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FIFA World Cup 2026: हैती को 4-2 से हराकर मोरक्को नॉकआउट में; अब 'राउंड ऑफ 32' में नीदरलैंड्स से होगी महाभिड़ंत

फीफा वर्ल्ड कप 2026 (FIFA World Cup 2026) के मंच पर फुटबॉल का असली रोमांच और ड्रामा देखने को मिल रहा है। बुधवार को खेले गए ग्रुप-सी के एक बेहद उतार-चढ़ाव भरे और सांसें रोक देने वाले मुकाबले में मोरक्को (Morocco) ने जुझारू खेल दिखा रही हैती (Haiti) की टीम को 4-2 से शिकस्त दे दी है। इस धमाकेदार जीत के साथ ही मोरक्को ने 'राउंड ऑफ 32' (नॉकआउट स्टेज) का टिकट शान से कटा लिया है।

हालांकि, इस बड़ी जीत के बावजूद मोरक्को की टीम ग्रुप-सी में शीर्ष स्थान हासिल करने से चूक गई। मोरक्को ने ग्रुप स्टेज का अंत दिग्गज ब्राजील के बराबर कुल 7 अंकों के साथ किया। ब्राजील ने अपने अंतिम ग्रुप मैच में स्कॉटलैंड को 3-0 से मात दी थी, जिसके कारण बेहतर गोल अंतर (Goal Difference) के आधार पर ब्राजील पहले स्थान पर रहा और मोरक्को को दूसरे पायदान से संतोष करना पड़ा। अब नॉकआउट स्टेज में मोरक्को का सामना ग्रुप-एफ की नंबर वन टीम से होगा, जहां फिलहाल नीदरलैंड्स (Netherlands) मजबूती से टॉप पर काबिज है।

पहले हाफ में हैती का धमाका; स्टार गोलकीपर यासीन बोनो भी हुए हैरान

टूर्नामेंट की रेस से पहले ही बाहर हो चुकी हैती की टीम ने इस मुकाबले में अपनी प्रतिष्ठा के लिए खेलते हुए इतिहास का सबसे यादगार प्रदर्शन किया। मैच की शुरुआत में हैती के आक्रामक और निडर खेल ने मोरक्को के डिफेंस को पूरी तरह से बैकफुट पर धकेल दिया। खेल के 10वें मिनट में ही हैती ने मैच का पहला गोल दागकर सबको चौंका दिया। जोसुए कैसिमिर ने बेहतरीन मूव बनाते हुए गेंद को संभाला और जीन-केविन डुवर्न की तरफ पास बढ़ाया। डुवर्न ने बिना गलती किए गेंद को पेनल्टी एरिया के भीतर क्रॉस किया, जहां मुस्तैद खड़े लेनी जोसेफ ने एक जादुई 'बैकहील शॉट' मारा। गेंद मोरक्को के स्टार गोलकीपर यासीन बोनो (Yassine Bounou) के शरीर से दुर्भाग्यपूर्ण तरीके से टकराती हुई सीधे नेट में चली गई और हैती ने 1-0 की बढ़त बना ली।

कप्तान अशरफ हकीमी ने संभाली कमान; पहले हाफ में चार गोल का रोमांच

शुरुआती झटके के बाद मोरक्को ने मैच पर अपना नियंत्रण बढ़ाया और लगातार आक्रमण किए, लेकिन हैती के अनुभवी गोलकीपर जॉनी प्लासिड दीवार बनकर खड़े रहे और कई शानदार बचाव किए। आखिरकार, हाफ-टाइम से ठीक 6 मिनट पहले मोरक्को का दबाव रंग लाया। बिलाल अल खानूस ने डी-एरिया के भीतर एक खतरनाक क्रॉस डाला, जिसे हैती के गोलकीपर प्लासिड केवल दूर ही धकेल सके। वहां खड़े मोरक्को के कप्तान अशरफ हकीमी (Achraf Hakimi) ने चीते जैसी फुर्ती दिखाते हुए रिबाउंड गेंद को गोल पोस्ट में डाल दिया और स्कोर 1-1 से बराबर कर दिया।

