हरियाणवी गायक दिलेर खरकिया की रेंज रोवर पर की थी ताबड़तोड़ फायरिंग
देश की आपराधिक दुनिया में आतंक का पर्याय बन चुके लॉरेंस बिश्नोई और रोहित गोदारा गिरोह से जुड़ी एक बहुत बड़ी और सनसनीखेज खबर सामने आ रही है, जिसने एक बार फिर से सेलिब्रिटीज और गैंगस्टर्स के बीच चल रहे खूनी खेल को उजागर कर दिया है। लॉरेंस बिश्नोई और रोहित गोदारा गैंग के लिए काम करने वाला एक कुख्यात शूटर और अपराधी पुलिस के साथ हुई एक रोमांचक मुठभेड़ यानी एनकाउंटर के दौरान गंभीर रूप से घायल हो गया है। इस अपराधी ने कुछ समय पहले मशहूर हरियाणवी गायक और कलाकार दिलेर खरकिया की लग्जरी रेंज रोवर कार को निशाना बनाते हुए उस पर ताबड़तोड़ फायरिंग की थी, जिसके बाद से ही पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां इसकी तलाश में दिन-रात एक कर रही थीं। इस सफल पुलिस कार्रवाई के बाद से पूरे आपराधिक सिंडिकेट में हड़कंप मच गया है और कानून-व्यवस्था की एजेंसियों ने यह साफ कर दिया है कि राज्य में गैंगस्टर्स की गुंडागर्दी और रंगदारी के खेल को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
क्या है हरियाणवी गायक दिलेर खरकिया की रेंज रोवर पर फायरिंग का पूरा मामला
यह पूरा मामला कुछ समय पहले का है जब हरियाणा और दिल्ली एनसीआर के संगीत जगत में अपनी आवाज से धूम मचाने वाले प्रसिद्ध हरियाणवी गायक दिलेर खरकिया को निशाना बनाया गया था। अपराधियों और गैंगस्टर्स का मुख्य मकसद कलाकारों, गायकों और बड़े व्यापारियों में अपना खौफ पैदा करके उनसे भारी-भरकम रंगदारी यानी फिरौती वसूलना होता है। उसी रणनीति के तहत लॉरेंस बिश्नोई और रोहित गोदारा गिरोह के इस शूटर ने गायक दिलेर खरकिया की लोकप्रिय रेंज रोवर गाड़ी पर सरेआम अंधाधुंध गोलियां बरसाई थीं। गनीमत यह रही कि इस जानलेवा हमले के दौरान किसी की जान नहीं गई, लेकिन इस दुस्साहसिक वारदात ने न केवल कला जगत को बल्कि पूरे राज्य की पुलिस प्रशासन को सकते में डाल दिया था। इस हमले की जिम्मेदारी रोहित गोदारा गैंग द्वारा सोशल मीडिया के माध्यम से ली गई थी, जिसके बाद से ही इस शूटर की गिरफ्तारी के लिए विशेष कार्य बल यानी एसटीएफ (STF) और स्थानीय पुलिस की कई टीमों को मैदान में उतार दिया गया था ताकि इस गिरोह के नेटवर्क को नेस्तनाबूद किया जा सके।
पुलिस और शूटर के बीच हुई भीषण मुठभेड़, जवाबी कार्रवाई में अपराधी घायल
पिछले कई दिनों से इस कुख्यात शूटर की गतिविधियों पर खुफिया एजेंसियों की पैनी नजर टिकी हुई थी। पुख्ता सूचना के आधार पर जब पुलिस ने एक सुनसान इलाके में उसे घेरकर आत्मसमर्पण करने के लिए कहा, तो उसने कानून के रखवालों पर ताबड़तोड़ फायरिंग शुरू कर दी। अपनी और आम नागरिकों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए पुलिस ने भी आत्मरक्षार्थ जवाबी कार्रवाई की, जिसमें यह शूटर पुलिस की गोली लगने से गंभीर रूप से घायल हो गया। मुठभेड़ स्थल से पुलिस ने भारी मात्रा में अवैध हथियार, कारतूस और अन्य संदिग्ध सामग्रियां भी बरामद की हैं। घायल अपराधी को तुरंत नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया है जहां उसका इलाज भारी पुलिस सुरक्षा के बीच चल रहा है। इस सफल एनकाउंटर को पुलिस विभाग की एक बड़ी कामयाबी के रूप में देखा जा रहा है, क्योंकि इस बदमाश के पकड़े जाने से गैंग के कई अन्य काले कारनामों और आगामी साजिशों का पर्दाफाश होने की पूरी संभावना है।
गैंगस्टर्स और सेलिब्रिटी टारगेटेड वार्स: पुलिस का कड़ा रुख और बदलती सुरक्षा व्यवस्था
हाल के वर्षों में देश भर में विशेषकर उत्तर भारत में गैंगस्टर्स द्वारा कलाकारों, गायकों, मॉडल्स और बिल्डर्स को निशाना बनाकर रंगदारी मांगने के मामलों में तेजी से बढ़ोतरी हुई है। लॉरेंस बिश्नोई और रोहित गोदारा जैसे कुख्यात अपराधी विदेश में बैठकर या जेलों के भीतर से अपने स्लीपर सेल और शार्पशूटरों के जरिए इस तरह के अपराधों को अंजाम देते रहे हैं। लेकिन इस बार जिस तरह से पुलिस ने त्वरित और आक्रामक कार्रवाई करते हुए इस शूटर को मुठभेड़ में धराशायी किया है, उससे यह साफ संदेश चला गया है कि कानून का हाथ बहुत लंबा होता है। इस घटना के बाद से संगीत जगत से जुड़े कलाकारों ने भी राहत की सांस ली है और पुलिस प्रशासन से अपनी सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक पुख्ता करने की मांग की है। सरकार और खुफिया विभाग अब इस बात पर भी मंथन कर रहे हैं कि कैसे इन अपराधियों के आर्थिक स्रोतों और सोशल मीडिया नेटवर्क पर पूरी तरह लगाम लगाई जाए, ताकि युवाओं को अपराध की इस अंधी और खतरनाक दुनिया में जाने से रोका जा सके।