Virender Sehwag's big Disclosure: इन खिलाड़ियों को आराम की नहीं, खेलने की है ज़्यादा ज़रूरत
News India Live, Digital Desk: Virender Sehwag's big Disclosure: क्रिकेट की दुनिया में "वर्कलोड मैनेजमेंट" एक ऐसा शब्द है जो आजकल खूब सुनने को मिलता है. इसका सीधा सा मतलब है खिलाड़ियों को कब और कितना आराम देना है, ताकि वो लंबे समय तक फिट रह सकें. इसी मुद्दे पर भारत के पूर्व तूफानी सलामी बल्लेबाज़ वीरेंद्र सहवाग ने अपनी बेबाक राय रखी है. सहवाग का मानना है कि ये जो आराम वाली बात है, वो बल्लेबाज़ों से ज़्यादा तेज़ गेंदबाज़ों के लिए ज़रूरी है.
एक बातचीत के दौरान सहवाग ने साफ़ कहा, “मुझे लगता है कि वर्कलोड गेंदबाज़ों के लिए ज़्यादा अहम है, खासकर तेज़ गेंदबाज़ों के लिए. बल्लेबाज़ों के लिए ये कोई बड़ी समस्या नहीं है.”उनकी बात में दम भी है, क्योंकि एक बल्लेबाज़ के मुकाबले एक तेज़ गेंदबाज़ को मैदान पर कहीं ज़्यादा ज़ोर लगाना पड़ता है.
ये चर्चा तब और तेज़ हो गई जब हाल ही में जसप्रीत बुमराह जैसे अहम गेंदबाज़ को कुछ मैचों में आराम दिया गया. सहवाग का कहना है कि अगर हम चाहते हैं कि हमारे तेज़ गेंदबाज़ लंबे समय तक खेलें और फिट रहें, तो उनका ध्यान रखना ही पड़ेगा.
उन्होंने आगे कहा, “भारत के लिए ये बहुत ज़रूरी है कि सभी तेज़ गेंदबाज़ फिट रहें. अगर एशिया कप या वर्ल्ड कप जैसे बड़े टूर्नामेंट में हमारे मुख्य गेंदबाज़ मौजूद रहेंगे, तो भारत के जीतने की उम्मीद भी ज़्यादा होगी.” वीरू की इस बात से शायद ही कोई असहमत होगा. आखिर, मैच जीतने के लिए सिर्फ़ अच्छी बल्लेबाज़ी ही नहीं, बल्कि धारदार गेंदबाज़ी की भी उतनी ही ज़रूरत होती है.
सहवाग ने अपनी बात से यह स्पष्ट कर दिया है कि टीम मैनेजमेंट को खिलाड़ियों की फिटनेस, खासकर गेंदबाज़ों की थकान पर बारीकी से नज़र रखनी चाहिए, ताकि बड़े मौकों पर टीम इंडिया अपनी पूरी ताक़त से मैदान में उतर सके.