WhatsApp ने किया ब्लॉक तो महिला पहुँची सुप्रीम कोर्ट, जज बोले- जाकर Arattai डाउनलोड कर लो
सोचिए, एक सुबह आप उठें और आपका व्हाट्सएप चलना बंद हो जाए! आपके सारे ज़रूरी मैसेज, कॉन्टैक्ट्स सब कुछ अटक जाए। आप क्या करेंगे? ज़्यादा से ज़्यादा आप कंपनी को ईमेल करेंगे। लेकिन एक महिला डॉक्टर तो इस मामले को लेकर सीधे देश की सबसे बड़ी अदालत, सुप्रीम कोर्ट पहुँच गईं!
और वहाँ जो हुआ, उसने सबको हैरान कर दिया।
क्या है पूरा मामला?
हुआ यूँ कि एक महिला डॉक्टर का व्हाट्सएप अकाउंट 13 सितंबर को अचानक बंद कर दिया गया। जब उन्होंने व्हाट्सएप से कारण पूछा, तो उन्हें कोई सीधा जवाब नहीं मिला, बस यह कह दिया गया कि उनका अकाउंट आगे भी ब्लॉक ही रहेगा।
इस पर डॉक्टर साहिबा को लगा कि यह तो उनके अधिकारों का हनन है! उन्होंने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर कर दी और कहा कि उनका व्हाट्सएप अकाउंट तुरंत चालू करवाया जाए।
सुप्रीम कोर्ट ने दिया मज़ेदार जवाब
जब मामले की सुनवाई शुरू हुई, तो जस्टिस संदीप मेहता ने डॉक्टर के वकील से एक बहुत ही सीधा और तार्किक सवाल पूछा:
"व्हाट्सएप चलाना आपका मौलिक अधिकार (Fundamental Right) कैसे हो गया?"
जज ने आगे जो कहा, वह और भी दिलचस्प था। उन्होंने सुझाव देते हुए कहा, "व्हाट्सएप नहीं चल रहा तो क्या हुआ? कई दूसरे ऐप्स भी तो हैं। आप ‘Arattai’ ऐप इस्तेमाल कर लीजिए।"
तो आखिर ये ‘Arattai’ है क्या बला, जिसका ज़िक्र अब सुप्रीम कोर्ट में भी होने लगा है?
'अरट्टै' (Arattai) असल में भारत का अपना, एक ‘देसी व्हाट्सएप’ है।
- किसने बनाया?: इसे जोहो (Zoho) नाम की एक बड़ी भारतीय टेक कंपनी ने बनाया है।
- क्या-क्या कर सकते हैं?: इसमें भी व्हाट्सएप की तरह आप चैटिंग, ऑडियो-वीडियो कॉल, फोटो-वीडियो भेजना, वॉइस नोट्स भेजना... यानी सब कुछ कर सकते हैं।
- इतना पॉपुलर कैसे हुआ?: हाल ही में जब प्रधानमंत्री मोदी ने 'स्वदेशी' यानी भारत में बनी चीज़ों को अपनाने की अपील की, तो यह ऐप रॉकेट की तरह पॉपुलर हो गया। इसने तो कमाल ही कर दिया और भारत के एप्पल ऐप स्टोर पर व्हाट्सएप और सिग्नल जैसे ऐप्स को पछाड़कर नंबर 1 पर पहुँच गया!
तो अगली बार अगर आपका भी व्हाट्सएप नखरे दिखाए, तो आपको पता है कि देश की सबसे बड़ी अदालत ने क्या सुझाव दिया है!