बंगाल में चुनाव से पहले रणक्षेत्र बना जगतदल भाजपा-टीएमसी में खूनी संघर्ष, थाने के बाहर बमबाजी और फायरिंग में CAPF जवान घायल
News India Live, Digital Desk: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के दूसरे चरण के मतदान से ठीक पहले उत्तर 24 परगना जिले का जगतदल और भाटपारा इलाका भीषण हिंसा की चपेट में आ गया है। रविवार देर रात भाजपा और टीएमसी कार्यकर्ताओं के बीच शुरू हुई झड़प ने देखते ही देखते हिंसक मोड़ ले लिया, जिसमें बमबाजी और फायरिंग की खबरें सामने आई हैं। इस हिंसा में भाजपा विधायक पवन सिंह के सुरक्षा घेरे में तैनात केंद्रीय अर्धसैनिक बल (CAPF) का एक जवान गोली लगने से घायल हो गया है, जिसे आनन-फानन में अस्पताल भर्ती कराया गया है।
पीएम मोदी की रैली से पहले मचा बवाल हैरानी की बात यह है कि यह हिंसा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की बैरकपुर में होने वाली विशाल जनसभा से कुछ ही घंटे पहले हुई। भाजपा का आरोप है कि जब उनके कार्यकर्ता प्रधानमंत्री के स्वागत के लिए बैनर और पोस्टर लगा रहे थे, तभी टीएमसी के 'गुंडों' ने उन पर हमला कर दिया। भाजपा प्रत्याशी अर्जुन सिंह के आवास के पास भी भारी पथराव और बमबाजी की गई। इलाके में तनाव इतना बढ़ गया कि स्थिति को नियंत्रित करने के लिए देर रात ही केंद्रीय बलों की अतिरिक्त टुकड़ियों को तैनात करना पड़ा।
पुलिस स्टेशन बना जंग का मैदान हिंसा की शुरुआत जगतदल के अतचला बागान इलाके से हुई। जब भाजपा प्रत्याशी राजेश कुमार और विधायक पवन सिंह अपने कार्यकर्ताओं के साथ शिकायत दर्ज कराने जगतदल पुलिस स्टेशन पहुंचे, तो वहां पहले से मौजूद टीएमसी समर्थकों के साथ उनकी तीखी नोकझोंक हुई। भाजपा का दावा है कि थाने के बाहर ही उन पर पथराव किया गया और बम फेंके गए। इसी अफरातफरी के दौरान चली गोली सीएपीएफ जवान योगेश शर्मा के पैर में लगी। पुलिस ने इस मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए एक टीएमसी पार्षद सहित चार लोगों को गिरफ्तार किया है।
आरोप-प्रत्यारोप का दौर जारी घटना के बाद राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। भाजपा नेता अर्जुन सिंह ने आरोप लगाया कि टीएमसी हार के डर से हिंसा का सहारा ले रही है और पुलिस मूकदर्शक बनी हुई है। वहीं, भाटपारा से टीएमसी प्रत्याशी अमित गुप्ता ने इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि भाजपा के लोगों ने ही पहले उनके कार्यकर्ताओं पर हमला किया और इलाके में शांति भंग करने की कोशिश की। चुनाव आयोग ने घटना का संज्ञान लेते हुए जिला प्रशासन से विस्तृत रिपोर्ट तलब की है।
इलाके में भारी पुलिस बल तैनात फिलहाल जगतदल और भाटपारा में स्थिति तनावपूर्ण लेकिन नियंत्रण में बनी हुई है। पुलिस और केंद्रीय बल लगातार फ्लैग मार्च कर रहे हैं। भाटपारा नगर पालिका के उपाध्यक्ष की तलाश में पुलिस जगह-जगह छापेमारी कर रही है। मतदान से पहले हुई इस हिंसा ने एक बार फिर बंगाल चुनाव में सुरक्षा व्यवस्था पर सवालिया निशान खड़े कर दिए हैं। प्रशासन ने उपद्रवियों को देखते ही सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।
हिंसा की मुख्य घटनाएं:
फायरिंग और बमबाजी: पुलिस स्टेशन और भाजपा नेताओं के आवास के पास जोरदार धमाके।
जवान घायल: सुरक्षा ड्यूटी पर तैनात CAPF जवान के पैर में लगी गोली।
गिरफ्तारियां: हिंसा फैलाने के आरोप में टीएमसी पार्षद समेत 4 हिरासत में।
EC की सख्ती: चुनाव आयोग ने मांगी रिपोर्ट, सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी की गई।