BREAKING:
March 14 2026 12:46 am

सूर्य करेंगे वृश्चिक राशि में प्रवेश, जानें आपके जीवन में क्या होगा बदलाव

Post

News India Live, Digital Desk:  हिन्दू धर्म में सूर्य को ग्रहों का राजा माना जाता है और जब भी सूर्य एक राशि से दूसरी राशि में जाते हैं, तो उसे संक्रांति कहा जाता है। यह एक महत्वपूर्ण खगोलीय और ज्योतिषीय घटना होती है जिसका असर सभी राशियों पर पड़ता है। इस साल 16 नवंबर 2025 को सूर्य अपनी तुला राशि की यात्रा समाप्त करके अपने मित्र मंगल की वृश्चिक राशि में प्रवेश करेंगे। इसी दिन को वृश्चिक संक्रांति के नाम से जाना जाएगा।

यह परिवर्तन 16 नवंबर 2025, रविवार को दोपहर 01:45 बजे होगा। इस दिन पवित्र नदियों में स्नान, दान और सूर्य देव की पूजा का विशेष महत्व होता है।

क्यों खास है वृश्चिक संक्रांति?

जब सूर्य अपनी नीच राशि तुला से निकलकर मित्र राशि वृश्चिक में आते हैं, तो वे कमजोर स्थिति से बाहर आकर मजबूत हो जाते हैं। ज्योतिष में इस बदलाव को बहुत शुभ माना जाता है। यह समय आध्यात्मिक उन्नति, नई शुरुआत और सकारात्मक ऊर्जा का प्रतीक है। इस दौरान किए गए पूजा-पाठ और दान-पुण्य का फल कई गुना अधिक मिलता है।

वृश्चिक संक्रांति पर क्या करें? (पूजा विधि)

  • स्नान और सूर्य को अर्घ्य: इस दिन सुबह जल्दी उठकर किसी पवित्र नदी में स्नान करना बहुत शुभ माना जाता है। यदि यह संभव न हो तो घर पर ही पानी में गंगाजल मिलाकर स्नान कर सकते हैं। इसके बाद तांबे के लोटे में जल, लाल चंदन, रोली और लाल फूल डालकर सूर्य देव को अर्घ्य दें।
  • सूर्य देव की पूजा: सूर्य देव की धूप-दीप से आरती करें और उनके मंत्रों का जाप करें। पूजा में लाल रंग के फूलों का उपयोग करना चाहिए और गुड़ से बने हलवे का भोग लगाना शुभ होता है।
  • दान का महत्व: संक्रांति के दिन दान करने का विशेष महत्व है। अपनी क्षमता के अनुसार, जरूरतमंदों को अनाज, वस्त्र, गुड़ और तिल का दान करें। इस दिन गाय का दान महादान माना गया है।

श्राद्ध और पितृ तर्पण

वृश्चिक संक्रांति के दिन पितरों के लिए श्राद्ध और तर्पण करना भी अत्यंत महत्वपूर्ण माना गया है। ऐसा करने से पितरों को मुक्ति मिलती है और पितृ दोष से छुटकारा मिलता है।

सूर्य का यह राशि परिवर्तन व्यापारियों के लिए शुभ परिणाम ला सकता है, लेकिन साथ ही कुछ वस्तुओं की कीमतें बढ़ने और देशों के बीच तनाव की स्थिति भी बन सकती है। यह समय हमें अपने भीतर झांकने और सकारात्मक बदलाव लाने के लिए प्रेरित करता है।