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March 18 2026 04:23 am

Chaitra Navratri 2026: कब है चैत्र नवरात्रि? नोट कर लें 9 दिनों की सटीक तिथियां और घटस्थापना का महामुहूर्त

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News India Live, Digital Desk: हिंदू धर्म में चैत्र नवरात्रि का विशेष आध्यात्मिक और धार्मिक महत्व है। इसी दिन से हिंदू नववर्ष (विक्रम संवत 2083) का आरंभ भी होता है। साल 2026 में चैत्र नवरात्रि का पावन पर्व 19 मार्च से शुरू हो रहा है। ज्योतिष गणना के अनुसार, इस बार मां दुर्गा का आगमन 'पालकी' पर हो रहा है, जो शुभता और भक्तों के कष्टों के निवारण का संकेत है। आइए जानते हैं कलश स्थापना का समय और मां के 9 स्वरूपों की पूजा का पूरा शेड्यूल।

घटस्थापना (कलश स्थापना) का शुभ मुहूर्त

नवरात्रि के पहले दिन कलश स्थापना के साथ ही नौ दिनों के व्रत का संकल्प लिया जाता है। 19 मार्च 2026 को घटस्थापना के लिए सर्वोत्तम मुहूर्त इस प्रकार हैं:

प्रातः काल मुहूर्त: सुबह 06:18 AM से 10:15 AM तक।

अभिजीत मुहूर्त (अति श्रेष्ठ): दोपहर 12:05 PM से 12:53 PM तक।

विशेष: इस दिन प्रतिपदा तिथि का समापन दोपहर में होगा, इसलिए सुबह का समय पूजन के लिए सबसे उत्तम है।

चैत्र नवरात्रि 2026: 9 दिनों का संपूर्ण कैलेंडर

इस बार नवरात्रि पूरे 9 दिनों की होगी, किसी भी तिथि का क्षय नहीं है:

19 मार्च (गुरुवार): मां शैलपुत्री पूजा (प्रतिपदा, कलश स्थापना)

20 मार्च (शुक्रवार): मां ब्रह्मचारिणी पूजा (द्वितीया)

21 मार्च (शनिवार): मां चंद्रघंटा पूजा (तृतीया)

22 मार्च (रविवार): मां कुष्मांडा पूजा (चतुर्थी)

23 मार्च (सोमवार): मां स्कंदमाता पूजा (पंचमी)

24 मार्च (मंगलवार): मां कात्यायनी पूजा (षष्ठी)

25 मार्च (बुधवार): मां कालरात्रि पूजा (सप्तमी)

26 मार्च (गुरुवार): मां महागौरी पूजा (अष्टमी, कन्या पूजन)

27 मार्च (शुक्रवार): मां सिद्धिदात्री पूजा (राम नवमी, नवरात्रि पारण)

इस नवरात्रि क्यों है खास?

साल 2026 की चैत्र नवरात्रि में कई वर्षों बाद 'गजकेसरी योग' और 'बुधादित्य योग' का संयोग बन रहा है। मान्यता है कि इन योगों में की गई मां दुर्गा की आराधना से आर्थिक तंगी दूर होती है और करियर में बड़ी सफलता मिलती है। विशेष रूप से राम नवमी के दिन पुष्य नक्षत्र का होना इस पर्व की शुभता में चार चांद लगा रहा है।