हैती ने भी तुरंत पलटवार किया। पहले हाफ के अंतिम पलों में जीन-केविन डुवर्न ने एक बार फिर असिस्ट करते हुए विल्सन इसिडोर को पास दिया, जिन्होंने बॉक्स के बाहर से एक बेहद शक्तिशाली और सनसनीखेज शॉट दागकर अपनी टीम को 2-0 से आगे कर दिया, जिससे मोरक्को के फैंस सन्न रह गए।

ब्रेक से ठीक पहले मोरक्को की वापसी और दूसरे हाफ का पलटवार

हैती के दूसरे गोल का जश्न अभी थमा भी नहीं था कि मोरक्को ने ब्रेक (हाफ-टाइम) से ठीक पहले मैच में दोबारा वापसी कर ली। सोफियान अमराबत ने राइट विंग पर दौड़ रहे कप्तान हकीमी को थ्रू-पास दिया। हकीमी के सटीक कट-बैक को इस्माइल सैबारी ने बेहद शांति के साथ गोल पोस्ट के कोने में धकेल दिया। सैबारी का इस वर्ल्ड कप के इतने ही मैचों में यह तीसरा गोल है, जो उनकी शानदार फॉर्म को दर्शाता है।

पहले हाफ के अंत तक स्कोर 2-2 की बराबरी पर था। लेकिन जैसे ही दूसरा हाफ शुरू हुआ, मोरक्को के लगातार और तीखे हमलों के सामने हैती का डिफेंस धीरे-धीरे बिखरने लगा। मैच के 78वें मिनट में मोरक्को को आखिरकार वह बढ़त मिल गई जिसका उसे इंतजार था। एक कॉर्नर किक को हैती के डिफेंडर ठीक से क्लियर नहीं कर पाए और गेंद सब्स्टीट्यूट खिलाड़ी सौफियान राहिमी के पैरों पर जा गिरी, जिन्होंने बिना कोई गलती किए करीब से गोल दागकर स्कोर 3-2 कर दिया।

स्टॉपेज टाइम का हाई-वोल्टेज ड्रामा और वीएआर (VAR) का अंतिम फैसला

मैच के इंजरी/स्टॉपेज टाइम में मोरक्को ने अपनी जीत पर अंतिम मुहर लगा दी, हालांकि यह गोल थोड़े विवाद और ड्रामे से भरपूर रहा। हैती के डिफेंडर यह सोचकर मैदान पर पूरी तरह रुक गए थे कि गेंद बाईलाइन (Byline) को पार करके बाहर जा चुकी है, लेकिन मोरक्को के राहिमी ने खेल जारी रखा और गेंद को गोल पोस्ट के सामने पास कर दिया, जहां खड़े 20 साल के युवा गेसिम यासीन ने खाली नेट में गेंद डालकर स्कोर 4-2 कर दिया।

हैती के खिलाड़ियों ने इस पर कड़ा विरोध दर्ज कराया, जिसके बाद रेफरी ने लंबे समय तक वीडियो असिस्टेंट रेफरी (VAR) की मदद ली। गहन रिव्यू के बाद अधिकारियों ने पुष्टि की कि गेंद पूरी तरह से खेल के दायरे के भीतर ही थी और उसे लाइन से बाहर नहीं माना जा सकता, जिसके चलते गोल को वैध घोषित कर दिया गया।

52 साल बाद वर्ल्ड कप में वापसी करने वाली हैती का सम्मानजनक सफर

इस हार के साथ ही पूरे 52 साल (पांच दशक) बाद फीफा वर्ल्ड कप के मुख्य ड्रा में जगह बनाने वाली हैती की टीम बिना कोई अंक हासिल किए ग्रुप स्टेज से बाहर हो गई है। भले ही हैती टूर्नामेंट में कोई मैच नहीं जीत सकी, लेकिन अफ्रीका की सबसे मजबूत और गत सेमीफाइनलिस्ट टीम मोरक्को को जिस तरह उन्होंने लोहे के चने चबाने पर मजबूर किया, उसकी दुनिया भर के फुटबॉल पंडित जमकर तारीफ कर रहे हैं। दूसरी ओर, मोरक्को अब पूरी लय और आत्मविश्वास के साथ नॉकआउट स्टेज (Round of 32) में प्रवेश कर चुका है, जहां दुनिया भर के फैंस को अब मोरक्को और नीदरलैंड्स के बीच एक ऐतिहासिक और कड़े मुकाबले की उम्मीद है।

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