पंजाब के बाद अब हरियाणा कांग्रेस में घमासान! प्रभारी के सामने भिड़े दिग्गज नेता
पंजाब कांग्रेस में मचे घमासान की आग अभी ठंडी भी नहीं हुई थी कि अब पड़ोसी राज्य हरियाणा कांग्रेस में भी अंदरूनी कलह का जिन्न बाहर आ गया है। आगामी चुनावों और सांगठनिक मजबूती को लेकर बुलाई गई बैठक में कांग्रेस के बड़े दिग्गजों के बीच की दूरियां और मतभेद खुलकर सामने आ गए। पार्टी प्रभारी की मौजूदगी में ही नेताओं के बीच जमकर 'वर्डवार' देखने को मिला।
प्रभारी के सामने ही हुड्डा और सुरजेवाला में 'वर्डवार'
बैठक के दौरान उस समय स्थिति तनावपूर्ण हो गई जब हरियाणा कांग्रेस के दो सबसे कद्दावर नेता—पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा और राष्ट्रीय महासचिव रणदीप सिंह सुरजेवाला—एक-दूसरे के सामने आ गए। पार्टी के प्रदेश प्रभारी की मौजूदगी में ही दोनों नेताओं के बीच तीखी बहस शुरू हो गई। गुटबाजी को दूर करने आई लीडरशिप के सामने ही दोनों गुटों के बीच जमकर शब्दों के तीर चले, जिसने आलाकमान की चिंताओं को और बढ़ा दिया है।
सैलजा का बड़ा तंज: 'एक-दूसरे को नमस्ते भी नहीं करते नेता'
इस पूरे घटनाक्रम और गुटबाजी पर कांग्रेस की वरिष्ठ नेता और पूर्व प्रदेश अध्यक्ष कुमारी सैलजा ने भी अपनी चुप्पी तोड़ी है। उन्होंने पार्टी के भीतर चल रही इस खींचतान पर गहरा कटाक्ष किया। सैलजा ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि स्थिति यह हो चुकी है कि पार्टी के बड़े नेता अब एक-दूसरे को सौहार्दपूर्ण तरीके से 'नमस्ते' तक करना गंवारा नहीं करते। उन्होंने साफ किया कि जब तक जमीनी स्तर पर एकजुटता नहीं होगी, तब तक संगठन को मजबूत करना एक बड़ी चुनौती बना रहेगा।
चुनावों से पहले कांग्रेस के लिए बड़ी मुसीबत
हरियाणा में राजनीतिक जमीन तलाश रही कांग्रेस के लिए यह गुटबाजी किसी बड़े झटके से कम नहीं है। एक तरफ जहां भाजपा को घेरने की रणनीति तैयार की जा रही है, वहीं दूसरी तरफ 'हुड्डा बनाम सुरजेवाला-सैलजा' की यह अंदरूनी जंग पार्टी की चुनावी संभावनाओं पर पानी फेर सकती है। अब देखना यह होगा कि दिल्ली दरबार (कांग्रेस आलाकमान) हरियाणा के इस अंदरूनी दंगल को शांत करने के लिए क्या कदम उठाता है।