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April 30 2026 10:29 pm

बिहार में कुदरत का कहर आंधी-पानी और बिजली गिरने से कई मौतें, मौसम विभाग ने जारी किया भारी बारिश का अलर्ट

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News India Live, Digital Desk:  बिहार में मौसम के बदले मिजाज ने तबाही मचा दी है। पिछले 24 घंटों के दौरान राज्य के विभिन्न हिस्सों में आई भीषण आंधी, बारिश और आकाशीय बिजली (Thunderstorm & Lightning) गिरने से कई लोगों की जान चली गई है। लाइव हिंदुस्तान की ताजा रिपोर्ट के अनुसार, जान-माल का काफी नुकसान हुआ है और मौसम विभाग (IMD) ने आने वाले दिनों के लिए और भी डरावनी भविष्यवाणी की है।

प्रमुख अपडेट: जान-माल का नुकसान

हताहतों की संख्या: बिहार के अलग-अलग जिलों (विशेषकर उत्तर और मध्य बिहार) में बिजली गिरने से कई लोगों की मौत की पुष्टि हुई है। मृतकों में ज्यादातर वे लोग शामिल हैं जो खेतों में काम कर रहे थे या आंधी के दौरान पेड़ों के नीचे शरण लिए हुए थे।

फसलों की बर्बादी: तेज आंधी और ओलावृष्टि के कारण आम, लीची और मक्के की फसलों को भारी नुकसान पहुंचा है। कटाई के लिए तैयार फसलें खेतों में ही बर्बाद हो गई हैं।

बिजली और संचार बाधित: कई जिलों में पेड़ गिरने और बिजली के खंभे उखड़ने से आपूर्ति पूरी तरह ठप हो गई है।

मौसम विभाग (IMD) की चेतावनी: अभी खतरा टला नहीं

पटना मौसम विज्ञान केंद्र ने बिहार के अधिकांश जिलों के लिए येलो और ऑरेंज अलर्ट जारी किया है:

भारी बारिश की संभावना: अगले 48 से 72 घंटों में उत्तर बिहार और सीमावर्ती जिलों में भारी बारिश होने के आसार हैं।

वज्रपात का खतरा: मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि बारिश के साथ-साथ आकाशीय बिजली गिरने की प्रबल आशंका है। लोगों से अपील की गई है कि वे खराब मौसम में बाहर न निकलें।

हवा की रफ्तार: आंधी के दौरान हवा की गति 40 से 60 किमी प्रति घंटे तक रह सकती है।

प्रभावित क्षेत्र (Affected Areas)

रिपोर्ट के अनुसार, पूर्णिया, कटिहार, अररिया, किशनगंज, मधेपुरा, सहरसा, खगड़िया, और भागलपुर जैसे पूर्वी और उत्तर-पूर्वी जिलों में मौसम का सबसे ज्यादा असर देखा जा रहा है। राजधानी पटना और आसपास के इलाकों में भी बादल छाए हुए हैं और रुक-रुक कर बारिश हो रही है।

सरकार की ओर से राहत और निर्देश

मुआवजे का ऐलान: बिहार सरकार ने आपदा प्रबंधन विभाग को सक्रिय कर दिया है। वज्रपात से मरने वालों के परिजनों को नियत सरकारी सहायता (अनुग्रह राशि) देने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।

सुरक्षा गाइडलाइंस:

आसमान में बिजली चमकते समय पक्के मकानों में ही शरण लें।

खिड़की-दरवाजों से दूर रहें और बिजली के उपकरणों का इस्तेमाल न करें।

किसानों को सलाह दी गई है कि वे मौसम साफ होने तक खेतों में न जाएं।