रफ्तार का कहर! तेज रफ्तार BMW ने वित्त मंत्रालय के डिप्टी सेक्रेटरी को कुचला, मौके पर ही मौत
नई दिल्ली: देश की राजधानी दिल्ली में रफ्तार के नशे ने एक और होनहार अफसर की जान ले ली. यह एक ऐसी दर्दनाक घटना है जो सड़क सुरक्षा पर बड़े सवाल खड़े करती है और दिखाती है कि कैसे कुछ अमीरजादों के लिए सड़कों पर दूसरों की जिंदगी की कोई कीमत नहीं है.
शनिवार की देर रात, साउथ दिल्ली के पॉश इलाके मोती बाग में एक बेकाबू BMW कार ने बाइक पर जा रहे वित्त मंत्रालय के डिप्टी सेक्रेटरी को ऐसी जोरदार टक्कर मारी कि उनकी मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई. हादसे में उनकी पत्नी गंभीर रूप से घायल हो गईं, जिनका अस्पताल में इलाज चल रहा है.
एक पल में उजड़ गया पूरा परिवार
जानकारी के मुताबिक, वित्त मंत्रालय में डिप्टी सेक्रेटरी के पद पर तैनात श्री नागेंद्र कुमार अपनी पत्नी के साथ बाइक पर घर लौट रहे थे. वे मोती बाग इलाके में रिंग रोड फ्लाइओवर पर थे, तभी पीछे से आ रही एक तेज रफ्तार BMW कार ने उनकी बाइक को रौंद डाला.
टक्कर इतनी भीषण थी कि नागेंद्र कुमार ने मौके पर ही दम तोड़ दिया. उनकी पत्नी गंभीर रूप से घायल होकर सड़क पर गिर पड़ीं. आसपास के लोगों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी.
नशे में धुत्त था BMW चलाने वाला?
सबसे चौंकाने वाली और गुस्से वाली बात यह है कि पुलिस ने मौके से BMW कार के ड्राइवर, जिसकी पहचान आलोक पाठक के रूप में हुई है, को गिरफ्तार कर लिया है. शुरुआती जांच में पता चला है कि घटना के वक्त ड्राइवर नशे में हो सकता है. पुलिस मेडिकल रिपोर्ट का इंतजार कर रही है, जिसके बाद ही स्थिति साफ हो पाएगी.
आलोक पाठक एक बिजनेसमैन बताया जा रहा है. उसकी लापरवाही और तेज रफ्तार ने आज एक परिवार को हमेशा के लिए उजाड़ दिया.
#WATCH | Delhi: A motorcycle-borne man died and his wife was injured after being hit by a BMW car in Dhaula Kuan area last night. Visuals from the spot this morning.
— ANI (@ANI) September 15, 2025
Police say that the vehicles were seized and the spot was examined by the crime team. FSL team also called at… pic.twitter.com/lHL1QWqcaC
फिर उठे सड़क सुरक्षा पर बड़े सवाल
यह पहली बार नहीं है जब दिल्ली की सड़कों पर किसी लग्जरी कार ने किसी बेकसूर की जान ली है. इस घटना ने एक बार फिर वही पुराने लेकिन गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं:
- क्या कानून का डर पूरी तरह खत्म हो चुका है?
- नशे में गाड़ी चलाने वालों के खिलाफ और कितने सख्त कानूनों की जरूरत है?
- इन अमीरजादों की रफ्तार पर लगाम कौन लगाएगा?
यह हादसा एक चेतावनी है. एक ऐसे होनहार अधिकारी की मौत, जो देश की सेवा कर रहा था, सिर्फ एक दुर्घटना नहीं, बल्कि हमारे सिस्टम की विफलता को दर्शाती है. अब देखना यह है कि इस मामले में कानून कितनी सख्ती से काम करता है ताकि नागेंद्र कुमार के परिवार को न्याय मिल सके.