Char Dham Yatra 2026: चारधाम यात्रा के लिए टूटा रिकॉर्ड, 18 लाख से ज्यादा रजिस्ट्रेशन; केदारनाथ के लिए सबसे ज्यादा दीवानगी
देहरादून/ऋषिकेश: देवभूमि उत्तराखंड में विश्व प्रसिद्ध चारधाम यात्रा 2026 को लेकर श्रद्धालुओं का उत्साह सातवें आसमान पर है। आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, 15 अप्रैल की शाम तक पंजीकरण (Registration) का आंकड़ा 18 लाख को पार कर गया है। बाबा केदार के दर्शन के लिए सबसे ज्यादा होड़ मची है, जबकि बद्रीनाथ और अन्य धामों के लिए भी लंबी कतारें लगी हैं। प्रशासन के सामने अब सबसे बड़ी चुनौती हाल ही में हुई बर्फबारी और भारी भीड़ को नियंत्रित करने की है।
पंजीकरण का गणित: किस धाम के लिए कितने श्रद्धालु?
पर्यटन विभाग द्वारा जारी ताजा रिपोर्ट के मुताबिक, श्रद्धालुओं की पहली पसंद बाबा केदारनाथ बने हुए हैं। धामवार आंकड़ों पर एक नजर:
| धाम का नाम | कुल रजिस्ट्रेशन (15 अप्रैल तक) |
|---|---|
| केदारनाथ | 5.96 लाख |
| बद्रीनाथ | 5.10 लाख |
| गंगोत्री | 3.06 लाख |
| यमुनोत्री | 2.98 लाख |
| हेमकुंड साहिब | 16,250 |
बर्फबारी और प्रशासन की चुनौतियां
चारधाम यात्रा शुरू होने से ठीक पहले हिमालयी क्षेत्रों में हुई ताजा बर्फबारी ने स्थानीय प्रशासन की चिंताएं बढ़ा दी हैं। केदारनाथ और बद्रीनाथ के रास्तों से बर्फ हटाने का काम युद्धस्तर पर जारी है। अधिकारियों का कहना है कि यात्रियों की सुरक्षा सबसे ऊपर है, इसलिए मौसम की पल-पल की जानकारी के आधार पर ही यात्रियों को आगे बढ़ने की अनुमति दी जाएगी।
सावधान! यात्रा बुकिंग के नाम पर एक्टिव हुए 'साइबर ठग'
श्रद्धालुओं के भारी उत्साह के बीच साइबर अपराधियों ने भी जाल बिछाना शुरू कर दिया है। केंद्रीय गृह मंत्रालय की साइबर विंग (I4C) ने यात्रियों के लिए रेड अलर्ट जारी किया है।
हेलीकॉप्टर टिकट का झांसा: ठग फर्जी वेबसाइट्स बनाकर केदारनाथ के लिए सस्ते हेलीकॉप्टर टिकट और VIP दर्शन का लालच दे रहे हैं।
फर्जी वेबसाइट्स: स्कैमर्स बिल्कुल आधिकारिक सरकारी पोर्टल जैसी दिखने वाली नकली वेबसाइट्स का इस्तेमाल कर रहे हैं।
व्हाट्सऐप स्कैम: गूगल पर विज्ञापन चलाकर यात्रियों को व्हाट्सऐप ग्रुप में जोड़ा जाता है और बुकिंग के नाम पर उनसे मोटी रकम वसूल कर ली जाती है।
सरकारी सलाह: श्रद्धालु केवल आधिकारिक वेबसाइट registrationandtouristcare.uk.gov.in पर ही रजिस्ट्रेशन करें। किसी भी अनजान लिंक या सोशल मीडिया विज्ञापन पर भरोसा न करें।
मंदिर समितियों में छिड़ी रार: गैर-हिंदुओं के प्रवेश पर विवाद
इस साल यात्रा शुरू होने से पहले एक नया विवाद भी खड़ा हो गया है। केदारनाथ और बद्रीनाथ मंदिर समितियों में गैर-सनातनियों और गैर-हिंदुओं के प्रवेश को लेकर तीखी बहस छिड़ी हुई है। कुछ हिंदू संगठनों और मंदिर समितियों ने धामों की मर्यादा बनाए रखने के लिए सख्त नियमों की मांग की है, जिस पर प्रशासन नजर बनाए हुए है।