पटना में आसमान से बरसेगी आफत! अगले 2 घंटे में होगी मूसलाधार बारिश, IMD ने जारी किया अचानक हाई अलर्ट
बिहार की राजधानी पटना और इसके आस-पास के इलाकों में रहने वाले लोगों के लिए मौसम विभाग की तरफ से एक बेहद जरूरी और बड़ी चेतावनी सामने आई है। भीषण गर्मी और उमस से परेशान पटनावासियों को जहां एक तरफ इस बारिश से राहत मिलेगी, वहीं दूसरी तरफ जलजमाव की समस्या खड़ी होने की भी आशंका है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के स्थानीयMet केंद्र ने एक ताजा नाउकास्ट (Nowcast) जारी करते हुए अलर्ट किया है कि अगले 2 घंटों के भीतर पटना के शहरी और ग्रामीण इलाकों में तेज हवाओं और गरज-चमक के साथ भारी से बहुत भारी बारिश होने की प्रबल संभावना है।
काले बादलों से घिरा आसमान: इन इलाकों में वज्रपात का भी बड़ा खतरा
मौसम विभाग के अनुसार, बंगाल की खाड़ी से आ रही नम हवाओं और स्थानीय ट्रफ लाइन के सक्रिय होने की वजह से पटना के आसमान में गहरे काले बादलों का डेरा जमा हो गया है। मौसम वैज्ञानिकों ने चेतावनी दी है कि बारिश के साथ-साथ तेज आंधी और आकाशीय बिजली यानी वज्रपात (Lightning Strike) का भी बड़ा जोखिम बना हुआ है। आईएमडी ने लोगों से अपील की है कि अगले कुछ घंटों तक बहुत जरूरी काम न होने पर घरों से बाहर न निकलें और खराब मौसम के दौरान विशेष रूप से कंक्रीट की छतों, ऊंचे पेड़ों और बिजली के खंभों से दूरी बनाकर रखें।
निचले इलाकों में जलजमाव की आशंका, नगर निगम प्रशासन हुआ अलर्ट
स्थानीय आपदा प्रबंधन और नगरMet अधिकारियों का कहना है: "पटना में पिछले कुछ दिनों से रुक-रुक कर हो रही बारिश के बाद, इस 2 घंटे के नए मूसलाधार स्पेल से शहर के निचले हिस्सों जैसे कंकड़बाग, कड़कुआं, बोरिंग रोड, खजपुरा, मीठापुर और कर्नलगंज के कुछ पॉकेट्स में पानी भरने की समस्या आ सकती है। पटना नगर निगम (PMC) को ड्रेनेज पंपिंग स्टेशनों को पूरी क्षमता से चालू रखने के निर्देश दिए गए हैं ताकि जलजमाव की स्थिति से तुरंत निपटा जा सके।"
शहर के प्रमुख चौराहों और जलजमाव वाले संवेदनशील ट्रैफिक रूट्स पर स्थानीय पुलिस और राहत टीमों को अलर्ट मोड पर रखा गया है, ताकि वीकेंड पर निकलने वाले राहगीरों को किसी बड़ी परेशानी का सामना न करना पड़े।
टियर-2 और टियर-3 ग्रामीण अंचलों के किसानों के लिए जरूरी सलाह
पटना जिला प्रशासन और कृषि मौसम सेवा विभाग ने पटना के ग्रामीण ब्लॉक स्तर के क्षेत्रों जैसे बिहटा, दानापुर, मसौढ़ी, पालीगंज और फतुहा (Geographical Distribution) के किसानों के लिए भी एडवाइजरी जारी की है। किसानों को सलाह दी गई है कि इस भारी बारिश और वज्रपात की चेतावनी को देखते हुए वे फिलहाल खेतों में जाने से बचें और खुले आसमान के नीचे अपने मवेशियों को न बांधें। यह बारिश धान के बिचड़ों और खेतों के लिए फायदेमंद जरूर है, लेकिन तेज हवाओं और बिजली चमकने के दौरान सुरक्षा नियमों का पालन करना सबसे अनिवार्य है।