ICC Match Referee : कौन हैं एंडी पाइक्रॉफ्ट? वो मैच रेफरी जिन्हें PCB हटाना चाहता है और जिनसे कभी भिड़ गए थे रवि शास्त्री

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News India Live, Digital Desk: ICC Match Referee : पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (PCB) ने हाल ही में जिम्बाब्वे के पूर्व क्रिकेटर और आईसीसी (ICC) के एलीट पैनल के मैच रेफरी एंडी पाइक्रॉफ्ट को अपनी घरेलू और अंतरराष्ट्रीय सीरीज से हटाने की मांग करके क्रिकेट जगत में हलचल मचा दी है। PCB का आरोप है कि पाइक्रॉफ्ट निष्पक्ष नहीं हैं और उनके फैसले अक्सर पाकिस्तान के खिलाफ जाते हैं।

लेकिन यह पहली बार नहीं है जब एंडी पाइक्रॉफ्ट किसी विवाद के केंद्र में आए हैं। उनका भारतीय क्रिकेट से भी एक दिलचस्प और यादगार नाता रहा है, जब मैदान पर उनकी टक्कर रवि शास्त्री और रोजर बिन्नी से हुई थी। आइए जानते हैं कौन हैं एंडी पाइक्रॉफ्ट और क्या है उनका पूरा विवाद।

कौन हैं एंडी पाइक्रॉफ्ट?

69 वर्षीय एंडी पाइक्रॉफ्ट जिम्बाब्वे के पूर्व अंतरराष्ट्रीय क्रिकेटर हैं। 1980 और 1990 के दशक में उन्होंने जिम्बाब्वे के लिए 20 टेस्ट और 36 वनडे मैच खेले। वह एक दाएं हाथ के बल्लेबाज थे। क्रिकेट से संन्यास लेने के बाद उन्होंने कोचिंग में हाथ आजमाया और फिर आईसीसी के मैच रेफरी बन गए। वह आईसीसी मैच रेफरी के एलीट पैनल का एक जाना-माना और अनुभवी चेहरा हैं। उनका काम मैदान पर अनुशासन बनाए रखना, खिलाड़ियों के आचरण पर नजर रखना और खेल के नियमों का पालन सुनिश्चित करना है।

PCB क्यों है पाइक्रॉफ्ट से नाराज?

पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड का मानना है कि एंडी पाइक्रॉफ्ट के कुछ हालिया फैसले, विशेष रूप से खिलाड़ियों पर आचार संहिता के उल्लंघन के लिए लगाए गए जुर्माने, पक्षपातपूर्ण थे। PCB ने आईसीसी से औपचारिक रूप से शिकायत की है कि उन्हें भविष्य में पाकिस्तान से जुड़े किसी भी मैच में नियुक्त न किया जाए। PCB का आरोप है कि पाइक्रॉफ्ट का रवैया पाकिस्तान टीम के प्रति सख्त और दूसरों के प्रति नरम रहता है, जिससे टीम के मनोबल पर असर पड़ता है।

जब मैदान पर भिड़े शास्त्री-बिन्नी और पाइक्रॉफ्ट

यह घटना 1983 के वर्ल्ड कप की है, जब भारत और जिम्बाब्वे के बीच एक मैच खेला जा रहा था। एंडी पाइक्रॉफ्ट उस मैच में जिम्बाब्वे के लिए बल्लेबाजी कर रहे थे और भारतीय टीम के मौजूदा अध्यक्ष रोजर बिन्नी गेंदबाजी।

मैच के दौरान बिन्नी की एक गेंद पाइक्रॉफ्ट के पैड पर लगी और भारतीय टीम ने जोरदार अपील की। अंपायर ने उंगली उठा दी, लेकिन पाइक्रॉफ्ट को लगा कि वह आउट नहीं हैं। वह क्रीज पर ही खड़े रहे और अंपायर के फैसले पर असहमति जताने लगे। यह देखकर उस समय टीम के युवा और जोशीले खिलाड़ी रवि शास्त्री स्लिप से दौड़ते हुए आए और पाइक्रॉफ्ट को पवेलियन वापस जाने का इशारा किया। दोनों के बीच मैदान पर तीखी बहस हुई।

रवि शास्त्री ने बाद में एक इंटरव्यू में इस घटना को याद करते हुए बताया था कि पाइक्रॉफ्ट क्रीज छोड़ ही नहीं रहे थे, तब उन्होंने जाकर कहा, "सुनो दोस्त, अंपायर ने उंगली उठा दी है, अब तुम यहां से जा रहे हो या नहीं?" इस घटना से पता चलता है कि पाइक्रॉफ्ट मैदान पर हमेशा से ही एक जुझारू चरित्र रहे हैं।

आज वही एंडी पाइक्रॉफ्ट एक मैच रेफरी के तौर पर मैदान पर अनुशासन का पाठ पढ़ाते हैं, लेकिन PCB के हालिया आरोपों ने उनके निष्पक्षता पर एक बड़ा सवालिया निशान लगा दिया है।