शराब घोटाले में ईडी का बड़ा एक्शन! रांची दफ्तर पहुंचे कांग्रेस विधायक रामेश्वर उरांव, केंद्रीय एजेंसी के तीखे सवालों का कर रहे हैं सामना
झारखंड की सियासत और ब्यूरोक्रेसी से जुड़ी इस वक्त की सबसे बड़ी खबर राजधानी रांची से सामने आ रही है। राज्य के बहुचर्चित शराब घोटाला मामले (Liquor Scam Case) की जांच की आंच अब कांग्रेस के बड़े नेताओं तक पहुंच चुकी है। इसी कड़ी में कांग्रेस के वरिष्ठ विधायक और सूबे के पूर्व वित्त मंत्री रामेश्वर उरांव आज रांची स्थित प्रवर्तन निदेशालय (ED) के क्षेत्रीय कार्यालय पहुंचे हैं। ईडी की टीम उनसे इस पूरे कथित घोटाले के सिंडिकेट और मनी लॉन्ड्रिंग से जुड़े पहलुओं को लेकर गहन पूछताछ कर रही है, जिसके बाद से ही राजनीतिक गलियारों में हड़कंप मच गया है।
सुबह ही ईडी दफ्तर पहुंचे रामेश्वर उरांव, बढ़ाई गई सुरक्षा
मिली जानकारी के अनुसार, केंद्रीय जांच एजेंसी ईडी द्वारा जारी समन के बाद कांग्रेस विधायक रामेश्वर उरांव निर्धारित समय पर रांची के हिनू स्थित ईडी दफ्तर पहुंचे। उनके आगमन को देखते हुए ईडी कार्यालय के बाहर और आसपास के इलाकों में सुरक्षा के कड़े बंदोबस्त किए गए हैं। स्थानीय पुलिस के साथ-साथ केंद्रीय सुरक्षा बलों की तैनाती की गई है। रामेश्वर उरांव के दफ्तर के भीतर जाते ही अधिकारियों की एक विशेष टीम ने उनसे पूछताछ का सिलसिला शुरू कर दिया, जो पिछले कई घंटों से लगातार जारी है।
आखिर क्या है झारखंड का यह बहुचर्चित शराब घोटाला?
यह पूरा मामला झारखंड में नई उत्पाद नीति (Liquor Policy) के लागू होने के दौरान हुए करोड़ों रुपये के कथित राजस्व नुकसान और अवैध कमाई से जुड़ा हुआ है। ईडी का आरोप है कि इस नीति को तैयार करने और लागू कराने में बड़े पैमाने पर वित्तीय अनियमितताएं की गईं, जिसका फायदा कुछ खास सिंडिकेट और बिचौलियों को पहुंचाया गया। इस मामले में जांच एजेंसी पहले भी कई ठिकानों पर छापेमारी कर चुकी है और कुछ प्रमुख आरोपियों से मिली जानकारियों के आधार पर ही अब रामेश्वर उरांव को पूछताछ के दायरे में लिया गया है।
राजनीतिक बयानबाजी तेज, अगले कदम पर टिकी सबकी नजरें
झारखंड विधानसभा चुनाव के मुहाने पर खड़े राज्य में इस तरह की कार्रवाई ने राजनीतिक पारे को सातवें आसमान पर पहुंचा दिया है। सत्ताधारी गठबंधन जहां इसे विपक्ष को परेशान करने वाली केंद्रीय एजेंसियों का दुरुपयोग बता रहा है, वहीं विपक्षी दल बीजेपी सरकार पर भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगा रही है। बहरहाल, ईडी कार्यालय के भीतर रामेश्वर उरांव से हो रही इस पूछताछ से क्या नए तथ्य निकलकर सामने आते हैं और जांच एजेंसी का अगला कदम क्या होगा, इस पर पूरे प्रदेश की नजरें टिकी हुई हैं।