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March 20 2026 11:55 am

LIC Scheme & EPFO Update: क्या 1 लाख जमा करने पर सच में हर महीने मिलेंगे ₹6500? LIC की वायरल स्कीम और EPFO पेंशन बढ़ोतरी की पूरी सच्चाई जानें

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आजकल बाजार में सुरक्षित और स्थिर रिटर्न वाले निवेश की मांग तेजी से बढ़ रही है। इसी बीच सोशल मीडिया और निवेशकों के बीच एक दावा आग की तरह फैल रहा है कि भारतीय जीवन बीमा निगम (LIC) की एक खास बचत योजना में महज ₹1,00,000 का निवेश करने पर हर महीने ₹6,500 की गारंटीड इनकम हो सकती है। वहीं दूसरी ओर, कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) के तहत मिलने वाली न्यूनतम पेंशन में भी भारी बढ़ोतरी की चर्चाएं जोरों पर हैं। वेतनभोगी कर्मचारियों, रिटायर हो चुके लोगों और मध्यम वर्गीय परिवारों के लिए ये दोनों ही खबरें बेहद अहम हैं। आइए अमर उजाला की इस खास रिपोर्ट में इन वायरल दावों की पड़ताल करते हैं और जानते हैं कि इन सरकारी योजनाओं का असली गणित आखिर है क्या।

क्या है LIC से हर महीने ₹6500 मिलने वाले दावे का सच?

एलआईसी देश की सबसे भरोसेमंद बीमा कंपनी है, जहां लोगों का पैसा और भविष्य दोनों पूरी तरह सुरक्षित रहते हैं। लेकिन जब बात महज ₹1 लाख जमा करके हर महीने ₹6,500 कमाने की आती है, तो आपको थोड़ा सावधान होने की जरूरत है। वित्तीय जानकारों और एलआईसी के नियमों के अनुसार, यह दावा पूरी तरह से आपकी निवेश अवधि, चुनी गई पॉलिसी के प्रकार और तय रिटर्न पर निर्भर करता है। असलियत में, एलआईसी की किसी भी पारंपरिक योजना में इतने छोटे निवेश पर इतनी बड़ी निश्चित मासिक आय मिलना व्यावहारिक रूप से संभव नहीं है। निवेशकों को हमारी सलाह है कि इंटरनेट पर वायरल हो रहे ऐसे लुभावने दावों पर आंख मूंदकर भरोसा करने के बजाय, सीधे एलआईसी ब्रांच जाएं या अपने एजेंट से मिलकर पॉलिसी के असली फायदों की सही जानकारी लें।

EPFO कर्मचारियों की बल्ले-बल्ले! ₹7500 हो सकती है न्यूनतम पेंशन

एलआईसी की चर्चाओं के साथ-साथ ईपीएफओ (EPFO) की पेंशन योजना (EPS) पर भी इन दिनों एक बड़ा अपडेट सामने आ रहा है। मीडिया रिपोर्ट्स की मानें तो लंबे समय से ईपीएस-95 (EPS-95) के तहत न्यूनतम पेंशन को बढ़ाने की मांग सरकार के पास लंबित है। फिलहाल प्राइवेट सेक्टर के कर्मचारियों को रिटायरमेंट के बाद न्यूनतम ₹1,000 की मासिक पेंशन मिलती है, जिसे बढ़ाकर सीधे ₹7,500 करने की पुरजोर चर्चा है। अगर सरकार इस प्रस्ताव को हरी झंडी दे देती है, तो उन लाखों बुजुर्गों और रिटायर्ड कर्मचारियों को एक बड़ी आर्थिक जीवनबूटी मिलेगी, जो अपनी रोजमर्रा की जरूरतों के लिए पूरी तरह से इसी पेंशन पर आश्रित हैं।

पेंशन का 36 महीने वाला नियम बदला, तो खाते में आएगा छप्पर फाड़ पैसा

कर्मचारी पेंशन योजना (EPS) प्राइवेट सेक्टर में काम करने वालों के लिए बुढ़ापे का सबसे बड़ा और मजबूत सहारा है। नौकरी के दौरान आपकी और कंपनी की तरफ से एक तय हिस्सा इस फंड में जाता है। अभी तक के नियमों के मुताबिक, आपकी पेंशन की कैलकुलेशन रिटायरमेंट से ठीक पहले के 36 महीनों की औसत सैलरी के आधार पर की जाती है। लेकिन अब खबर है कि सरकार इस नियम में एक बड़ा बदलाव करने पर विचार कर रही है। अगर यह संशोधन लागू हो जाता है, तो जिन कर्मचारियों का वेतन रिटायरमेंट से पहले काफी अधिक था, उनकी मासिक पेंशन में जबरदस्त उछाल देखने को मिल सकता है। नियम में हुआ यह छोटा सा बदलाव भी आपकी मंथली इनकम का पूरा दायरा बढ़ा सकता है।

किसे मिलेगा इसका सबसे ज्यादा फायदा और कैसे चेक करें अपना स्टेटस?

न्यूनतम पेंशन में बढ़ोतरी और कैलकुलेशन के नियमों में बदलाव का सीधा फायदा प्राइवेट सेक्टर के करोड़ों कर्मचारियों, मौजूदा पेंशनधारकों और ईपीएस-95 के दायरे में आने वाले भावी रिटायर होने वाले लोगों को मिलेगा। अगर आप भी अपनी पेंशन का मौजूदा स्टेटस या जमा राशि चेक करना चाहते हैं, तो यह काम मिनटों का है। आपको बस ईपीएफओ (EPFO) की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर 'पेंशनर पोर्टल' खोलना है। वहां अपना 12 अंकों का यूएएन (UAN) या पीपीओ (PPO) नंबर दर्ज करें और अपनी पेंशन से जुड़ी सारी ताजा जानकारी फ्री में अपनी स्क्रीन पर पाएं।

अस्वीकरण: यह समाचार इंटरनेट और मीडिया में मौजूद मौजूदा रिपोर्टों के आधार पर तैयार किया गया है। किसी भी योजना में निवेश या पेंशन नियमों में बदलाव की अंतिम पुष्टि के लिए हमेशा संबंधित विभाग की आधिकारिक वेबसाइट और घोषणाओं को ही आधार मानें।