनें उस वक्त तेजी से बढ़ गईं जब आज के कारोबार के दौरान इसने अपना नया 52-सप्ताह का सबसे निचला स्तर (52-Week Low) छू लिया। शेयर बाजार में यह बड़ी हलचल और उठापटक ठीक उस समय देखने को मिली है, जब कंपनी ने आधिकारिक तौर पर स्टॉक एक्सचेंजों को सूचित किया कि उसके मुख्य प्रमोटर ने खुले बाजार से भारी मात्रा में अतिरिक्त इक्विटी शेयर खरीदकर कंपनी में अपनी हिस्सेदारी को और ज्यादा मजबूत कर लिया है।

100 रुपये पर खुलकर सीधे लगा 52-वीक लो, जानिए आज के बाजार का पूरा हाल

बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) पर जीआरएम ओवरसीज का शेयर अपने पिछले बंद भाव 98.50 रुपये के मुकाबले आज बढ़त के साथ पूरे 100 रुपये के स्तर पर खुला था। शुरुआती कारोबार में ट्रेडिंग वॉल्यूम में आई जबरदस्त तेजी के चलते यह शेयर 4.31 प्रतिशत की धुआंधार बढ़त बनाकर 102.75 रुपये के उच्च स्तर तक जा पहुंचा। लेकिन इसके बाद बाजार का मूड बिगड़ा और ऊंचे स्तर पर निवेशकों द्वारा की गई भारी बिकवाली के कारण शेयर औंधे मुंह गिरकर 89.20 रुपये के सबसे निचले स्तर पर आ गया, जो कि इसका नया 52-वीक लो है। याद दिला दें कि इस शेयर का 52-सप्ताह का उच्चतम स्तर 185.55 रुपये रहा है। आज के कारोबार की समाप्ति पर कंपनी का शेयर 8.32 रुपये की गिरावट के साथ 90.30 रुपये पर बंद हुआ और इस गिरावट के बाद कंपनी का कुल मार्केट कैपिटलाइजेशन (Market Cap) 1,871.11 करोड़ रुपये दर्ज किया गया। हालांकि, लंबी अवधि के निवेशकों के लिए यह शेयर आज भी एक मल्टीबैगर है, जिसने पिछले 10 वर्षों में अपने शेयरधारकों को 6,689.47 प्रतिशत का छप्परफाड़ रिटर्न देकर मालामाल किया है।

प्रमोटर अतुल गर्ग ने खुले बाजार से उठाए 1.50 लाख शेयर, हिस्सेदारी में हुआ बड़ा इजाफा

कंपनी द्वारा स्टॉक एक्सचेंजों को साझा की गई आधिकारिक जानकारी के अनुसार, जीआरएम ओवरसीज के प्रमोटर अतुल गर्ग ने 8 जून, 2026 को खुले बाजार (Open Market) की ट्रेडिंग के माध्यम से कंपनी के पूरे 1.50 लाख नए इक्विटी शेयर खरीदे हैं, जिनमें प्रत्येक शेयर का अंकित मूल्य यानी फेस वैल्यू 2 रुपये है। इस नई खरीदारी से पहले प्रमोटर अतुल गर्ग और उनके सहयोगियों के पास कंपनी के कुल 12,96,14,445 शेयर मौजूद थे। लेकिन खुले बाजार से इस अतिरिक्त ब्लॉक डील और खरीदारी को अंजाम देने के बाद अब कंपनी में उनकी संयुक्त हिस्सेदारी का आंकड़ा शानदार तरीके से बढ़कर 12,97,64,445 शेयरों पर पहुंच चुका है। प्रमोटर द्वारा इस तरह अपनी ही कंपनी के शेयर खरीदना बाजार में भविष्य के लिए एक सकारात्मक संकेत माना जाता है।

चौथी तिमाही में बंपर मुनाफा: शुद्ध लाभ बढ़कर हुआ 74.34 करोड़ रुपये के पार

शेयर में आई इस अस्थाई गिरावट के बीच कंपनी के वित्तीय नतीजे बेहद शानदार और उत्साहित करने वाले रहे हैं। वित्त वर्ष 2026 की चौथी तिमाही के जारी समेकित वित्तीय परिणामों के मुताबिक, कंपनी का समेकित शुद्ध लाभ (Consolidated Net Profit) मजबूत बढ़त के साथ 74.34 करोड़ रुपये के स्तर पर पहुंच गया है, जो कि पिछले वित्त वर्ष 2025 में महज 61.24 करोड़ रुपये दर्ज था। मुनाफे के साथ-साथ कंपनी की कुल आय में भी 31.4 प्रतिशत की शानदार सालाना वृद्धि देखी गई है और यह वित्त वर्ष 2025 के 1,374.20 करोड़ रुपये की तुलना में बढ़कर अब सीधे 1,805.85 करोड़ रुपये पर पहुंच गई है। इसी तरह, कंपनी का परिचालन से मिलने वाला कुल राजस्व (Revenue from Operations) भी बीते वित्त वर्ष के 1,348.19 करोड़ रुपये के मुकाबले वित्त वर्ष 2026 में 1,769.20 करोड़ रुपये की उल्लेखनीय ऊंचाई पर पहुंच गया है।

फूड और एडिबल ऑयल सेक्टर ने मारी बाजी, कंपनी की कमाई में बना सबसे बड़ा सहारा

जीआरएम ओवरसीज के प्रबंधन के अनुसार, उनके मुख्य बिजनेस यानी खाद्य क्षेत्र (Food Sector) ने इस बार भी कंपनी के विकास में सबसे बड़ी और मुख्य भूमिका निभाई है। फूड वर्टिकल ने अकेले वित्त वर्ष 2026 में कुल 1,289.03 करोड़ रुपये का भारी-भरकम राजस्व उत्पन्न करके दिया है, जो पिछले वित्त वर्ष के 1,030.22 करोड़ रुपये के मुकाबले काफी ज्यादा है। इसके अलावा कंपनी के खाद्य तेल क्षेत्र (Edible Oil Sector) ने भी अपनी परफॉर्मेंस से सबको बेहद प्रभावित किया है। खाद्य तेल के कारोबार से होने वाला कुल राजस्व वित्त वर्ष 2025 के 303.15 करोड़ रुपये के मुकाबले एक बड़ी छलांग लगाते हुए वित्त वर्ष 2026 में सीधे 479.98 करोड़ रुपये के स्तर पर पहुंच गया है, जो कंपनी के लगातार विस्तार को दर्शाता है।

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