एक बयान देकर बुरे फँसे Salesforce के CEO, दोस्त दुश्मन बने और दुश्मन ने दिया सहारा

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कभी-कभी एक छोटी सी बात भी इतना बड़ा बखेड़ा खड़ा कर देती है कि उसे संभालना मुश्किल हो जाता है। कुछ ऐसा ही हुआ दुनिया की सबसे बड़ी टेक कंपनियों में से एक, Salesforce के CEO मार्क बेनिऑफ के साथ। उन्होंने अपने ही शहर सैन फ्रांसिस्सो को लेकर एक ऐसी बात कह दी, जिससे राजनीति से लेकर बिज़नेस की दुनिया तक में भूचाल आ गया।

क्या थी वो बात, जिस पर मचा इतना बवाल?

कहानी शुरू हुई Salesforce के सालाना इवेंट 'ड्रीमफोर्स' से, जो सैन फ्रांसिस्को में हो रहा था। इस इवेंट से ठीक पहले, मार्क बेनिऑफ ने कह दिया कि शहर में पुलिस की बहुत कमी है, और अगर सुरक्षा के लिए नेशनल गार्ड (यानी सेना) को बुलाना पड़े, तो वह इसका स्वागत करेंगे।

बस, उनका इतना कहना ही था कि हंगामा खड़ा हो गया।

आपको बता दें कि कुछ समय पहले ही ट्रंप सरकार ने पोर्टलैंड और शिकागो जैसे शहरों में नेशनल गार्ड को भेजा था, जिसका जमकर विरोध हुआ था। इसलिए जैसे ही बेनिऑफ ने इसका समर्थन किया, लोग भड़क गए।

जब अपने ही हो गए ख़िलाफ़

बेनिऑफ के इस बयान की आग हर तरफ़ फैल गई:

  • नेताओं ने सुनाई खरी-खोटी: कैलिफ़ोर्निया के गवर्नर और सैन फ्रांसिस्को के बड़े नेताओं ने तुरंत प्रेस कॉन्फ्रेंस बुलाकर कहा, "हमें यहाँ किसी सेना की ज़रूरत नहीं है, हमारे शहर में अपराध कम हो रहा है।"
  • सबसे बड़ा झटका: बेनिऑफ के लिए सबसे बड़ा झटका तब लगा, जब उनके पुराने दोस्त और गूगल-एयरबीएनबी जैसी कंपनियों में पैसा लगाने वाले मशहूर निवेशक रॉन कॉनवे ने  Salesforce फाउंडेशन के बोर्ड से इस्तीफ़ा दे दिया। उन्होंने एक ईमेल में साफ़ लिखा, "अब हमारे सिद्धांत एक जैसे नहीं रहे।"

जब दुश्मनों ने बढ़ाया दोस्ती का हाथ

एक तरफ़ जहाँ डेमोक्रेटिक पार्टी से जुड़े लोग बेनिऑफ की आलोचना कर रहे थे (जिन्हें बेनिऑफ हमेशा से सपोर्ट करते आए हैं), वहीं दूसरी तरफ़ रिपब्लिकन पार्टी और ट्रंप के समर्थकों ने उन्हें सहारा दिया।

  • वेंचर कैपिटलिस्ट डेविड सैक्स, जो ट्रंप की कैंपेन का हिस्सा हैं और एलन मस्क के भी क़रीबी दोस्त हैं, उन्होंने बेनिऑफ को अपनी पार्टी में आने का न्योता दे दिया। उन्होंने X (ट्विटर) पर लिखा, "अगर डेमोक्रेट्स आपको नहीं चाहते, तो रिपब्लिकन पार्टी में आपका स्वागत है।"
  • एलन मस्क ने भी इस मौक़े पर सैन फ्रांसिस्सो को 'ड्रग जॉम्बी वाला शहर' कह डाला।
  • और तो और, ख़ुद डोनाल्ड ट्रंप ने भी कहा कि सैन फ्रांसिस्को के हालात बहुत ख़राब हैं और वहाँ नेशनल गार्ड भेजने की ज़रूरत पड़ सकती है।

अंत में माँगी माफ़ी

जब चारों तरफ़ से बवाल मच गया, तो मार्क बेनिऑफ को समझ आया कि उनसे बहुत बड़ी ग़लती हो गई है। उन्होंने X पर एक लंबा पोस्ट लिखकर अपने बयान के लिए माफ़ी माँगी।

उन्होंने लिखा, “सबकी बातें सुनने के बाद और एक सफल इवेंट के बाद, मुझे लगता है कि सैन फ्रांसिस्सो को सुरक्षित रखने के लिए नेशनल गार्ड की कोई ज़रूरत नहीं है। यह शहर और राज्य के नेताओं की ज़िम्मेदारी है। मैंने जो कहा, वह अपने इवेंट को लेकर ज़्यादा चिंता की वजह से था और इससे हुई परेशानी के लिए मैं माफ़ी माँगता हूँ।”