रूसी ड्रोन हमले से यूक्रेन के शॉपिंग सेंटर में भीषण तबाही, 16 की मौत और 130 घायल, राष्ट्रपति ने खाई बदला लेने की कसम
रूस और यूक्रेन के बीच चल रहा विनाशकारी युद्ध एक बेहद खतरनाक और खूनी मोड़ पर पहुंच चुका है। हाल ही में मध्य यूक्रेन के क्रिवी रीह (Kryvyi Rih) शहर में स्थित एक व्यस्त शॉपिंग सेंटर पर रूस ने ताबड़तोड़ कई घातक ड्रोन से भीषण हमला कर दिया। इस दर्दनाक और भयानक हमले में कम से कम 16 बेकसूर नागरिकों की मौत हो गई है, जबकि 130 से अधिक लोग गंभीर रूप से घायल बताए जा रहे हैं। घायलों में बड़ी संख्या में छोटे बच्चे और महिलाएं भी शामिल हैं। इस क्रूरतापूर्ण हवाई हमले के बाद पूरे यूक्रेन में गम और गुस्से का माहौल है। यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोडिमिर जेलेंस्की ने इस घटना को सरासर बर्बरता और आतंकवादी कृत्य करार देते हुए रूस को मुंहतोड़ जवाब देने की कसम खाई है। आइए जानते हैं इस दिल दहला देने वाली घटना की पूरी और विस्तृत रिपोर्ट।
राष्ट्रपति जेलेंस्की के गृह नगर पर हुआ सबसे बड़ा हमला
यह दिल दहला देने वाला हमला सीधे तौर पर यूक्रेनी राष्ट्रपति वोलोडिमिर जेलेंस्की के गृहनगर क्रिवी रीह को निशाना बनाकर किया गया। स्थानीय समयानुसार दोपहर के वक्त जब लोग अपने रोजमर्रा के कामों और खरीदारी में व्यस्त थे, तब अचानक रूसी ड्रोनों ने एक बड़े कमर्शियल शॉपिंग मॉल को तबाह कर दिया। चश्मदीदों के मुताबिक, हमला इतना अचानक और जबरदस्त था कि पलभर में पूरा इलाका धुएं के काले गुबार और चीख-पुकार से भर गया। क्षेत्रीय प्रशासन और आपातकालीन सेवाओं (Emergency Services) के मुताबिक, इस मलबे के नीचे अभी भी कई लोगों के दबे होने की आशंका है, जिसके कारण मरने वालों का आंकड़ा और भी बढ़ सकता है। घायलों में कई बच्चों की हालत बेहद नाजुक बनी हुई है, जिनका इलाज स्थानीय अस्पतालों के आईसीयू वार्ड में चल रहा है।
'डबल-टैप' रणनीति: राहत कर्मियों को निशाना बनाने की घिनौनी साजिश
इस हमले का सबसे डरावना पहलू यह रहा कि रूसी सेना ने कथित तौर पर 'डबल-टैप' (Double-tap) रणनीति का इस्तेमाल किया। यूक्रेनी अधिकारियों के अनुसार, जब पहले ड्रोन हमले के बाद राहत और बचाव दल (Rescuers and Medics) मौके पर पहुंचकर घायलों की मदद में जुटे थे, ठीक उसके आधे घंटे बाद एक दूसरा रूसी ड्रोन उसी जगह पर आ गिरा। इस दूसरी सुनियोजित स्ट्राइक का मुख्य उद्देश्य आपातकालीन कर्मियों और डॉक्टरों को निशाना बनाना था, ताकि जान-माल का नुकसान अधिक से अधिक हो सके। राष्ट्रपति जेलेंस्की ने सोशल मीडिया पर अपने कड़े बयान में इस घिनौनी हरकत की कड़ी निंदा करते हुए कहा कि जानबूझकर एम्बुलेंस कर्मियों और बचाव दल पर हमला करना इस बात का सबूत है कि रूस अब पूरी तरह से आतंकवादी तौर-तरीके अपना रहा है।
अंतरराष्ट्रीय जगत में आक्रोश और युद्ध के बढ़ते भयानक आयाम
यूक्रेन के शॉपिंग मॉल पर हुए इस घातक हमले के बाद पश्चिमी देशों और अंतरराष्ट्रीय संगठनों ने रूस के खिलाफ गहरी नाराजगी जताई है। संयुक्त राष्ट्र और यूरोपीय संघ के शीर्ष राजनयिकों ने इसे अंतरराष्ट्रीय मानवीय कानून का खुला उल्लंघन करार दिया है। पिछले कुछ हफ्तों से रूस ने यूक्रेन के विभिन्न शहरों, ऊर्जा संयंत्रों और रिहायशी इलाकों पर हवाई हमलों को और अधिक तेज कर दिया है। राजधानी कीव समेत कई अन्य प्रमुख शहरों में भी लगातार मिसाइल और ड्रोन बरसाए जा रहे हैं, जिससे आम नागरिकों का जीना मुहाल हो गया है। दूसरी तरफ, यूक्रेन की सेना भी जवाबी कार्रवाई करते हुए रूस के भीतर तेल रिफाइनरियों और सैन्य ठอดानों को निशाना बना रही है, जिससे यह युद्ध अब यूरोप के लिए एक अनवरत और विनाशकारी संकट बनता जा रहा है।
जेलेंस्की का कड़ा संदेश: "हम चुप नहीं बैठेंगे, निश्चित रूप से जवाब मिलेगा"
इस भीषण त्रासदी के बाद अपने राष्ट्र के नाम संबोधन में यूक्रेनी राष्ट्रपति वोलोडिमिर जेलेंस्की काफी आक्रामक नजर आए। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में ऐलान किया कि यूक्रेन अपने नागरिकों की शहादत को व्यर्थ नहीं जाने देगा और इस क्रूरता का कड़ा जवाब दिया जाएगा। जेलेंस्की ने दुनिया भर के अपने सहयोगियों और पश्चिमी देशों से अपील की है कि वे रूस पर कड़े प्रतिबंधों का शिकंजा कसें और यूक्रेन को आधुनिक एयर डिफेंस सिस्टम मुहैया कराएं ताकि इस प्रकार के आसमान से आने वाले कहर को रोका जा सके। बहरहाल, इस ताजा नरसंहार ने एक बार फिर यह साबित कर दिया है कि यह युद्ध थमने के बजाय दिन-प्रतिदिन और अधिक खूनी तथा भयानक रूप धारण करता जा रहा है, जिसका खामियाजा केवल और केवल बेकसूर नागरिकों को भुगतना पड़ रहा है।