Rajasthan : बाड़मेर में टूटा दुखों का पहाड़, झोपड़ी में जिंदा जले 3 सगे भाई, गांव में छाया मातम

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News India Live, Digital Desk : राजस्थान के बाड़मेर जिले से एक ऐसी दिल दहला देने वाली खबर आई है, जिसे सुनकर किसी का भी कलेजा कांप जाए. यहां गुड़ामालानी उपखंड क्षेत्र के एक गांव में मंगलवार की देर रात एक गरीब परिवार पर दुखों का ऐसा पहाड़ टूटा कि घर के तीन चिराग एक साथ हमेशा के लिए बुझ गए. एक झोपड़ी में लगी भीषण आग में सो रहे तीन सगे भाइयों की दर्दनाक मौत हो गई.

क्या है यह पूरा दर्दनाक हादसा?

यह हृदय-विदारक घटना बाड़मेर के नगर गांव की है. यहां एक खेत में एक गरीब किसान का परिवार दो अलग-अलग झोपड़ियों में रहता था. मंगलवार की रात को जब सब कुछ शांत था, तो माता-पिता एक झोपड़ी में सो रहे थे, जबकि उनके तीन मासूम बेटे - राकेश (12 साल), विक्रम (10 साल), और भीमाराम (8 साल) - पास ही बनी दूसरी झोपड़ी में सो रहे थे.

देर रात, अचानक बच्चों की झोपड़ी में रहस्यमयी तरीके से आग लग गई. जब तक कोई कुछ समझ पाता, आग ने विकराल रूप ले लिया और पूरी झोपड़ी को अपनी चपेट में ले लिया. लपटों और धुएं को देखकर जब माता-पिता और आसपास के लोगों की नींद खुली, तो उनके पैरों तले जमीन खिसक गई.

नहीं बचा पाए अपने बच्चों को

लाचार माता-पिता और ग्रामीणों ने हिम्मत जुटाकर आग बुझाने की बहुत कोशिश की, लेकिन सूखी लकड़ी और घास-फूस से बनी झोपड़ी में आग इतनी तेजी से फैली कि उन्हें अपने बच्चों को बाहर निकालने का मौका ही नहीं मिला. जब तक आग पर काबू पाया गया, तब तक सब कुछ खत्म हो चुका था. तीनों मासूम भाई आग की भेंट चढ़ चुके थे.

इस घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय प्रशासन और पुलिस की टीमें मौके पर पहुंचीं. तीनों बच्चों के शवों को पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल ले जाया गया है. पुलिस अभी तक आग लगने के कारणों का पता नहीं लगा पाई है और मामले की जांच कर रही है.

एक ही झटके में अपने तीनों बेटों को खो देने वाले माता-पिता का रो-रोकर बुरा हाल है. इस खबर के बाद से पूरे गांव में मातम पसरा हुआ है और हर आंख नम है. इस घटना ने एक बार फिर गरीब परिवारों के असुरक्षित जीवन की कड़वी सच्चाई को सामने ला दिया है.